सुधीर मुनगंटीवार और किशोर जोरगेवार (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Chandrapur BJP Politics: चंद्रपुर स्थानीय भाजपा विधायक किशोर जोरगेवार ने अपनी ही पार्टी के विधायक सुधीर मुनगंटीवार पर दिखावे की राजनीति करने का तंज कंसते हुए स्पष्ट किया कि, चंद्रपुर विधानसभा क्षेत्र से तो वे स्वयं ही चुनाव लड़ेंगे। उन्हें अन्यत्र कहीं जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
गौरतलब है कि पिछले दिनों विधायक मुनगंटीवार ने एक कार्यक्रम में यह कहा था कि विधानसभा क्षेत्रों के परिसीमन के बाद चंद्रपुर विधानसभा क्षेत्र से अनुसूचित जाति का आरक्षण खत्म हो जाएगा, ऐसे में 2029 में वे ही चंद्रपुर विधानसभा क्षेत्र से भाजपाई प्रत्याशी रहने वाले है।
सुधीर मुनगंटीवार के उक्त बयान पर पलटवार करते हुए जोरगेवार ने कहा कि मुनगंटीवार भले ही चंद्रपुर (Chandrapur) से चुनाव लड़ने की बात कर रहे हो, पर यह बात तो पूर्णतः पार्टी तय करती है कि किस सीट से किसे प्रत्याशी बनाना है।
उन्होंने कहा कि, 2029 के लिए अभी काफी व वक्त है, असल बात तो यह है कि, 2029 में विधानसभा क्षेत्रों का डिलिमिटेशन होगा भी या नहीं, हुआ तो यहां का आरक्षण हटेगा या नहीं, कहीं यह क्षेत्र महिला के लिए आरक्षित होता है तो क्या, पार्टी मुनगंटीवार को टिकट देगी भी या नहीं, ऐसे कई सवाल यहां खड़े हो जाते है।
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उन्होंने कहा कि सुधीर मुनगंटीवार अब जनाधार खो चुके है, तभी तो लोकसभा चुनाव में भाजपा को 2.60 लाख वोटों से पराजय स्वीकारनी पड़ी, नगर परिषद चुनावों में भी पार्टी विफल रही, हाल ही में हुए मनपा चुनाव में भी पार्टी को आशातीत सफलता हाथ नहीं लगी। उन्होंने यह भी कहा कि, मुनगंटीवार ने अभी 1630 कार्यकर्ताओं को भाजपा में प्रवेश दिलाने का दावा किया है। वास्तविकता तो यह है कि, यह महज एक दिखावा था, ऐसी शो-बाजी से कभी राजनीति सफल नहीं होती है।