
सांकेतिक तस्वीर (AI जनरेटेड)
Internet User Increment: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जब देश की सत्ता की बागडोर संभाली थी तो शहरों को स्मार्ट करने यानी स्मार्ट सिटी बनाने का वादा किया था। शहरी विकास में इसका असर भी दिखा। लेकिन दूसरी तरफ ग्रामीण इलाकों से जुड़ी एक ऐसी रिपोर्ट सामने आई है जो इस बात की तस्दीक कर रही है कि शहरों से ज्यादा भारत के गांव स्मार्ट हैं।
दरअसल, इंटरनेट एंड मोबाइल एसोसिएशन ऑफ इंडिया (IAMAI) और कैंटा ने एक रिपोर्ट जारी की है। इस रिपोर्ट में बताया गया है कि भारत में इंटरनेट यूजर्स की संख्या शहरों के मुकाबले ग्रामीण इलाकों में चार गुना अधिक बढ़ी है। इसका दूसरा अर्थ यह है कि भारतीय गांव डिजटल इंडिया की रोड पर तेजी से गतिमान हैं।
पिछले साल भारत में इंटरनेट यूजर्स की संख्या में 8% की बढ़ोतरी हुई, जिससे यह संख्या 958 मिलियन तक पहुंच गई। इस ग्रोथ का श्रेय ग्रामीण इलाकों में इंटरनेट की बढ़ती पहुंच, शॉर्ट-फॉर्म वीडियो की लोकप्रियता और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते इस्तेमाल को जाता है। जहां शहरी इलाकों में इंटरनेट ग्रोथ 3% थी, वहीं ग्रामीण इलाकों में यह काफी ज्यादा 12% थी।
| वर्ष | कुल | शहरी | ग्रामीण |
|---|---|---|---|
| 2019 | 57.4 | 30.9 | 26.4 |
| 2020 | 62.2 | 32.3 | 29.9 |
| 2021 | 69.2 | 34.1 | 35.1 |
| 2022 | 75.9 | 36.0 | 39.9 |
| 2023 | 82.1 | 37.8 | 44.2 |
| 2024 | 88.6 | 39.7 | 48.8 |
| 2025 | 95.8 | 41.0 | 54.8 |
इन आंकड़ों को अगर आबादी के लिहाज से देखा जाए तो भी बड़ा बदलाव नजर आता है। क्योंकि देश की 153.7 करोड़ आबादी में से करीब 55 करोड़ ग्रामीण आबादी के लोग इंटरनेट उपयोग करते हैं। साल 2019 से 2025 के बीच ग्रामीण यूजर्स की संख्या 100 फीसदी से अधिक बढ़ोतरी के साथ 26.4 करोड़ से बढ़कर 54.8 करोड़ हो गई है।
| वर्ष | कुल | शहरी | ग्रामीण |
|---|---|---|---|
| 2019 | 11% | 24% | 45% |
| 2020 | 4% | 8% | 13% |
| 2021 | 5% | 11% | 18% |
| 2022 | 6% | 10% | 14% |
| 2023 | 5% | 8% | 11% |
| 2024 | 5% | 8% | 10% |
| 2025 | 3% | 8% | 12% |
वैसे तो बीते कुछ वर्षों में इंटरने यूजर्स में बढ़त कम हुई है। लेकिन आने वाले दिनों में इस तरह का इजाफा और देखने को मिल सकता है। क्योंकि वित्त मंत्री ने इस बार बजट भाषण में कहा है कि भारत का एनिमेशन, विज़ुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स (AVGC) सेक्टर तेजी से बढ़ रहा है और 2030 तक इसमें लगभग 20 लाख प्रोफेशनल्स की जरूरत होगी। इसलिए स्कूल और कॉलेज लेवल पर स्टूडेंट्स को इस फील्ड में ट्रेनिंग देना बहुत जरूरी है।
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आम बजट 2026-27 में इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजीज को 15,000 स्कूलों और 500 कॉलेजों में AVGC कंटेंट क्रिएटर लैब स्थापित करने में मदद करने का प्रस्ताव रखा गया है। इन लैब्स में स्टूडेंट्स को एनिमेशन, गेम डिजाइन, वीडियो एडिटिंग, VFX और डिजिटल स्टोरीटेलिंग जैसी स्किल्स सिखाई जाएंगी।
Ans: IAMAI-कांटा रिपोर्ट के अनुसार ग्रामीण इलाकों में इंटरनेट की सुलभता, सस्ते स्मार्टफोन, डेटा की कम कीमत और शॉर्ट-फॉर्म वीडियो व AI-आधारित फीचर्स की लोकप्रियता के चलते इंटरनेट यूजर्स की संख्या शहरों के मुकाबले चार गुना तेजी से बढ़ी है।
Ans: पिछले साल भारत में इंटरनेट यूजर्स की संख्या 8% बढ़कर 958 मिलियन तक पहुंच गई। इस दौरान शहरी इलाकों में ग्रोथ 3% रही, जबकि ग्रामीण इलाकों में यह 12% दर्ज की गई, जो डिजिटल इंडिया अभियान की ग्रामीण सफलता को दर्शाती है।
Ans: सरकार का मानना है कि AVGC सेक्टर के विस्तार से डिजिटल स्किल्स, कंटेंट क्रिएशन और इंटरनेट उपयोग में और तेजी आएगी। इसी वजह से बजट 2026-27 में 15,000 स्कूलों और 500 कॉलेजों में AVGC कंटेंट क्रिएटर लैब स्थापित करने का प्रस्ताव रखा गया है, जिससे डिजिटल इकोसिस्टम को मजबूत किया जा सके।






