मनपा चुनाव: महायुति में सीट बंटवारे पर 50% सहमति, 22 तारीख तक होगा फैसला, भाजपा-शिंदे सेना में मंथन

Municipal Elections: मनपा चुनाव को लेकर महायुति की अहम बैठक संपन्न हुई। सीटों के बंटवारे पर 50 प्रतिशत सहमति बन चुकी है। 22 तारीख तक भाजपा–शिंदे सेना के बीच अंतिम फैसला होने की संभावना है।
Sambhajinagar Municipal Corporation Elections
प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया)
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Sambhajinagar Municipal Corporation Elections News: मनपा चुनाव को लेकर महायुति की अहम बैठक शनिवार को संपन्न हुई। बैठक में सीटों के बंटवारे और प्रभाग रचना पर विस्तार से चर्चा हुई। शिंदे सेना के वरिष्ठ नेता व जिले के पालक मंत्री संजय शिरसाट ने शनिवार को महायुति के प्रमुख घटक भाजपा व शिंदे सेना के पदाधिकारियों के बीच हुई बैठक के बाद बताया कि बैठक में यह तय करने पर मंथन हुआ कि एक प्रभाग में कितनी किसकी सीटें होंगी।

शिंदे सेना की ओर से कितनी सीटों पर पार्टी इच्छुक है, इसकी सूची भी सहयोगी दलों को सौंप दी गई है। उन्होंने बताया कि कुल सीटों में से 50 प्रतिशत सीटों पर लगभग सहमति हो चुकी है। मनपा चुनाव को लेकर शनिवार को महायुति की तीसरी बैठक संपन्न हुई। इसमें ओबीसी विकास मंत्री अतुल सावे, विधायक संजय केणेकर, सांसद डॉ. भागवत कराड, भाजपा शहराध्यक्ष किशोर शितोले, पूर्व शहर अध्यक्ष शिरीष बोरालकर, शिंदे सेना जिला प्रमुख राजेंद्र जंजाल, समीर राजूरकर प प्रमुख रूप से उपस्थित थे।

शिरसाट ने कहा कि महायुति के बैनर तले छत्रपति संभाजीनगर चुनाव लड़ने पर 22 तारीख तक अंतिम रूप दिया जाएगा। दोनों दलों के आला नेताओं ने इस विषय पर चर्चा की है। बैठक में एक ब्रेक के बाद भाजपा और शिवसेना के चार नेताओं की अलग से बैठक होगी।

उन्होंने बताया कि कल नगर पालिका के चुनाव परिणाम आने के बाद फिर एक बैठक होगी और 22 तारीख तक सीटों के बंटवारे की प्रक्रिया पूरी करने का लक्ष्य है। उनका कहना था कि सीटों के बंटवारे में कार्यकर्ताओं के साथ अन्याय न हो, यह शिवसेना की प्रमुख भूमिका है। शिरसाट ने बताया कि 50-50 प्रतिशत फार्मूले पर बातचीत दो से तीन स्तर पर आगे बढ़ चुकी है, और इस पर करीब 50 प्रतिशत सहमति बन चुकी है और 50 प्रतिशत चर्चा अभी बाकी है।

सभी पहलुओं पर सहमति के बाद होगी घोषणा

शिरसाट ने कहा कि लगभग 2000 कार्यकर्ताओं में से 105 उम्मीदवारों का चयन किया जाना है। पार्टी सीटों के बजाय प्रभागों के आधार पर काम कर रही है। उनका कहना था कि 50 प्रतिशत हिस्सेदारी का सिद्धांत प्रभाग स्तर पर लागू करने पर बातचीत अंतिम चरण पर है। भाजपा के वरिष्ठ नेता व राज्य के ओबीसी विकास मंत्री अतुल सावे ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि फिलहाल सीटों की घोषणा करना संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि अगर अभी सीटें घोषित की गई तो कार्यकर्ताओं में नाराजगी फैल सकती है। इसलिए सभी पहलुओं पर सहमति बनने के बाद ही आधिकारिक घोषणा की जाएगी। सावे ने कहा कि शनिवार को दोनों दलों के बीच हुई बैठक में सकारात्मक चर्चा हुई है।

भाजपा व शिवसेना के बीच हुई बैठक

  • समन्वय समिति के सभी सदस्यों ने प्रभाग निहाय अभ्यास कर ही आंकड़े पेश किए है। महायुति के अधिक से अधिक उम्मीदवार चुने जाए, यह हमारा प्रयास है।
  • उधर, पालकमंत्री शिरसाट ने स्पष्ट किया कि महायुति का उद्देश्य सत्ता में आना है। इसके लिए एक दो सीटें इधर उधर हो सकती है। उन्होंने कहा कि बड़े भाई छोटे भाई जैसी कोई चर्चा नहीं हुई है।
  • दोनों दलों के बीच आचार संहिता तय की गई है कि भाजपा और शिवसेना के नेता एक दूसरे के दल में शामिल नहीं होंगे।
  • उन्होंने उबाठा पर निशाना साधते हुए कहा कि चुनाव के समय कांग्रेस और राष्ट्रवादी से समर्थन नहीं मिलने पर अन्य नेताओं को उबाठा से जोड़ने की कोशिश जारी है।
  • पालकमंत्री शिरसाट ने शहर के पूर्व मेयर रशीद मामू का नाम लिया बिना कहा कि हाल ही में एक ऐसे व्यक्ति को उबाठा ने अपने पार्टी में प्रवेश दिया है, जिसने पहले मनपा के सभागार में वंदे मातरम का विरोध किया था।
  • भाजपा मंत्री अतुल सावे ने पूर्व मेयर रशीद मामू को उबाठा में प्रवेश देने को लेकर कड़ा ऐतराज जताया है। उनका कहना है कि हार को देखते हुए भाजपा कार्यकर्ताओं पर अन्य लोग डोरे डाल रहे हैं।
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