Cardiorespiratory Arrest: प्रतीक यादव की मौत कार्डियोरेस्पिरेटरी अरेस्ट से हुई, क्या है इसके लक्षण और बचाव
Symptoms Of Cardiorespiratory Arrest: प्रतीक यादव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की वजह कार्डियोरेस्पिरेटरी कोलैप्स बताई गई है। जानिए क्या है इसके लक्षण और पल्मोनरी एम्बोलिज्म से बचाव के तरीके।
- Written By: रीता राय सागर
प्रतीक यादव (सौ. सोशल मीडिया)
Cardiorespiratory Arrest Causes: समाजवादी पार्टी के मुखिया और उत्तरप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री के भाई प्रतीक यादव का गंभीर परिस्थितियों में मौत हो गई। उनके पोस्टमार्टम रिपोर्ट से यह सामने आया कि वे कई बीमारियों से जूझ रहे थे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की वजह कार्डियोरेस्पिरेटरी कोलैप्स बताया गया।
इसके साथ ही प्रतीक को 2 साल पहले डीप वेन थ्रोम्बोसिस (DVT) हुआ था और अभी कुछ हफ्ते पहले उन्हें पल्मोनरी एम्बोलिज़्म होने का भी पता चला था। जब कि अखिलेश यादव की मानें, तो प्रतीक फिटनेस को लेकर काफी सजग थे। ऐसे में सवाल यह उठता है कि सेहत का ध्यान रखने के बावजूद यह कैसे हुआ।
क्या है कार्डियोरेस्पिरेटरी अरेस्ट
कार्डियोरेस्पिरेटरी अरेस्ट एक गंभीर स्थिति होती है, जिसमें खून के थक्के फेफड़ों तक पहुंच जाते है। इस कंडीशन में दिल व फेफड़े सही से काम नहीं करते हैं। इसकी वजह से दिल की बीमारी, सांस लेने में समस्या या फिर कोई अन्य दूसरी मेडिकल कंडीशन्स हो सकती है।
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कार्डियोरेस्पिरेटरी अटैक की मुख्य वजह हार्ट का सही तरीके से फंक्शन न करना भी हो सकता है। लेकिन इस परिस्थिति में दिल के साथ-साथ फेफड़े भी काम करना बंद कर देते हैं। शरीर के हर एक अंग और कोशिकाओं में ब्लड सर्कुलेशन के जरिए ऑक्सीजन पहुंचता है और जब यह सिस्टैमिक तरीके से नहीं होता, तो ये काम करना बंद कर देता हैं।
क्या है इस बीमारी के प्रारंभिक लक्षण
- अचानक से दिल की धड़कन का तेज होना
- थकान महसूस होना और साथ में जी मिचलाना
- सीने में तेज दर्द
- सांस लेने में परेशानी
कैसे बचें इस गंभीर बीमारी से
इस बीमारी से बचाव के लिए स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की सलाह दी जाती है। हेल्दी लाइफ स्टाइल के साथ ही रेगुलर एक्सरसाइज, सही खानपान और धूम्रपान न करना मददगार हो सकता है।
क्या है पल्मोनरी एम्बोलिज्म
पल्मोनरी एम्बोलिज्म एक ऐसी स्थिति को कहा जाता है, जहां धमनियों में खून का थक्का जम जाता है और ब्लड फ्लो रूक जाता है। ऑक्सीजन का बहाव कम होने की वजह से दिल पर दबाव बनता है और दिल की फंक्शनिंग रूक जाती है और जान चली जाती है। हांलाकि समय रहते उपचार मिलने पर व्यक्ति को बचाया जा सकता है।
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क्या है पल्मोनरी एम्बोलिज्नम से बचाव के उपाय
इस बीमारी से बचने के लिए बहुत देर तक बैठने से बचें। अगर डेस्क जॉब करते हैं, तो थोड़ी-थोड़ी देर पर छोटी-छोटी वॉक लेना चाहिए। एक्ट्रेस करीना कपूर की न्यूट्रीशनिस्ट ऋजुता दिवेकर बताती हैं कि यदि आप डेस्क जॉब करते हैं, तो हर 30 मिनट के बीच में 3 मिनट की वॉक लें। खड़े होकर शरीर को स्ट्रेच करें। ऐसे कई योगासन हैं, जो कुर्सी पर बैठकर भी किया जा सकता है। इस बीमारी में सर्जरी के बाद आराम मिल सकता है, लेकिन लाइफ स्टाइल में बदलाव ही इसका एक मात्र उपाय है।
