गड़चिरोली में आदिवासी विकास कार्यशाला: आश्रम स्कूलों में प्रवेश बढ़ाने पर मंत्री अशोक उइके ने दिया निर्देश
Gadchiroli Ashram School: गड़चिरोली में आयोजित आदिवासी विकास विभाग की कार्यशाला में मंत्री डॉ. अशोक उइके ने सरकारी आश्रम स्कूलों में प्रवेश बढ़ाने पर जोर दिया।
- Written By: आंचल लोखंडे
Ashok Uik (सोर्सः फाइल फोटो-सोशल मीडिया)
Gadchiroli Tribal Education: विद्यार्थियों और अभिभावकों के बीच शिक्षा के महत्व को प्रभावी ढंग से समझाकर सरकारी आश्रमस्कूलों में प्रवेश क्षमता बढ़ाने के लिए ठोस प्रयास किए जाएं, यह सलाह राज्य के आदिवासी विकास मंत्री डॉ. अशोक उईके ने दी। एकात्मिक आदिवासी विकास परियोजना, गड़चिरोली द्वारा आयोजित नागपुर विभागीय एक दिवसीय कार्यशाला के उद्घाटन अवसर पर वे बोल रहे थे।
इस अवसर पर आदिवासी विकास विभाग के सचिव विजय वाघमारे, विधायक डॉ. मिलिंद नरोटे, आदिवासी आयुक्त लीना बनसोड, सह सचिव म. रं. शेलके, उप सचिव र.तु. जाधव, नागपुर विभाग की अपर आयुक्त आयुषी सिंह तथा नाशिक विभाग के उप आयुक्त संतोष ठुबे प्रमुखता से उपस्थित थे।
लोगों का विश्वास जीतें
मंत्री डॉ. उइके ने आगे कहा कि आश्रम स्कूलों में विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आवास और भोजन जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं। इन सभी सुविधाओं की जानकारी अभिभावकों तक पहुंचाकर उनका विश्वास जीतना आवश्यक है।
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अभिभावकों के साथ निरंतर संवाद बनाए रखते हुए उनके संदेह का समाधान किया जाए और शिक्षा के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि आदिवासी विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए “विद्यार्थी केंद्रित” दृष्टिकोण अपनाना जरूरी है। जिन आश्रम स्कूलों में आवश्यक सुविधाएं कम हैं, उन्हें तत्काल उपलब्ध कराया जाए। स्वच्छता, अनुशासन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर विशेष ध्यान देते हुए स्कूलों का वातावरण विद्यार्थियों के लिए आकर्षक बनाया जाए।
वीडियो जिंगल का लोकार्पण
कार्यक्रम की शुरुआत में “मेरी स्कूल, मेरा फलक” नामक जनजागरूकता वीडियो जिंगल का मान्यवरों के हाथों लोकार्पण किया गया। आदिवासी विकास विभाग की आयुक्त लीना बनसोड ने अपने प्रास्ताविक में कहा कि शासन द्वारा विद्यार्थियों के लिए उपलब्ध कराई जा रही विभिन्न सुविधाओं का प्रभावी प्रचार-प्रसार आवश्यक है।
कार्यशाला में आदिवासी विकास विभाग के कक्ष अधिकारी स. वि. कोवे, परियोजना अधिकारी अरुण एम., अमर राऊत सहित नागपुर विभाग के सभी परियोजना अधिकारी, सहायक परियोजना अधिकारी तथा 76 आश्रम स्कूलों के प्रधानाध्यापक, अधीक्षक तथा गृहपाल बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
समन्वय से करे प्रयास-वाघमारे
इस अवसर पर आदिवासी विकास विभाग के सचिव विजय वाघमारे ने कहा कि इस कार्यशाला से विद्यार्थियों की क्षमता वृद्धि के लिए उचित दिशा मिलेगी और अधिक से अधिक विद्यार्थियों का आश्रम स्कूलों में प्रवेश सुनिश्चित करने के लिए सभी को समन्वय से प्रयास करना चाहिए।
