‘संकट में संकटमोचक’, ऑपरेशन ब्लू स्टार पर बयान, गिरीश महाजन पर भड़का BJP का आलाकमान
Girish Mahajan Operation Blue Star Statement BJP Angry: गिरीश महाजन के ऑपरेशन ब्लू स्टार पर दिए विवादित बयान से भाजपा केंद्रीय आलाकमान नाराज, पार्टी ने बताया निजी राय।
- Written By: अनिल सिंह
BJP Angry on Girish Mahajan: भारतीय इतिहास की सबसे संवेदनशील सैन्य कार्रवाइयों में से एक ‘ऑपरेशन ब्लू स्टार’ को लेकर दिए गए एक बयान ने देश की राजनीति और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के भीतर एक बड़ा भूचाल ला दिया है। अमृतसर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान महाराष्ट्र के संकटमोचक कहे जाने वाले वरिष्ठ भाजपा नेता और कैबिनेट मंत्री गिरीश महाजन द्वारा दिए गए बयानों ने एक नया राष्ट्रीय विवाद खड़ा कर दिया है।
सूत्रों के अनुसार, भाजपा के केंद्रीय आलाकमान ने इस पूरे मामले का तत्काल और बेहद गंभीरता से संज्ञान लिया है। पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने महाजन के इस बयान से खुद को पूरी तरह अलग करते हुए उन पर अपनी गंभीर नाराजगी व्यक्त की है, जिससे महायुति और भाजपा के भीतर आंतरिक तनाव बढ़ गया है।
क्यों हुआ महाजन के बयान से विवाद
भारतीय सैन्य इतिहास में जून 1984 में अमृतसर के स्वर्ण मंदिर परिसर में चलाया गया ‘ऑपरेशन ब्लू स्टार’ हमेशा से एक बेहद संवेदनशील और चर्चा का विषय रहा है। इस वर्ष इस सैन्य अभियान की 42वीं वर्षगांठ के ऐतिहासिक अवसर पर पंजाब के अमृतसर में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। इस कार्यक्रम में महाराष्ट्र के जल संसाधन मंत्री और भाजपा के कद्दावर नेता गिरीश महाजन भी शामिल हुए थे। वहां मंच से भाषण देते हुए गिरीश महाजन ने कहा कि ऑपरेशन ब्लू स्टार भारतीय इतिहास का एक बेहद काला दिन था। विवाद तब और ज्यादा गहरा गया जब उन्होंने इस सैन्य कार्रवाई में मारे गए उग्रवादियों और लोगों को ‘शहीद’ की संज्ञा दे दी, जिसके बाद भाजपा के भीतर ही उनके खिलाफ बगावत के सुर तेज हो गए। इस अभूतपूर्व विवाद के सामने आते ही दिल्ली में बैठे भाजपा के केंद्रीय आलाकमान ने मामले को अपने हाथ में ले लिया।
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तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के फैसले की तीखी आलोचना
अमृतसर के इस मंच से अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए मंत्री गिरीश महाजन ने तत्कालीन कांग्रेस सरकार और प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की नीतियों पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने स्वर्ण मंदिर जैसे पवित्र धार्मिक स्थल के भीतर सैन्य बल का प्रयोग करने के निर्णय पर अपनी गहरी नाराजगी और असहमति जाहिर की। महाजन ने अपने संबोधन में कहा कि इस पूरे अभियान के कारण सैकड़ों निर्दोष नागरिकों को अपनी जान गंवानी पड़ी थी, जिससे देश और विशेष रूप से सिख समाज की धार्मिक भावनाएं पूरी तरह आहत हुई थीं।
अहमद शाह अब्दाली के दमनकारी आक्रमण से कर दी सैन्य कार्रवाई की तुलना
अपने भाषण को आगे बढ़ाते हुए गिरीश महाजन ने एक बेहद विवादित तुलना कर डाली। उन्होंने ऑपरेशन ब्लू स्टार की तुलना 18वीं सदी में भारत पर हुए क्रूर आक्रमणकारी अहमद शाह अब्दाली के हमले से की। इसके साथ ही उन्होंने साल 1984 में इंदिरा गांधी की हत्या के बाद देश के विभिन्न हिस्सों में भड़के सिख विरोधी दंगों का उल्लेख करते हुए कांग्रेस पार्टी की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि उस काले दौर में सिख समुदाय को भयानक अन्याय और घोर हिंसा का सामना करना पड़ा था। हालांकि, इस पूरे कार्यक्रम में अलगाववादी नेता जरनैल सिंह भिंडरांवाले का भी महिमामंडन किया जा रहा था, जिसके चलते वहां महाजन की सक्रिय उपस्थिति खुद-ब-खुद एक बड़े विवाद का कारण बन गई।
महाजन के रुख से केंद्रीय नेतृत्व नाराज, पार्टी ने खुद को किया अलग
जैसे ही अमृतसर के इस कार्यक्रम के वीडियो और बयान सोशल मीडिया पर वायरल हुए, भाजपा के राष्ट्रीय नेतृत्व ने इसका कड़ा संज्ञान लिया। दिल्ली के सूत्रों ने पुष्टि की है कि भाजपा के वरिष्ठतम नेताओं ने गिरीश महाजन के इस अपरिपक्व बयान और अलगाववादी पृष्ठभूमि वाले कार्यक्रम में जाने पर अत्यंत तीव्र नाराजगी व्यक्त की है। पार्टी आलाकमान ने तुरंत एक आंतरिक संदेश जारी कर यह पूरी तरह स्पष्ट कर दिया है कि ऑपरेशन ब्लू स्टार के संबंध में दिया गया यह बयान केवल और केवल गिरीश महाजन की निजी राय है, यह किसी भी स्तर पर भारतीय जनता पार्टी का अधिकृत रुख नहीं है। पार्टी के भीतर चल रहे इस भारी असंतोष के बाद अब कयास लगाए जा रहे हैं कि केंद्रीय नेतृत्व महाजन के खिलाफ कोई बड़ा अनुशासनात्मक कदम भी उठा सकता है।
