

Why being always busy is unhealthy: आज की दुनिया में व्यस्त रहने को ही सफलता माना जाता है। हमेशा काम करते रहना, हमेशा उपलब्ध रहना और हर वक्त भाग-दौड़ करते रहना सफलता का पैरामीटर बन गया है। वर्कप्लेस और सोशल मीडिया के इस कल्चर का हमारे मानसिक स्वास्थ्य पर बेहद बुरा असर पड़ता है।
जब कि इसके अलावा काम के प्रति अच्छी सोच और पॉजिटिव नजरिया अधिक जरूरी है, लेकिन यदि आप बिना आराम किए लगातार काम कर रहे हैं, तो इसका असर मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर बहुत बुरा हो सकता है।
इस आदत को अक्सर टॉक्सिक प्रोडक्टिविटी कहा जाता है। ये समस्याएं बहुत ज्यादा कॉम्पिटिशन वाले माहौल में और भी गंभीर हो जाती है। टॉक्सिक प्रोडक्टिविटी के साथ सबसे गंभीर समस्या यह है कि दिमाग और शरीर को आराम करने के लिए पर्याप्त समय नहीं मिलता। इंसान के दिमाग पर लगातार बहुत अधिक बोझ डालने से ध्यान लगाने की क्षमता, इमोशनल स्टेबिलिटी, डिसीजन मेकिंग कैपेसिटी और शारीरिक स्वास्थ्य पर गलत असर पड़ सकता है।