Jalgaon Municipal (सोर्सः सोशल मीडिया)
Jalgaon Municipal Employees Controversy: मतदाता सूची कार्य में लापरवाही को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए नगर निगम के 36 कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी की है। उपविभागीय अधिकारी एवं मतदाता पंजीकरण अधिकारी विनय गोसावी ने साफ चेतावनी दी है कि 24 घंटे के भीतर काम शुरू नहीं किया तो संबंधितों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया जाएगा।
नोटिस में कहा गया है कि संबंधित कर्मचारियों को बार-बार संपर्क करने के बावजूद उन्होंने बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) का काम शुरू नहीं किया और ड्यूटी से गैरहाजिर रहे। इसे राष्ट्रीय कार्य में गंभीर लापरवाही मानते हुए प्रशासन ने इसे ‘अक्षम्य’ बताया है।
जानकारी के मुताबिक, नगर निगम से कर्मचारियों की सूची मांगे बिना ही सीधे उन्हें बीएलओ नियुक्त कर दिया गया। पहले से दो-तीन विभागों का काम संभाल रहे कर्मचारियों पर अतिरिक्त जिम्मेदारी डालने से असंतोष बढ़ गया है। कर्मचारियों का सवाल है कि पहले से बोझ के बीच यह नया काम कैसे संभालें?
नोटिस में स्पष्ट कहा गया है कि 24 घंटे में ड्यूटी जॉइन नहीं करने पर संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज कर कार्रवाई का प्रस्ताव उच्च अधिकारियों को भेजा जाएगा।
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इस पूरे मामले में प्रशासन की गंभीर लापरवाही भी उजागर हुई है। जारी सूची में एक ऐसे कर्मचारी का नाम भी शामिल है, जिनका अगस्त में ही निधन हो चुका है। करीब 8 महीने बाद भी रिकॉर्ड अपडेट न होना सवाल खड़े कर रहा है। क्या अब प्रशासन मृत व्यक्ति पर भी केस दर्ज करेगा?
इतना ही नहीं, निगम के पांच कर्मचारी जो चतुर्थ श्रेणी (शिपाई) में आते हैं, उन्हें नोटिस में क्लर्क दर्शाते हुए बीएलओ की जिम्मेदारी दे दी गई। इससे चुनाव शाखा के कामकाज पर भी सवाल उठने लगे हैं।