Sillod में भारी बारिश का कहर: फसलें बर्बाद, मवेशी बह गए, सड़कों-पुलों को भारी नुकसान
Sambhaji Nagar में पिछले 2 दिनों से भारी और लगातार बारिश के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। साथ ही इसके कारण सड़के और पुल पर भी इसका असर हुआ है।
- Written By: अपूर्वा नायक
सिल्लोड़ में भारी बारिश का कहर (सौ. सोशल मीडिया )
Chhatrapati Sambhaji Nagar News In Hindi: तहसील में गत दो तीन दिनों से भारी और लगातार बारिश से नदी-नालों के किनारे बसे बड़ी संख्या में गांव, कृषि फसलें, सड़कें और पुल प्रभावित हुए हैं।
इसे देखते हुए प्रशासन को चाहिए कि वह उचित समन्वय समन्वय के सा साथ तुरंत वस्तुनिष्ठ पंचनामा पूरा कर राज्य सरकार को रिपोर्ट सपिं, ताकि प्रभावितों को राहत प्रदान की जा सके, यह निर्देश विधायक अब्दुल सत्तार ने सरकारी तंत्र को दिए, विधायक अब्दुल सत्तार ने कहा कि, नुकसान का पंचनामा कर सरकार तुरंत मदद पहुंचाने के निर्देश मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री और कृषि मंत्री को दिए हैं।
आपदा प्रबंधन अधिकारी सतर्क हैं और स्थिति पर नजर रख रहे हैं।
उनका कहना रखा कि राज्य सरकार प्रभावित किसानों के साथ मजबूती से खड़ी है, ऐसे में उन्हें घेर्व रखना चाहिए कहा कि, तहसील में भारी बारिश से नुकसान झेलने जाला कोई भी किसान वंचित न रहे, इसके लिए राजस्व और कृषि विभाग तुरंत किसानों के बांधों पर जकर वस्तुपरक सर्वेक्षण करें और अपनी रिपोर्ट सरकार सरकार की सौंपें, वर्तमान में, नुकसान जरूरत से ज्यादा हो चुका है और तहसील में नदियों और नालों के किनारे के इलाके बुरी तरह प्रभावित हुए हैं, ग्रामीण इलाकों में कृषि फसलों के साथ-साथ मवेशी, पशुधन और दुधारू पशु भी बह गए हैं, चूंकि, बाढ़ के पानी ने सड़कों और पुलों को भारी नुकसान पहुंचाया है, इसलिए अब्दुल सत्तार ने सरकारी तंत्र को इस क्षेत्र में स्थिति को बहाल करने के लिए तत्काल उपाय करने के निर्देश भी दिए।
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बाढ़ के पानी के कारण बिजली आपूर्ति चैनलों के खंभे गिर गए है और इस बिजली आपूर्ति को तुरंत बहाल किया। दुधारू पशु भी बह गए है, चूंकि, चाढ़ के पानी ने सड़कों और पुलों को भारी नुकसान पहुंचाया है, इसलिए अब्दुल सत्तार ने सरकारी तंत्र को इस क्षेत्र में स्थिति को बहाल करने के लिए तत्काल उपाय करने के निर्देश भी दिए, बाढ़ के पानी के कारण चिजली आपूर्ति चैनलों के खंभे गिर गए है और इस बिजली आपूर्ति को तुरंत बहाल किया जाना चाहिए।
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महामारी फैलने का बना हुआ है डर
इसके अलावा भारी बारिश से प्रभावित क्षेत्रों ने महामारी फैलने का डर है जिसके लिए स्वारस्य विभाग और पशुपालन विभाग की बारिश से होने वाली महामारी को नियंत्रित करने के लिए काम करन्न चाहिए, अब्दुल सत्तार में पशुधन को बचाने के लिए तत्काल एहतियाती कदम उठाते हुए टीकाकरण को प्राथमिवाता देने के लिए कहा, यही यही नहीं, उन्होंने प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण किया और सिल्लोड तालुका में भारी बारिश से हुए नुकसान का जायजा लिया।
