Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • विदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी न्यूज़
  • फैक्ट चेक
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो

  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • होम
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

बजट: बिहार को मिला केंद्रीय करों का बड़ा हिस्सा, जानें पिछले 5 वर्षों में कैसे बढ़ी राज्य की वित्तीय हिस्सेदारी

Bihar Budget: वित्त वर्ष 2026-27 के केंद्रीय बजट में बिहार के लिए ₹1,51,831 करोड़ के कर हिस्से का प्रावधान किया गया है। यह चालू वित्त वर्ष की तुलना में ₹13,316 करोड़ की महत्वपूर्ण वृद्धि है।

  • Written By: आंचल लोखंडे
Updated On: Feb 01, 2026 | 09:28 PM

Bihar budget 1.51 lakh crore tax (सोर्सः सोशल मीडिया)

Follow Us
Close
Follow Us:

New Delhi/Patna: केंद्रीय बजट 2026-27 के दस्तावेजों ने बिहार के लिए राहत भरी खबर साझा की है। केंद्र सरकार के विभाज्य कोष (Divisible Pool) से बिहार को मिलने वाली हिस्सेदारी में भारी बढ़ोत्तरी दर्ज की गई है। वित्त वर्ष 2026-27 में बिहार को केंद्रीय करों के रूप में ₹1,51,831 करोड़ प्राप्त होंगे, जो कि पिछले वित्त वर्ष (2025-26) के ₹1,38,515 करोड़ की तुलना में ₹13,316 करोड़ अधिक है।

पांच वर्षों में बिहार की हिस्सेदारी का ग्राफ

अर्थशास्त्री डॉ. सुधांशु कुमार के अनुसार, केंद्रीय करों की वसूली में हो रही निरंतर वृद्धि का सीधा लाभ राज्यों को मिल रहा है। बिहार के संदर्भ में यह बढ़ोत्तरी पिछले पांच वर्षों में काफी प्रभावशाली रही है।

वित्त वर्ष आवंटित राशि (करोड़ रुपये में)

  • 2021-22 86,942
  • 2022-23 97,767
  • 2023-24 1,14,289
  • 2024-25 1,28,151
  • 2025-26 1,38,515
  • 2026-27 (अनुमानित) 1,51,831

सेस और सरचार्ज पर तकरार बरकरार

भले ही करों की हिस्सेदारी बढ़ी है, लेकिन बिहार की एक पुरानी मांग अब भी अधूरी है। बजट पूर्व बैठक में बिहार के वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने केंद्र से ‘सेस’ (उपकर) और ‘सरचार्ज’ (अधिभार) को भी विभाज्य कोष का हिस्सा बनाने की पुरजोर वकालत की थी। बिहार का तर्क है कि सेस और सरचार्ज की हिस्सेदारी 2011-12 के 10.4% से बढ़कर अब 13.6% हो गई है। चूंकि ये केंद्र के विशेष कोष का हिस्सा होते हैं, इसलिए राज्यों को उनके संवैधानिक हिस्से का नुकसान उठाना पड़ता है। हालांकि, मौजूदा बजट में भी इन्हें विभाज्य कोष के दायरे में नहीं लाया गया है।

ये भी पढ़े: Budget 2026: मध्यम वर्ग को 440 वोल्ट का झटका! वो 5 बड़ी उम्मीदें, जिन्हें निर्मला सीतारमण ने बजट में तोड़ा

सम्बंधित ख़बरें

‘विकसित भारत 2047’ का रोडमैप: सरकार ने पहचाने 7 रणनीतिक क्षेत्र, विनिर्माण की मजबूती के लिए बजट में भारी आवंटन

बजट 2026: अल्पसंख्यक मंत्रालय का बजट बढ़ा ₹1240 करोड़, धर्मगुरुओं की आई पहली प्रतिक्रिया

बजट 2026 पर अमित शाह का बड़ा बयान, ₹12.2 लाख करोड़ का निवेश बदलेगा भारत की तस्वीर

बजट 2026: बेंगलुरु, वाराणसी और सूरत बनेंगे ‘शहरी आर्थिक क्षेत्र’; विकास के लिए ₹35,000 करोड़ का मास्टरप्लान

विकास की उम्मीदें

विशेषज्ञों का मानना है कि केंद्रीय करों में इस वृद्धि से बिहार सरकार को अपनी कल्याणकारी योजनाओं और बुनियादी ढांचे (सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य) के विस्तार के लिए अतिरिक्त वित्तीय संसाधन प्राप्त होंगे। यह वृद्धि वित्त आयोग की अनुशंसाओं और केंद्र की कर वसूली में आई मजबूती का परिणाम है।

Bihar share central taxes budget 2026 27 increase analysis

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Feb 01, 2026 | 09:27 PM

Topics:  

  • Bihar
  • Budget 2026
  • Nirmala Sitharman

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.