अमरावती में बड़ा ऑनलाइन ट्रेडिंग स्कैम, 25% रिटर्न के लालच देकर उड़ाए 22.68 लाख
Amravati News: अमरावती में अंजनगांव सुर्जी के अजय गौर से फेसबुक लिंक के जरिये SCSI नामक ट्रेडिंग ग्रुप ने 22.68 लाख की ऑनलाइन ठगी की। 25% रिटर्न के लालच में निवेश कराया गया।
- Written By: आकाश मसने
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स: सोशल मीडिया)
Amravati Trading Fraud: अमरावती के अंजनगांव सुर्जी के गणपतिनगर निवासी अजय सुखलाल गौर (52) के साथ ऑनलाइन ट्रेडिंग के बहाने 22 लाख 68 हजार की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। उन्होंने मामले की शिकायत अंजनगांव सुर्जी पुलिस थाने में दी है। पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
शिकायत में अजय गौर ने बताया कि वह 30 सितंबर 2025 को फेसबुक पर आए एक लिंक के माध्यम से SCSI नामक प्रोफेशनल ट्रेडिंग ग्रुप से जुड़े थे। ग्रुप की गतिविधियां देखने और कुछ सदस्यों से बातचीत करने के बाद, उनका संपर्क ग्रुप की को-ऑर्डिनेटर यालीनी गुना से हुआ।
यालीनी ने उनका रजिस्ट्रेशन फॉर्म भरवाया और एक इन्वेस्टर एप की लिंक भेजकर लॉगिन करवा दिया। शुरुआत में अजय ने कम राशि निवेश की और कुछ मुनाफा निकाल भी लिया। इससे उनका विश्वास बढ़ गया।
सम्बंधित ख़बरें
अमरावती पुलिस अधीक्षक निकेतन कदम का बड़ा एक्शन! 23 APIs के बाद अब 17 Police Inspectors का तबादला
गंभीर अपराध की आशंका, अमरावती में तलवार लेकर घूमते युवक को पुलिस ने किया गिरफ्तार
चिखलदरा का भीमकुंड बना पर्यटकों की पहली पसंद, बारिश के बाद झरने ने मोहा मन
रोजगार योजनाओं के लंबित लोन जल्द मंजूर करें, अमरावती में जिलाधिकारी की बैंकों को सख्त हिदायत
एक दिन में 25% रिटर्न का लालच
बाद में यालीनी ने उन्हें ओटीसी शेयर प्लान में निवेश करने को कहा, जिसमें एक दिन में 25% रिटर्न का लालच दिया गया। संदेह होने पर अजय ने ग्रुप की एक महिला सदस्य से बात की। उसने ने खुद को सफल निवेशक बताते हुए विड्रॉल रसीदें साझा कीं। इस पर विश्वास कर अजय ने और पैसा जमा किया।
उन्होंने 28 अक्टूबर 2025 को OTC शेयर खरीदे और अगले दिन बेचने का निर्णय लिया। लेकिन अचानक आईपीओ प्लान लाने की बात कहकर उनका पूरा पैसा ऑटोमैटिक रूप से आईपीओ में ट्रांसफर कर दिया गया। इसके बाद उन्हें अन्य कंपनी के शेअर खरीदी करने और बेचने के बारे में बताया गया।
यह भी पढ़ें:- ’10 हजार में लोकतंत्र बिकता है, ये बिहार में दिखता है’, संजय राउत ने दिखाया आईना
ऐसे हुआ ठगी का खुलासा
अजय ने जब 7 नवंबर को शेयर बेचने की अनुमति मांगी तो उन्हें वेट करने को कहा गया। इसके बाद उन्होंने विड्रॉल रिक्वेस्ट डाली, तो वह रिजेक्ट हो गई। इसके बाद उन्होंने यालीनी गुना से संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।
इसके बाद उन्हें एहसास हुआ कि यह एक सुनियोजित ऑनलाइन ठगी हुई है। जिसकी शिकायत अंजनगांवसुर्जी थाने में दी गई। पुलिस ने इस मामले में चार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
