बांग्लादेशी राष्ट्रपति ने किया सरकार पर लगाए गंभीर आरोप (सोर्स- सोशल मीडिया) 
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यूनुस ने किया बेइज्जत...बांग्लादेश के राष्ट्रपति ने किया बड़ा खुलासा, सरकार पर लगाए गंभीर आरोप

Bangladesh Political Crisis: बांग्लादेश के राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन ने कहा कि वह फरवरी में होने वाले चुनाव के बाद पद छोड़ना चाहते हैं, क्योंकि उन्हें मोहम्मद यूनुस की सरकार ने अपमानित किया है।

अक्षय साहू

Bangladesh President Resigns: बांग्लादेश के राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन ने हाल ही में यह कहा है कि वह फरवरी में होने वाले संसदीय चुनाव के बाद अपने पद से इस्तीफा देना चाहते हैं। उन्होंने बताया कि उन्हें नोबेल पुरस्कार विजेता मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार द्वारा अपमानित और साइडलाइन किया जा रहा है। शहाबुद्दीन ने कहा कि वह अब इस पद पर बने नहीं रहना चाहते क्योंकि उन्हें पूरी तरह से हाशिए पर धकेल दिया गया है।

शहाबुद्दीन को 2023 में अवामी लीग के उम्मीदवार के तौर पर निर्विरोध राष्ट्रपति चुना गया था। भारत की तरह बांग्लादेश में भी राष्ट्रपति का पद मुख्य रूप से औपचारिक होता है, और असली कार्यकारी शक्ति प्रधानमंत्री और मंत्रिमंडल के पास होती है। हालांकि, अगस्त 2024 में छात्र आंदोलन के कारण प्रधानमंत्री शेख हसीना को देश छोड़ना पड़ा और संसद को भंग कर दिया गया, जिसके बाद राष्ट्रपति ही देश के संवैधानिक रूप से अधिकृत पदाधिकारी रह गए थे।

चुनाव के बाद कार्यकाल समाप्त

शहाबुद्दीन ने कहा कि वह केवल संवैधानिक जिम्मेदारी के तहत पद पर बने हुए हैं, और चुनाव तक ही उनका यह कार्यकाल रहेगा। राष्ट्रपति ने यह भी आरोप लगाया कि मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार ने उन्हें पूरी तरह से नजरअंदाज किया है। उन्होंने ने बताया कि उन्हें यूनुस से पिछले सात महीनों में कोई मुलाकात नहीं हुई।

इसके अलावा, उनके प्रेस विभाग को हटा दिया गया और सितंबर में बांग्लादेश के सभी दूतावासों और मिशनों से उनकी तस्वीरें हटा दी गईं। शहाबुद्दीन ने कहा कि यह कदम बहुत अपमानजनक था और इससे यह संदेश जाता है कि राष्ट्रपति को पद से हटा दिया गया है। राष्ट्रपति शहाबुद्दीन ने इस मामले में यूनुस को पत्र भी लिखा, लेकिन उन्होंने इसका कोई जवाब नहीं दिया। 

आवाज दबाने का आरोप

शहाबुद्दीन का कहना था कि उनकी आवाज को दबा दिया गया है और वह अब इस स्थिति से बाहर निकलना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि वह केवल चुनाव के बाद ही पद छोड़ेंगे और इसके बाद अपनी जिम्मेदारी से मुक्त हो जाएंगे। शहाबुद्दीन की यह टिप्पणी बांग्लादेश के राजनीतिक माहौल में एक नई चर्चा का कारण बनी है। चुनाव से पहले राष्ट्रपति का इस्तीफा देना एक बड़ा घटनाक्रम हो सकता है, और यह देखना होगा कि आने वाले दिनों में बांग्लादेश की राजनीति में क्या बदलाव आता है।

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