स्क्रीन टाइम को कम करने के लिए पैरेंट्स अपनाएं 5 तरीके (सौ. सोशल मीडिया)
Parenting Tips in Hindi: आजकल बच्चे टेक्नोलॉजी से लगातार जुड़ते जा रहे है इसकी वजह से सीखने की बजाय बुरी तरह प्रभावित भी हो रहे है। बच्चे मोबाइल पर कार्टून देखते है तो माता-पिता के मना करने पर मोबाइल देखने की जिद करते है। वहीं पर मोबाइल देखने से बच्चों के मानसिक सेहत पर तो असर पड़ता है साथ ही स्क्रिन पर घंटों बिताने की वजह से आंखें भी कमजोर होने लगती है।
बच्चों के मोबाइल देखने की आदत उन्हें कमजोर और इनएक्टिव बना देती है। बच्चों की सेहत को सही करने के लिए आज हम कुछ खास टिप्स और ट्रिक्स लेकर आए है जो असरदार होती है।
छोटे बच्चों में मोबाइल की लत छुड़ाने के लिए आप इन खास तरीकों को अपना सकते है जो फायदेमंद होते है।
1- छोटे बच्चों को मोबाइल देने का लालच बिल्कुल ना दें। किसी भी काम या खाना खिलाने, पढ़ाई के लिए मोबाइल नहीं देना चाहिए। अभिभावक को मोबाइल देने की बजाय आप टाइम टू टाइम पढ़ाई करवाएं या बच्चों की एक्टिविटी पर ध्यान दें।
2- अगर अभिभावक अपने बच्चे को मोबाइल देते है तो उसके लिए समय तय करना जरूरी है। बच्चों को ज्यादा से ज्यादा स्क्रीनटाइम 2 घंटा होना चाहिए इसमें फोन,टीवी और टैब सब कुछ मिलाकर होता है। आप बच्चों से फोन छीनने की बजाय उसके इस्तेमाल से होने वाले नकारात्मक प्रभाव के बारे में समझा सकते है।
3- हमेशा ऐसा व्यवहार करें जो बच्चों में अच्छी आदतों को विकसित करता हो। छोटे बच्चों के लिए माता-पिता रोल मॉडल होते है। भले ही आप निजी जिंदगी में एक-दूसरे के लिए सही न हो बच्चों के लिए माता-पिता के रूप में सही होना जरूरी होता है।
4- माता-पिता अगर वर्किंग है तो आपको बच्चों के लिए समय निकालना जरूरी है। उसे मोबाइल देने की बजाय आप उसे दूसरी फिजिकल एक्टिविटीज जैसे आउटडोर गेम्स, पेंटिंग, क्राफ्ट, स्केटिंग, स्विमिंग में पार्टिसिपेट जरूर करवाएं। इससे शारीरिक और मानसिक रूप से हेल्दी होते है।
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5- अपने काम की वजह से बच्चे को मोबाइल नहीं देना चाहिए। इसकी जगह आप उन्हें कुछ फिजिकल एक्टिविटी बता सकते हैं। मोबाइल देने से आपका बच्चा क्या देख रहा है और क्या सीख रहा है इसका पता नहीं चल पाता है।