धाराशिव में एकनाथ शिंदे के कार्यक्रम में हंगामे की साजिश? सांसद श्रीकांत शिंदे ने ‘आंतरिक कलह’ पर तोड़ी चुप्पी
Dharashiv Shiv Sena Rift: उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के दौरे में हंगामे की साजिश पर श्रीकांत शिंदे का बयान। कहा- पार्टी का आंतरिक मामला, जल्द सुलझाएंगे।
- Written By: अनिल सिंह
Shrikant Shinde on Dharashiv Shiv Sena Rift (फोटो क्रेडिट-X)
Shrikant Shinde on Dharashiv Shiv Sena Rift: महाराष्ट्र की राजनीति में शिवसेना प्रमुख और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के धाराशिव और सोलापुर दौरे के दौरान संभावित हंगामे की खबरों ने सियासी पारा बढ़ा दिया है। धाराशिव में आयोजित एक कार्यक्रम में शिवसैनिकों द्वारा नारेबाजी और व्यवधान डालने की गुप्त पुलिस रिपोर्ट सामने आने के बाद हड़कंप मच गया। इस स्थिति पर अब मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व वाली सरकार में सहयोगी और उपमुख्यमंत्री के पुत्र, सांसद श्रीकांत शिंदे ने अपनी प्रतिक्रिया दी है।
पुलिस की खुफिया रिपोर्ट के अनुसार, कुछ आहत कार्यकर्ताओं को भावनात्मक रूप से उकसाकर कार्यक्रम में नारे लगाने के लिए तैयार किया गया था, ताकि शिवसेना के भीतर फूट को उजागर किया जा सके।
“पार्टी का आंतरिक मामला है, समाधान निकालेंगे”
सोलापुर में समीक्षा बैठक के दौरान श्रीकांत शिंदे ने स्पष्ट किया कि उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे को धाराशिव की हर गतिविधि की पूरी जानकारी है। उन्होंने कहा, “वहां जो कुछ भी हुआ, वह हमारी पार्टी का आंतरिक मामला है। हम निश्चित रूप से सभी पक्षों के साथ बैठकर इसका समाधान निकालेंगे।” उन्होंने कार्यकर्ताओं के बीच किसी भी बड़े विवाद को संगठन के भीतर ही हल करने का आश्वासन दिया।
सम्बंधित ख़बरें
वर्धा: महाराष्ट्र सरकार का नया आदेश, मुफ्त यूनिफॉर्म की गुणवत्ता पर सख्ती, 100% पॉलिस्टर कपड़े पर रोक
संभाजीनगर: विरासत और संस्कृति पर चित्रकला प्रतियोगिता; महापौर का आश्वासन, दिवाली तक शहर में बनेगी आर्ट गैलरी
4 साल लंबी लड़ाई सफल: यवतमाल उपभोक्ता आयोग का आदेश- 10 किसानों को 8% ब्याज के साथ मुआवजा दे बीमा कंपनी
संभाजीनगर में नक्षत्रवाड़ी जलशुद्धीकरण केंद्र में फिल्टर बॉक्स की सफाई पूरी; अब शहरवासियों को मिलेगा साफ पानी
ये भी पढ़ें- महाराष्ट्र विधान परिषद की 17 सीटों पर चुनाव का रास्ता साफ; ’75 प्रतिशत’ वाले नियम ने बदली चुनावी तस्वीर
संगठन निर्माण पर विशेष फोकस
श्रीकांत शिंदे ने जानकारी दी कि वर्तमान में सोलापुर, धाराशिव और माढा लोकसभा क्षेत्रों की गहन समीक्षा की जा रही है। उन्होंने कहा, “उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के आदेश पर संपर्क अधिकारी नियुक्त किए गए हैं, जो अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर रहे हैं। हमने संभाजीनगर और पुणे की समीक्षा पूरी कर ली है और अब सोलापुर एवं नांदेड़-परभणी पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।” उन्होंने बताया कि अगले वर्ष का मुख्य उद्देश्य केवल आलोचनाओं का जवाब देना नहीं, बल्कि जमीनी स्तर पर संगठन निर्माण करना है।
हंगामा करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
धाराशिव के पालक मंत्री प्रताप सरनाइक ने इस मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए चेतावनी दी है कि उपमुख्यमंत्री के कार्यक्रम में नारे लगाने या अनुशासन भंग करने के लिए उकसाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। पिछले कुछ समय से ‘ऑपरेशन टाइगर’ और सांसद ओमराजे निंबालकर के साथ उपमुख्यमंत्री की तस्वीरों ने क्षेत्र में राजनीतिक असमंजस पैदा कर दिया है। श्रीकांत शिंदे ने स्पष्ट किया कि आगामी तीन वर्षों में कोई बड़ा चुनाव न होने के कारण, पार्टी अब पूरी तरह से कार्यकर्ताओं को जोड़ने और वार्ड स्तर तक संगठन को मजबूत करने में समय लगाएगी।
