Gondia News: खेती के नाम पर करोड़ों का खेल! ट्रैक्टर से अवैध खनन, सरकार का डूब रहा राजस्व
Gondia Illegal Tractor Mining: गोंदिया में कृषि ट्रैक्टर का अवैध खनन में उपयोग, रेत-मुरुम ढुलाई से सरकारी राजस्व को बड़ा नुकसान। नियमों की अनदेखी और कार्रवाई पर उठे सवाल।
- Written By: प्रिया जैस
कृषि के नाम पर व्यवसायिक उपयोग (सौजन्य-नवभारत)
Farm Tractor Commercial Use: शासन की कृषि नीति के अनुसार मिलने वाले कृषि उपयोग के ट्रैक्टर कृषि के लिए खरीदी के बाद उसका उपयोग व्यवसायिक रुप से गौण खनिज यातायात के लिए किया जा रहा है। जिससे शासन का राजस्व डूब रहा है। इसमें विशेष बात यह है कि अधिकांश ट्रैक्टर यह अवैध गौण खनिज की तस्करी करने में लगे हैं।
इस ओर संबंधित विभाग के अधिकारियों द्वारा कार्रवाई भी की जाती है। फिर भी ट्रैक्टर चालक नियमों की अनदेखी कर रहे हैं। कृषि उपयोग वाले ट्रैक्टर का व्यवसायिक काम के लिए उपयोग करने पर दंड निर्धारित करने का प्रावधान है इसके अलावा ट्रैक्टर का पंजीयन भी रद्द करने का नियम है। नया ट्रैक्टर खरीदी कर उसकी उप प्रादेशिक परिवहन कार्यालय में पंजीयन करते समय उसका उपयोग खेती के लिए करेंगे।
योजनाओं के माध्यम से सुविधा
ऐसा पंजीयन किया जाता है। इसके लिए पंजीयन के टैक्स में विशेष छूट मिलती है। जिले में इस तरह के अनेक ट्रैक्टर मार्गों पर दौड रहे हैं। शासन किसानों को आर्थिक दृष्टि से सक्षम करने के लिए विभिन्न योजना क्रियान्वित कर रहा है। इसके लिए विभिन्न योजना के माध्यम से किसानों को सुविधा दी जाती है।
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इसका किसानों को लाभ भी हो रहा है लेकिन कृषि योजना की तरह इस योजना का लाभ किसानों के नाम पर अन्य लोग उठा रहे हैं। जिले के अधिकांश किसानों के पास खेती काम के लिए ट्रैक्टर है। वहीं कुछ लोगों ने ट्रैक्टर व्यवसायिक काम के लिए उठाया है। नियमानुसार कृषि काम के लिए उठाए गए ट्रैक्टर का उपयोग यह कृषि के लिए करना जरूरी है।
व्यवसायिक काम के लिए उपयोग
जबकि अनेक लोगों द्वारा खेती का सातबारा जोडकर ट्रैक्टर उठाने के बाद उसका व्यवसायिक काम के लिए खुलेआम उपयोग शुरू कर दिया है। इसमें ठेकेदार, बिल्डर व रेत माफियाओं का सबसे अधिक समावेश है। इस तरह की घटना से शासन को टैक्स के रुप में प्राप्त होने वाला लाखों रु। का राजस्व डूब रहा है।
नियमों की अनदेखी
शासन के नियमानुसार सुर्योदय के पूर्व या सुर्यास्त के बाद गौन खनिज का यातायात नहीं किया जा सकता है लेकिन कुछ ट्रैक्टर धारक अधिक मुनाफा कमाने के लिए अवैध रुप से रेत, मुरुम व गौण खनिज की चोरी कर यातायात करते हैं। इसमें मजेदार बात यह है कि रात के अंधेरे में या सुबह के समय ट्रैक्टरों पर माल लादकर यातायात किया जा रहा है।
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मजदूरों पर चालक की जिम्मेदारी
जिले में अनेक चालक यह मजदूर के रुप में काम करते समय पदोन्नति हासिल कर चालक बन गए हैं। आज भी अनेक ट्रैक्टर चालकों के पास वाहन चलाने का लाइसेंस नहीं है। जिससे उनके हाथों कोई बड़ी दुर्घटना होने की हमेशा संभावना बनी रहती है।
कार्रवाई पर हो रहा संदेह
जिले में अवैध रेत या गौण खनिज की यातायात करते समय अनेक बार ट्रैक्टर पकड़कर उसके खिलाफ कार्रवाई की जाती है। लेकिन उक्त ट्रैक्टर व्यवसायिक या कृषि काम के लिए हैं, इस संबंध में कोई पुछताछ नहीं की जाती है। इसी तरह कई बार ट्रैक्टर पकड़ने के बाद भी कार्रवाई नहीं की जाती है।
