राज्यसभा के लिए लॉबिंग तेज, शरद पवार के नाम पर सस्पेंस बरकरार, बीजेपी कोटे से चौंका सकते हैं ये नए चेहरे!
Rajya Sabha Election Maharashtra: महाराष्ट्र की 7 राज्यसभा सीटों के लिए लॉबिंग तेज। विनोद तावड़े और पार्थ पवार रेस में आगे। शरद पवार की उम्मीदवारी पर महाविकास आघाड़ी में सस्पेंस।
- Written By: प्रिया जैस
शरद पवार-विनोद तावड़े-पार्थ पवार (सौजन्य-सोशल मीडिया)
MVA vs Mahayuti Rajya Sabha: महाराष्ट्र की राज्यसभा की 7 सीटों के लिए लॉबिंग तेज हो गई है। महायुति में जहां बीजेपी कोटे से विनोद तावड़े, विनय सहस्त्रबुद्धे, रामदास आठवले, सुनील देवधर, धैर्यसील पाटिल के नामों की चर्चा है, तो वहीं शिंदे गुट से राहुल शेवाले और राकां (एपी) से पार्थ पवार के नाम शीर्ष पर चल रहा है। इधर महाविकास आघाड़ी में शरद पवार को फिर से राज्यसभा भेजने पर संस्पेंस बरकरार है।
चुनाव आयोग ने 37 राज्यसभा सीटों के लिए चुनाव की घोषणा की है। इस चुनाव के लिए 16 मार्च को वोटिंग होगी। महाराष्ट्र से अप्रैल 2026 में राकां (एसपी) पार्टी के प्रमुख शरद पवार, आरपीआई अध्यक्ष रामदास आठवले, कांग्रेस की रजनी पाटील, राकां (एसपी) की फौजिया खान, शिवसेना (ठाकरे गुट) प्रियंका चतुर्वेदी, भाजपा के धैर्यशील पाटील और भागवत कराड का कार्यकाल समाप्त हो रहा है।
महायुति का पलड़ा होगा भारी
इन सीटों के लिए महायुति और मविआ नेताओं में तीव्र दावेदारी शुरू हो चुकी है और लॉबिंग तेज हो गई है। संख्या बल के हिसाब से महायुति के 6 उम्मीदवारों का चुना जाना तय है। जबकि मविआ को केवल एक ही सीट मिल पाएगी। एनडीए गठबंधन के साथ होने के कारण बीजेपी कोटे से रामदास आठवले को फिर राज्यसभा भेजा सकता है।
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इसी तरह धैर्यशील पाटिल को फिर एक बार मौका मिलने की संभावना है। क्योंकि उन्हें उपचुनाव में राज्यसभा भेजा गया था। शिंदे गुट से पूर्व सांसद राहुल शेवाले और राकां (एपी) से पार्थ पवार का नाम सामने आ रहा है।
अक्सर देखा गया है कि बीजेपी किसी नेता को राज्यसभा में दूसरा मौका नहीं देती। इसलिए भागवत कराड के नाम पर संस्पेंस बरकरार है। भाजपा की एक सीट बढ़ सकती है, इसलिए इस सीट के प्रबल दावेदारों में विनोद तावड़े, विनय सहस्त्रबुद्धे और सुनील देवधर का नाम आगे चल रहा है।
मविआ में शरद पवार पर संस्पेंस
संख्या बल को देखते हुए महाविकास आघाड़ी को बड़ा नुकसान होगा। उसे तीन सीटों का नुकसान उठाना होगा। आघाड़ी सिर्फ एक सीट पर ही चुनाव जीत सकती है। देखना दिलचस्प होगा कि आघाड़ी की शिवसेना (ठाकरे गुट), कांग्रेस और एनसीपी (एसपी) एक साथ आकर राज्यसभा में किसे मौका देती हैं। शरद पवार के नाम की चर्चा है, लेकिन तीनों दलों में अभी सहमति नहीं बन पाई है।
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कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव सचिन पायलट ने साफ किया है कि अभी हमारी पार्टी में इस मुद्दे पर बातचीत नहीं हुई है। पार्टी स्तर पर बातचीत करके निर्णय लिया जाएगा, ठाकरे गुट ने भी अभी अपने पत्ते नहीं खोले हैं, राकां से शरद पवार व फौजिया खान, ठाकरे गुट की प्रियंका चतुर्वेदी और कांग्रेस की रजनी पाटिल का कार्यकल खत्म हो रहा है।
राज्यसभा में बढे़गी बीजेपी की ताकत
वर्तमान में महाराष्ट्र की 19 राज्यसभा सीटों में से महायुति के 12 सांसद हैं। जबकि मविआ के 7 सांसद हैं। अप्रैल 2026 के बाद ये आंकड़े बदल जाएंगे। बीजेपी को 7 में से 4, राकां (एपी) और शिंदे गुट को एक-एक सीटें मिलती हैं तो राज्यसभा में महायुति की ताकत बढ़ जाएगी। एक उम्मीदवार को चुनाव जीतने के लिए 37.5 यानी 38 विधायकों के वोट को जरूरत होगी।
