Mumbai Congress का बीएमसी पर आरोपपत्र, भ्रष्टाचार और वित्तीय गड़बड़ियों का दावा

BMC corruption allegations: मुंबई कांग्रेस ने बीएमसी के खिलाफ आरोपपत्र जारी कर भ्रष्टाचार, प्रशासनिक विफलता और वित्तीय अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगाए हैं।
Varsha Gaikwad
प्रो वर्षा गायकवाड़ (सौ. सोशल मीडिया )
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Mumbai News In Hindi: कांग्रेस की मुंबई इकाई ने बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के कामकाज पर गंभीर सवाल उठाते हुए एक विस्तृत ‘आरोपपत्र’ जारी किया है। पार्टी ने बीएमसी पर व्यापक भ्रष्टाचार, प्रशासनिक अक्षमता और वित्तीय गड़बड़ियों के आरोप लगाए हैं।

मुंबई कांग्रेस की अध्यक्ष वर्षा गायकवाड़ ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि एशिया के सबसे बड़े नगर निकाय में पिछले तीन वर्षों से अधिक समय से कोई निर्वाचित जनप्रतिनिधि नहीं है, जिससे पारदर्शिता और जवाबदेही पूरी तरह खत्म हो गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान व्यवस्था में नागरिक प्रशासन जनता के प्रति जवाबदेह नहीं रह गया है।

आरोपपत्र में निर्माण कार्यों, टेंडर प्रक्रिया और सार्वजनिक धन के उपयोग में कथित अनियमितताओं का जिक्र किया गया है। कांग्रेस का दावा है कि कई अहम नागरिक विभाग बिना प्रभावी निगरानी के काम कर रहे हैं, जिसके चलते सार्वजनिक परियोजनाओं में देरी हो रही है और बुनियादी ढांचे की गुणवत्ता पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। इसका सीधा असर आम नागरिकों को झेलना पड़ रहा है।

बीएमसी को बताया ‘भ्रष्ट महायुति निगम’

वर्षा गायकवाड़ ने आरोप लगाया कि नगर प्रशासन कुछ चुनिंदा ठेकेदारों को अनुचित लाभ पहुंचा रहा है और जरूरी सेवाओं के लिए आवंटित बजट का सही तरीके से उपयोग नहीं किया जा रहा। कांग्रेस ने आरोपपत्र में कुल 13 प्रमुख बिंदुओं को शामिल करते हुए बीएमसी को ‘भ्रष्ट महायुति निगम’ करार दिया है।

इन बिंदुओं में खराब जल आपूर्ति, जर्जर सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था, बढ़ती यातायात समस्याएं और नागरिक सुविधाओं की बदहाल स्थिति को प्रमुखता से उठाया गया है। गायकवाड़ ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस आगामी बीएमसी चुनाव विकास, पारदर्शिता और जवाबदेही के मुद्दों पर लड़ेगी और मुंबईकरों के सामने एक वैकल्पिक मॉडल पेश करेगी।

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