उज्जैन के अस्पताल में हंगामा: नवजात बदलने का आरोप, परिजनों ने कहा- बेटा हुआ था, बेटी सौंप दी
Lotus Hospital News : उज्जैन के लोटस हॉस्पिटल में नवजात बदलने का आरोप लगाते हुए परिजनों ने हंगामा किया। परिवार का दावा है कि बेटा हुआ था, लेकिन अस्पताल ने बेटी सौंप दी। पुलिस जांच में जुटी है।
- Reported By: अजय नीमा | Edited By: प्रीतेश जैन
लोटस अस्पताल पर लगे आरोप (फोटो सोर्स- नवभारत)
Ujjain Newborn Baby Swap Allegation: उज्जैन के माधव नगर क्षेत्र स्थित लोटस हॉस्पिटल में मंगलवार को उस समय हंगामे की स्थिति बन गई, जब एक परिवार ने नवजात शिशु को बदलने का गंभीर आरोप लगाते हुए अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। परिजनों का दावा है कि उनकी बेटी ने एक बालक को जन्म दिया था, लेकिन अस्पताल से छुट्टी के समय उन्हें बालिका सौंप दी गई।
जानकारी के अनुसार, पायल केवट नामक महिला का प्रसव तिवारी नर्सिंग होम में हुआ था। परिजनों का आरोप है कि प्रसव के बाद उन्हें बताया गया था कि बालक का जन्म हुआ है। बाद में नवजात की तबीयत खराब होने पर उसे उपचार के लिए फ्रीगंज स्थित लोटस हॉस्पिटल रेफर किया गया। परिजनों का कहना है कि उन्होंने स्वयं नवजात को देखा था और वह लड़का था, लेकिन अस्पताल से डिस्चार्ज के समय उन्हें लड़की सौंप दी गई।
परिजनों ने अस्पताल में किया जमकर हंगामा
इस बात को लेकर परिजन भड़क गए और अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा किया। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही और नवजात बदलने का आरोप लगाया। मौके पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए, जिससे कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
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अस्पताल प्रबंधन ने आरोपों को बताया निराधार
वहीं, लोटस हॉस्पिटल प्रबंधन ने सभी आरोपों को निराधार बताया है। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि तिवारी नर्सिंग होम से मिले रेफरल दस्तावेजों में नवजात को बालिका बताया गया है। अस्पताल के रिकॉर्ड में भी बच्ची का ही उल्लेख है। प्रबंधन का कहना है कि मामले में पूरी पारदर्शिता बरती जाएगी और जरूरत पड़ने पर सीसीटीवी फुटेज भी जांच एजेंसियों को उपलब्ध कराए जाएंगे।
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थाने पहुंचा मामला
घटना की सूचना मिलने के बाद मामला माधव नगर थाना पहुंच गया। पुलिस ने दोनों अस्पतालों से संबंधित दस्तावेजों को जांच के लिए अपने कब्जे में लिया है। रेफरल रिकॉर्ड, अस्पताल रजिस्टर और अन्य दस्तावेजों का मिलान किया जा रहा है। साथ ही अस्पताल परिसर के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और पूरे घटनाक्रम की जांच जारी है।
