- Hindi News »
- Maharashtra »
- Mumbai »
- Lenskart Controversy Dress Code Hijab Allowed Bindi Tilak Banned
Lenskart Controversy: ‘हिजाब तो ठीक है लेकिन बिंदी, तिलक, कलावा नहीं’, लेंसकार्ट के ड्रेस कोड पर भड़के लोग
- Written By: अनिल सिंह
Boycott Lenskart News: लेंसकार्ट के ड्रेस कोड में हिजाब की अनुमति, पर बिंदी-तिलक पर बैन। अशोक पंडित ने लेंसकार्ट के बायकॉट की अपील की। सोशल मीडिया पर छिड़ा संग्राम।

Lenskart Style Guide Controversy (फोटो क्रेडिट-X)
Lenskart Style Guide Controversy: चश्मा और आईवियर क्षेत्र की दिग्गज कंपनी लेंसकार्ट (Lenskart) इस समय एक बड़े सोशल मीडिया विवाद के केंद्र में है। विवाद की जड़ कंपनी द्वारा कर्मचारियों के लिए जारी किया गया एक कथित ‘स्टाइल गाइड’ (ड्रेस कोड) है, जिसके स्क्रीनशॉट इंटरनेट पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। इस गाइडलाइन में धार्मिक प्रतीकों को लेकर अपनाए गए दोहरे मानदंडों ने लोगों को आक्रोशित कर दिया है। फिल्म निर्माता अशोक पंडित और लेखिका शेफाली वैद्य सहित कई प्रमुख हस्तियों ने कंपनी पर हिंदू भावनाओं के प्रति असंवेदनशील होने का आरोप लगाते हुए जनता से लेंसकार्ट के उत्पादों के बहिष्कार (Boycott) की अपील की है।
विवाद तब शुरू हुआ जब कथित स्टाइल गाइड का 11वां पन्ना सार्वजनिक हुआ। इसमें ग्रूमिंग और यूनिफॉर्म से जुड़े नियमों का विस्तृत विवरण दिया गया है। वायरल स्क्रीनशॉट के अनुसार, कंपनी अपने कर्मचारियों को हिजाब और पगड़ी पहनने की अनुमति तो देती है (बशर्ते वे काले रंग के हों), लेकिन हिंदू धर्म में पवित्र माने जाने वाले धार्मिक तिलक, टीका, बिंदी, कलावा और सिंदूर पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाती है। इस नीति को लेकर सोशल मीडिया पर ‘कॉर्पोरेट जिहाद’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया जा रहा है और कंपनी के संस्थापक पीयूष बंसल से स्पष्टीकरण मांगा जा रहा है।
भेदभावपूर्ण ड्रेस कोड और ग्रूमिंग नियम
लेंसकार्ट कंपनी के स्टाइल गाइड के अनुसार, यदि कोई कर्मचारी हिजाब पहनता है, तो उसे मध्यम चेस्ट कवरेज वाला और काले रंग का होना चाहिए ताकि कंपनी का लोगो न ढके। सिखों के लिए भी केवल काली पगड़ी अनिवार्य की गई है। हालांकि, विवाद तब बढ़ गया जब उसी पन्ने पर स्पष्ट रूप से लिखा गया कि किसी भी तरह का धार्मिक तिलक, बिंदी या स्टिकर लगाने की इजाजत नहीं है। यहाँ तक कि मेहंदी लगाने पर भी कड़ी पाबंदी है और विशेष अवसरों पर मैनेजमेंट की मंजूरी के बाद ही इसे सीमित समय के लिए लगाने की अनुमति दी गई है।
सम्बंधित ख़बरें
कर्जमाफी में शर्तों का जाल! रोहित पवार का पंढरपुर में आमरण अनशन, वडेट्टीवार बोले- यह फर्जी योजना
महाराष्ट्र में धर्मांतरण करवाकर मुस्लिम आबादी बढ़ाने का AIMIM का प्लान! इम्तियाज जलील पर बरसे संजय निरूपम
मीरा रोड में दरिंदगी की शिकार मासूम का परिवार धमकियों से परेशान होकर पलायन को मजबूर, अपराधी अब भी फरार
जावेद जाफरी की पत्नी के साथ 16.24 करोड़ की धोखाधड़ी, BMC अधिकारी को किया गया सस्पेंड
ये भी पढ़ें- कौन है रिदम पंचाल उर्फ मोंटी? 60 से ज्यादा शिकायतें, जिम ट्रेनर से काला जादू मास्टर बनने तक की पूरी कहानी
अशोक पंडित और शेफाली वैद्य का तीखा हमला
