'लव जिहाद' मामले में बुलडोजर एक्शन, आरोपियों के घरों पर पीले पंजे की मार

Bhopal में बहुचर्चित 'लव जिहाद' और यौन शोषण के मामले में प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए आरोपियों के खिलाफ बुलडोजर कार्रवाई शुरू कर दी है। हाल ही में आरोपियों के घर बुल्डोजर एक्शन लिया गया है।
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'लव जिहाद' मामले में बुलडोजर कार्रवाई, फोटो- सोशल मीडिया
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Bhopal love Jihad Case: भोपाल में यौन शोषण के मामले में आरोपियों के घर पर भारी पुलिस बल की मौजूदगी में बुल्डोजर चलाया गया। साहिल और साद (उर्फ शम्सुद्दीन) के घरों को ध्वस्त किया गया। यह कार्रवाई शहर में गूंज रहे इस संवेदनशील मामले को लेकर सरकार के ‘जीरो टॉलरेंस’ के संकेत के रूप में देखी जा रही है।

फरहान, साहिल, साद और अन्य आरोपियों पर आरोप है कि उन्होंने भोपाल के एक निजी इंजीनियरिंग कॉलेज में पढ़ने वाली हिंदू छात्राओं को पहले प्रेमजाल में फंसाया, फिर उनका यौन शोषण और ब्लैकमेल किया। पीड़िताओं ने दावा किया है कि आरोपियों ने शुरुआत में अपनी धार्मिक पहचान छिपाई और अश्लील वीडियो बनाकर उन्हें जबरन वसूली, चुप्पी और धर्मांतरण के लिए मजबूर किया।

एसडीएम ने दी जानकारी, क्लब पर भी कार्रवाई

एसडीएम रवीश श्रीवास्तव ने बताया कि हमें तीन लोगों के खिलाफ शिकायतें मिली थीं। इनमें से दो पर कार्रवाई की जा चुकी है और काम लगभग पूरा हो गया है। इसके साथ ही क्लब-90 नामक एक रेस्तरां, जो कथित तौर पर इस नेटवर्क का हिस्सा था, उस पर भी बुलडोजर कार्रवाई की गई है। नगर निगम ने न केवल इसके अवैध निर्माण को ढहाया, बल्कि इसकी लीज भी रद्द कर दी है।

फरहान अभी कार्रवाई से बाहर, SIT कर रही जांच

फरहान नामक आरोपी के घर पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है, हालांकि विशेष जांच दल (SIT) उसकी तलाश में जुटा है और सबूत जुटाए जा रहे हैं। प्रशासन इस बात को लेकर सतर्क है कि किसी निर्दोष को नुकसान न पहुंचे, लेकिन आरोपियों को बख्शा भी न जाए।

इस पूरे घटनाक्रम ने भोपाल में गहरी चिंता और बहस को जन्म दिया है। युवतियों के शोषण, धार्मिक पहचान छिपाने और जबरन धर्मांतरण जैसे आरोपों ने समाज में व्यापक आक्रोश फैलाया है। कई संगठनों ने विरोध प्रदर्शन भी शुरू कर दिए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।

राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग को भेजी गई शिकायत

इस मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) को भी शिकायत दी गई है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि आरोपी युवतियों को झूठे प्रेम संबंधों में फंसा कर यौन शोषण करते थे। शिकायत में यह भी कहा गया है कि आरोपियों ने पीड़िताओं के अश्लील वीडियो बनाकर उन्हें धमकाया और जबरन धर्म परिवर्तन व शादी के लिए मजबूर किया।

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