

Religious Fasting And Health Benefits : कोई भी पूजा-पाठ या त्योहार होता है, तो लोग व्रत जरूर रखते हैं। लगभग सभी धर्मों में व्रत रखने की परंपरा सदियों से चली आ रही है। सिर्फ धार्मिक आस्था ही नहीं, आजकल कई लोग बेहतर सेहत और फिटनेस के लिए भी हफ्ते में एक दिन उपवास रखना पसंद करते हैं। हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, फास्टिंग यानी व्रत करने से न सिर्फ वेट लॉस होता है बल्कि स्वास्थ्य से जुड़े अन्य फायदे भी होते हैं।
हफ्ते में एक दिन उपवास रखने से कॉलेस्ट्रॉल कम होता है और मांसपेशियां अच्छे से काम कर पाती हैं, जिससे हार्ट मजबूत होता है और हार्ट संबंधी बीमारियों से बचाव होता है। अगर आप चाहते है कि आपका हार्ट हेल्थ ठीक रहे तो हफ्ते में एक दिन उपवास जरुर रखें।
फास्टिंग करने से अनावश्यक क्रेविंग और ईटिंग हैबिट पर रोक लगती है। ऐसा इसलिए क्योंकि व्रत में आनंद लेने के लिए कोई नहीं खाता, मात्र जरूरत भर खाता है। इससे अनावश्यक कैलोरी और फैट शरीर में नहीं जाता है और मोटापे से बचाव होता है।
हेल्थ एक्सपर्ट के अनुसार, अगर स्वस्थ व्यक्ति सही तरीके से सप्ताह में एक दिन उपवास रखता है, तो इससे पाचन तंत्र को कुछ समय का आराम मिल सकता है। फास्टिंग से शरीर के टॉक्सिन फ्लश हो जाते हैं और पाचन शक्ति बढ़ जाती है। यह पेट में एसिडिटी के लेवल को भी नियंत्रित करता है।
उपवास रखने से ब्लड प्रेशर भी कंट्रोल रहता है। फास्टिंग यानी व्रत के दौरान खाने में नमक की मात्रा कम होने से और यूरीन से एक्स्ट्रा नमक शरीर से निकल जाने के कारण फास्टिंग से ब्लड प्रेशर भी कंट्रोल में रहता है।
उपवास रखने से कैंसर से भी बचाव होता है। फास्टिंग से कैंसर की कोशिकाएं मरती नहीं हैं, लेकिन इससे इन्हें पोषण नहीं मिलता है, जिससे कैंसर से बचाव होता है।
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उपवास का मतलब पूरे दिन पानी न पीना या जरूरत से ज्यादा भूखे रहना नहीं है। शरीर को हाइड्रेट रखने के लिए पर्याप्त पानी पीना जरूरी है। अगर आपका उपवास इसकी अनुमति देता है, तो फल, दही, दूध, मेवे और हल्के पौष्टिक खाद्य शामिल करें।
व्रत खोलते समय एक साथ बहुत ज्यादा भोजन करने से बचें, क्योंकि इससे पाचन संबंधी परेशानी हो सकती है। चाय, कॉफी, मीठे पेय और तले हुए वाले खान पान का ज्यादा खाने भी फायदे की जगह नुकसान पहुंचा सकता है।