क्या CM फडणवीस ने तोड़े नियम, एक्सपायर PUC वाली बाइक से पहुंचे विधानसभा? जानें क्या है पूरी सच्चाई
Devendra Fadnavis Bike Controversy: विधानसभा पहुंचे सीएम देवेंद्र फडणवीस की बाइक राइड पर सियासत तेज। कांग्रेस सांसद वर्षा गायकवाड ने लगाया एक्सपायर्ड PUC का आरोप। जानें क्या है पूरी सच्चाई।
- Written By: आकाश मसने
देवेंद्र फडणवीस
Devendra Fadnavis Bike Expired PUC Controversy: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस आज बाइक से विधानसभा पहुंचे। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील का पालन करते हुए जनता को संदेश देने के लिए यह कदम उठाया था। अब उनके बाइक से चलने को लेकर राजनीति माहौल गरमा गया है। सीएम जिस बाइक से विधानसभा पहुंचे उसकी PUC एक्सपायर होने की बात सामने आई है।
कांग्रेस सांसद ने किया PUC एक्सपायर होने का दावा
कांग्रेस सांसद वर्षा गायकवाड ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट करते हुए दावा किया कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस जिस बाइक से विधान भवन पहुंचे उसकी PUC एक्सपायर हो गई है। उन्होंने लिखा कि “तो एक्सपायर्ड माल ठीक है? ऐसा लगता है कि मुख्यमंत्री ने अपने #Austerity स्टंट के लिए एक्सपायर्ड PUC वाली गाड़ी चुनी। उन्हाेंने पूछा की क्या इस पर मुंबई ट्रैफिक पुलिस और मुंबई आरटीओ इस पर कोई एक्शन लेंगे? क्या मुख्यमंत्री इस पर जवाब देंगे?”
So ‘Expired Maal’ is ok? It appears that the Chief Minister chose a vehicle with an expired PUC for his #Austerity stunt. Will @rtomumbaimh01 and @MTPHereToHelp take action? Will the @CMOMaharashtra respond? pic.twitter.com/VjgSU96UoX — Prof. Varsha Eknath Gaikwad (@VarshaEGaikwad) May 14, 2026
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मिसाल पेश करना था तो BEST बस जाते
वर्षा गायकवाड ने पूछा कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री का कारों के काफिले को मोटरसाइकिलों के काफिले से बदलना असल में कैसे मदद करता है? क्या इससे बस थोड़ी-बहुत माइलेज में ही फर्क पड़ता है? मुख्यमंत्री नेपियन सी रोड के पास रहते हैं और आज उन्हें विधान भवन जाना था। अगर वे सच में कोई मिसाल कायम करना चाहते, तो वे नेपियन सी रोड से BEST बस ले सकते थे और अपनी मंजिल तक पहुंचने के लिए कुछ मीटर पैदल चल सकते थे।
लेकिन अगर उन्होंने ऐसा किया होता, तो BEST के प्रति उनकी सरकार की उदासीनता पूरी तरह से बेनकाब हो जाती। बसों की संख्या में भारी कमी के कारण, उन्हें बस स्टॉप पर तब तक इंतज़ार करना पड़ता जब तक कोई बस नहीं आ जाती, और फिर मुंबई के आम लोगों की तरह ही, उन्हें भी अपनी सुरक्षा एक ऐसे बस ड्राइवर के भरोसे छोड़नी पड़ती जिसे ठीक से ट्रेनिंग नहीं मिली होती।
कांग्रेस सांसद ने कहा कि यह साफ है कि यह सारी खर्च में कटौती की बातें महज एक फोटो-ऑप हैं, और कुछ नहीं। अगर मुख्यमंत्री और उनका मंत्रिमंडल सच में गंभीर होते, तो वे आज मुंबई में सार्वजनिक परिवहन और पैदल चलने की सुविधाओं से जुड़ी गंभीर समस्याओं पर ध्यान देते। लेकिन इस सरकार के लिए, सब कुछ बस रील-योग्य कंटेंट बनाने के बारे में है।
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भाजपा प्रवक्ता नवनाथ बन ने बताई सच्चाई
वर्षा गायकवाड के आरोपों पर जवाब देते हुए भाजपा प्रवक्ता नवनाथ बन ने जवाब दिया। गाड़ी की PUC के बारे में जानकारी दी। उन्होंने लिखा कि वर्षाताई, जिस गाड़ी की बात हो रही है वह पुलिस डिपार्टमेंट की है। क्योंकि मुख्यमंत्री खुद इसे चलाने वाले थे, इसलिए पुलिस ने पहले से ही सभी जरूरी सावधानियां बरती थीं। कल इसकी सर्विसिंग भी हुई थी। 9 मई से 18 मई तक गाड़ी के रजिस्ट्रेशन सिस्टम पर काम बंद है। इसलिए उन्होंने गाड़ी के एनवायरनमेंटल नियमों के हिसाब से चलने का सर्टिफिकेट भी पहले से ही ले लिया था।
वर्षाताई,
सदर वाहन हे पोलिस विभागाचे आहे. ते स्वतः मुख्यमंत्री महोदय चालवणार असल्याने पोलिसांनी योग्य खबरदारी आधीच घेतली होती. काल त्याची सर्व्हिसिंग सुद्धा झाली. वाहन प्रणालीवर 9 ते 18 मे पर्यंत कामकाज बंद असल्याने त्यांनी हे वाहन पर्यावरणीय दृष्ट्या सक्षम असल्याचे प्रमाणपत्र… https://t.co/C7DdV3dyKj pic.twitter.com/40G1t80SiY — Navnath Kamal Uttamrao Ban (@NavnathBanBJP) May 14, 2026
नवनाथ बन कहा कि कांग्रेस पार्टी जनता का प्यार खो चुकी है अब डॉक्यूमेंटेशन में टेक्निकल बातों पर ध्यान देकर सस्ती पब्लिसिटी पाने की कोशिश कर रही है। जो भी हो, असली सवाल बना हुआ है कि क्या आप प्रधानमंत्री मोदी की अपील का जवाब देंगे या नहीं? पहले इसका जवाब दें; जब तक आप ऐसा नहीं करते बात घुमाना बंद करें! अगर वर्षाताई ने अपना ट्वीट पोस्ट करने से पहले फैक्ट्स वेरिफाई कर लिए होते, तो वह इस शर्मिंदगी से बच जातीं।
