गुजरात में पाकिस्तान से हथियार लेकर आया डॉक्टर गिरफ्तार, रची जा रही थी आतंकी हमले की साजिश

Terror Plot: गुजरात में पकड़ा गया हैदराबाद का डॉक्टर अहमद मोहियुद्दीन सैयद ISIS से जुड़ी आतंकी साजिश का मास्टरमाइंड निकला, जो राइसिन ज़हर और हथियारों के साथ हमलों की तैयारी कर रहा था।
Doctor arrested in Gujarat for carrying weapons from Pakistan
आरोपी (सोर्स- सोशल मीडिया)
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Hyderabad Doctor Linked to ISIS Terror Plot: भारत की सुरक्षा एजेंसियों ने एक बड़े आतंकी खतरे को समय रहते नाकाम कर दिया। गुजरात एटीएस ने एक डॉक्टर को गिरफ्तार किया, जिसके पास ज़हर और हथियार बरामद हुए। जांच में खुलासा हुआ कि वह ISIS आतंकी संगठन से जुड़ा था। उसका मकसद भारत के कई बड़े शहरों में ज़हरीले हमले करना था।

ISIS साजिश का पर्दाफाश

गुजरात पुलिस के आतंकवाद निरोधक दस्ते (एटीएस) ने 35 वर्षीय हैदराबाद के डॉक्टर अहमद मोहियुद्दीन सैयद को 8 नवंबर को गिरफ्तार किया। वह अहमदाबाद-मेहसाणा रोड पर अडालज टोल प्लाजा से पकड़ा गया, जब वह अपनी सिल्वर हैचबैक कार में जा रहा था। सैयद के पास से दो ग्लॉक पिस्तौल, एक बेरेटा, 30 जिंदा कारतूस और 4 किलो अरंडी के बीज मिले, जिनसे राइसिन ज़हर तैयार किया जा सकता है।

ड्रोन से आई तस्करी और हथियारों की सप्लाई

पूछताछ में सामने आया कि हथियार पाकिस्तान से ड्रोन के ज़रिए राजस्थान के हनुमानगढ़ तक पहुँचाए गए थे। इन हथियारों की सप्लाई यूपी के आज़ाद सुलेमान शेख (20) और मोहम्मद सुहैल सलीम खान (23) ने की थी। दोनों को भी एटीएस ने गिरफ्तार कर लिया है। बताया गया कि वे चीन से एमबीबीएस की पढ़ाई कर चुके डॉक्टर को हथियार उपलब्ध करा रहे थे।

रिसिन- घातक ज़हर जिससे नहीं बचती जान

राइसिन एक बेहद घातक विषैला पदार्थ है, जो अरंडी के बीजों से निकलता है। इसे अगर निगल लिया जाए, सांस के ज़रिए शरीर में जाए या इंजेक्शन से दिया जाए, तो इसका कोई इलाज नहीं है। हालांकि अरंडी के तेल में यह ज़हर नहीं होता, क्योंकि उसका उपयोग त्वचा की देखभाल और औद्योगिक उत्पादों में होता है।

ISIS से कनेक्शन और हमलों की साजिश

एटीएस के अनुसार, डॉक्टर सैयद अफ़ग़ानिस्तान स्थित आईएस-खुरासान प्रांत के आतंकी अबू ख़दीजा के संपर्क में था। वह भारत के लखनऊ, दिल्ली और अहमदाबाद जैसे शहरों में ज़हरीले हमलों की साजिश रच रहा था। डॉक्टर बड़ी मात्रा में राइसिन तैयार कर रहा था, जिससे सामूहिक ज़हर फैलाने की योजना थी।

जांच और कार्रवाई जारी

डीएसपी एस.एल. चौधरी के नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई से एक बड़ा आतंकी नेटवर्क बेनकाब हुआ। तीनों आरोपियों और फरार अबू ख़दीजा के खिलाफ यूएपीए और शस्त्र अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। स्थानीय अदालत ने सैयद को 17 नवंबर तक एटीएस की हिरासत में भेज दिया है। अधिकारियों के अनुसार, अब भी कई और संदिग्धों की तलाश जारी है ताकि पूरी साजिश का पर्दाफाश हो सके।

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