सामाजिक कार्यकर्ता अशोक पंडित ने इंस्टाग्राम और अन्य प्लेटफार्मों पर कंपनी की इस नीति की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने सवाल उठाया कि एक ऐसी कंपनी जो भारत जैसे हिंदू-बहुल देश में फल-फूल रही है और जिसके अधिकांश ग्राहक और कर्मचारी हिंदू हैं, वह हिंदू प्रतीकों पर इस तरह की पाबंदी कैसे लगा सकती है? लेखिका शेफाली वैद्य ने भी पुष्टि करते हुए कहा कि कंपनी के अंदरूनी नियम धार्मिक पहचान के मामले में अलग-अलग दृष्टिकोण रखते हैं, जो कि कार्यस्थल पर समानता के सिद्धांतों के खिलाफ है।
सोशल मीडिया पर बायकॉट और आक्रोश
इस खुलासे के बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने लेंसकार्ट के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। कई लोगों का कहना है कि कॉर्पोरेट क्षेत्र में ग्रूमिंग के नाम पर सांस्कृतिक पहचान को मिटाया जा रहा है। यूजर्स ने तर्क दिया कि यदि हिजाब और पगड़ी कार्यस्थल की पेशेवरता में बाधा नहीं हैं, तो बिंदी और कलावा पर प्रतिबंध क्यों? इस विवाद के कारण प्ले स्टोर पर लेंसकार्ट ऐप की रेटिंग गिराने और ऑर्डर्स कैंसिल करने की मुहिम भी शुरू हो गई है। अब देखना यह होगा कि कंपनी इस बढ़ते विवाद पर क्या आधिकारिक रुख अपनाती है।
Lenskart controversy dress code hijab allowed bindi tilak banned
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
एयरपोर्ट की तरह हाइटेक होंगे भारत के लैंड पोर्ट्स, अमित शाह आज लॉन्च करेंगे लैंड पोर्ट मैनेजमेंट सिस्टम
Jun 09, 2026 | 09:01 AMगर्मी से बेहाल नागपुर, मौसम विभाग ने जारी किया बारिश का संकेत; 10 जून से राहत संभव
Jun 09, 2026 | 08:56 AMकर्जमाफी में शर्तों का जाल! रोहित पवार का पंढरपुर में आमरण अनशन, वडेट्टीवार बोले- यह फर्जी योजना
Jun 09, 2026 | 08:46 AMयवतमाल: विधान परिषद चुनाव पर कांग्रेस का हमला, सचिन नाईक बोले- लोकतांत्रिक मूल्यों का हुआ हनन
Jun 09, 2026 | 08:43 AMटेनिस कोर्ट की चैंपियन से देश की सबसे धाकड़ IPS बनने का सफर, किरण बेदी के जीवन का वो सच जो कोई नहीं जानता
Jun 09, 2026 | 08:39 AMiPhone यूजर्स की टेंशन खत्म, iOS 27 अपडेट हुआ लॉन्च, जानिए आपका iPhone लिस्ट में है या नहीं
Jun 09, 2026 | 08:36 AMMalaika Arora Fitness: महंगे सप्लीमेंट्स नहीं, अच्छी नींद और घर का खाना है मलाइका अरोड़ा की फिटनेस का राज
Jun 09, 2026 | 08:28 AMवीडियो गैलरी

वाराणसी में मांस-मछली बेचने वालों पर नगर निगम ने चलाया हंटर, सभी दुकानों पर लगा ताला, देखें VIDEO
Jun 08, 2026 | 10:51 PM
TMC टूटेगी या बचेगी? दो-तिहाई बहुमत का वो आंकड़ा…जो तय करेगा कि तृणमूल कांग्रेस का वजूद- VIDEO
Jun 08, 2026 | 10:48 PM
इतिहास रचने को तैयार एलन मस्क, 1 ट्रिलियन डॉलर की नेटवर्थ का पूरा सच उड़ा देगा आपके होश, देखें VIDEO
Jun 08, 2026 | 10:40 PM
हरिद्वार में ‘बिरयानी’ पर भारी बवाल, सड़कों पर उतरे साधु-संतों ने दी चेतावनी, VIDEO वायरल
Jun 08, 2026 | 10:20 PM
MP की तीसरी राज्यसभा सीट पर मचा सियासी संग्राम! BJP ने जीत का किया दावा, टूटेंगे कांग्रेस के विधायक? VIDEO
Jun 08, 2026 | 09:43 PM
Gold Crash: जंग के बावजूद क्यों सस्ता हो रहा सोना-चांदी? जानिए असली वजह! VIDEO
Jun 08, 2026 | 07:05 PM













