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रांची : झारखंड सरकार ने महिला सशक्तिकरण को बढ़ाने के लिए मंईयां सम्मान योजना की शुरुआत की थी। झारखंड सरकार के इस योजना के तहत पहले राज्य की सभी महिलाओं को हर महीने 1000 रुपये सीधे खाते में ट्रांसफर कर दी जा रही थी। जैसी ही झारखंड विधानसभा चुनाव नजदीक आया हेमंत सरकार ने विधानसभा चुनाव से ठीक पहले महीने के 1000 रुपये की राशि को बढ़ाकर 2500 रुपये करने का ऐलान कर दिया था।
हेमंत सरकार ने कहा था कि अगर हमारी सरकार की फिर से वापसी होती है, तो पहले कैबिनेट में मंईयां सम्मान की राशि को बढ़ाकर 2500 रुपये कर देगें। हेमंत सोरेन का यह स्कीम झारंखड में झामुमो का लगातार वापसी के लिए एक रामबाण साबित हुआ और झारखंड में एक बार फिर से हेमंत सोरेन की सरकार बन गई है। झारखंड के महिलाओं के खाते में 2500 रुपये वाली किस्त बीते 11 दिसंब को आनी थी, पर अभी तक नहीं आ पाई है। सरकार ने बताया है कि क्रिसमस के समय 2500 रुपये आ खाते में डाल दिए जाएंगे। ऐसे में आज हम बात करने वाले हैं कि झारखंड के किन महिलाओं के खाते में महीने के 2500 रुपये नहीं आएंगे। इसके लिए पढ़ते जाइए इस आर्टिकल को अंत तक…
महिलाओं के खाते में 2500 रुपये की राशी देने से पहले राज्य सरकार ने एक क्राइटेरिया बना ली है। अब राज्य सरकार ने महिलाओं को देने वाली मंईयां सम्मान योजना का लाभ लेने वाली महिलाओं के लिए कड़े गाइडलाइंस जारी कर दिए हैं। सामाजिक सुरक्षा विभाग की निदेशक ने बीते तीन दिसंबर को सभी जिलों के उपायुक्त को पत्र भेजकर ऐसे लाभुकों को चिह्नित करने और योजना से बाहर करने का निर्देश दे दिया है।
जारी पत्र के मुताबिक, जिन महिलाओं के पति किसी भी तरह के सरकारी या सरकारी सहायता प्राप्त संस्थान में मानदेय या निविदा पर भी काम कर रहे हैं उन्हें लाभ से वंचित कर दिया जाएगा। ऐसी महिलाएं मंईयां सम्मान योजना का लाभ नहीं ले पाएंगी। इसके साथ ही जिन महिलाओं के पति के ईपीएफओ कटते हैं वैसी महिलाएं भी इस योजना का लाभ नहीं ले सकेंगी।
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आपको जानकारी के लिए बताते चलें कि अबतक इस योजना में 53 लाख 63 हजार 354 महिलाओं को लाभ की स्वीकृति मिली हुई है। जबकि 64 लाख 42 हजार 005 महिलाओं ने इसके लिए कुल आवेदन कर रखा है। नए प्रविधान के मुताबिक ऐसे अयोग्य लोगों की पहचान इसी साल दिसंबर महीने तक पूरी कर लेनी है। इसके साथ ही क्रइटेरिया में नहीं पाए गए महिलाओं को पोर्टल से बाहर कर दिया जाएगा। ध्यान देने वाली एक और बात है कि 21 साल से कम और 49 साल से ज्यदा उम्र वाली महिलाओं को झारखंड सरकार की इस योजना का फायदा नहीं मिलने वाला है।






