आचार संहिता का हो रहा उल्लंघन, पांच दिन में 576 शिकायतें, 'सी-विजिल' ऐप पर खुल रही पोल

विधानसभा चुनाव-2024 के लिए राज्य में 15 अक्टूबर 2024 से आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद के पहले पांच दिनों में 576 शिकायतें आ चुकी है। इसके साथ ही करोड़ों को सामान, विज्ञापन और अन्य पदार्थ भी जब्त किए गए है।
आचार संहिता का उल्लंघन, पांच दिन में 576 शिकायतें,
विधानसभा चुनाव (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

मुंबई: महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव का बिगुल बज चुका है, इसी के साथ ही आचारसंहिता भी लागू की जा चुकी है। विधानसभा चुनाव-2024 के लिए राज्य में 15 अक्टूबर 2024 से आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद के पहले पांच दिनों (15 से 19 अक्टूबर 2024 तक) में राज्य भर में सी-विजिल ऐप पर कुल 576 शिकायतें प्राप्त हुई हैं।

आचारसंहिता का उल्लंघन अगर देखा जाता है तो इसकी शिकायत सी-विजिल ऐप पर की जा सकती है। इस पर की गई शिकायत का जल्द-से-जल्द कार्रवाई की जाती है। अतिरिक्त मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. किरण कुलकर्णी ने बताया कि इनमें से 98 फीसदी यानी 563 शिकायतों का निपटारा चुनाव आयोग ने कर दिया है।

पारदर्शी और निष्पक्ष चुनाव के लिए जरुरी

डॉ. कुलकर्णी ने कहा कि चुनाव को पक्षपात रहित एवं पारदर्शी बनाने के लिए सी-विजिल ऐप को किसी भी ऐप स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है। इस ऐप के जरिए नागरिक आचार संहिता के उल्लंघन की शिकायत कर सकते हैं। शिकायत दर्ज होने के बाद संबंधित टीम द्वारा जांच के बाद उचित कार्रवाई की जाती है।

14 करोड़ 90 लाख की संपत्ति जब्त

डॉ. कुलकर्णी ने कहा कि राज्य सरकार की विभिन्न प्रवर्तन एजेंसियों की कार्रवाई में अवैध धन, शराब, ड्रग्स और कीमती धातुओं आदि के मामले में कुल 14 करोड़ 90 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की गई है।

हटाए गए सवा 7 लाख विज्ञापन

डॉ. कुलकर्णी ने बताया कि आचार संहिता लागू होने के बाद सरकारी परिसरों से 2 लाख 42 हजार 634 विज्ञापन, सार्वजनिक परिसरों से 2 लाख 79 हजार विज्ञापन और निजी परिसरों से 1 लाख 83 हजार विज्ञापन हटाए गए हैं। इसमें वॉल पेंटिंग, पोस्टर, बैनर, कटआउट, फ्लेक्स आदि शामिल हैं और अनधिकृत विज्ञापनों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।

आचारसंहिता के दौरान सरकार पर लगे पाबंद

उन्होंने कहा कि प्रदेश में आचार संहिता का प्रभावी क्रियान्वयन हो रहा है। सभी विभागों को सूचित कर दिया गया है कि अब से किसी भी कल्याणकारी योजना के लिए किसी नए लाभार्थी का चयन नहीं किया जा सकता है तथा किसी भी नई योजना की घोषणा नहीं की जा सकती और चुनाव आयोग की अनुमति के बिना किसी कल्याणकारी योजना के तहत धन के आवंटन की अनुमति भी नहीं है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com