ट्रंप का कराया एक और समझौता तार-तार...M23 विद्रोहियों ने कांगो में किया कत्लेआम, 400 लोगों की मौत

Rwanda-Congo War: रवांडा समर्थित M23 विद्रोही समूह ने कांगो के दक्षिण किवु प्रांत में हमले तेज़ कर दिए, जिसमें 400 से अधिक नागरिक मारे गए, जबकि शांति समझौता टूट चुका है।
rwanda-backed-m23-rebels-massacre-400-in-congo-trump-deal-crisis
सांकेतिक तस्वीर
Published on
Updated on

M23 Rebels Major Attack in Congo: कांगो और रवांडा के बीच हाल ही में संघर्ष तेज हो गया है। शुक्रवार को क्षेत्रीय अधिकारियों ने बताया कि रवांडा समर्थित M23 विद्रोही समूह ने कांगो के दक्षिण किवु प्रांत में हमले बढ़ा दिए हैं, जिसमें 400 से ज्यादा नागरिकों की मौत हो चुकी है। अधिकारियों का कहना है कि रवांडा की स्पेशल फोर्सेज उविरा नामक शहर में हैं, जो रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है। 

यह हमला अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मध्यस्थता में कांगो और रवांडा के राष्ट्रपतियों के बीच हुए शांति समझौते के बावजूद हुआ है। यह शांति समझौता पिछले हफ्ते वॉशिंगटन में साइन हुआ था, लेकिन इसमें M23 को शामिल नहीं किया गया, जो एक बड़ी समस्या बन गई। M23 विद्रोही समूह कांगो से अलग बातचीत कर रहा है और दोनों पक्ष एक-दूसरे पर युद्धविराम तोड़ने का आरोप लगा रहे हैं। हालांकि, समझौते के अनुसार रवांडा को सशस्त्र समूहों का समर्थन रोकने और शत्रुता खत्म करने का आदेश था।

400 से ज्यादा नागरिकों की मौत

कांगो के दक्षिण किवु प्रांत के अधिकारियों ने बताया कि उविरा और बुकावू के बीच 400 से ज्यादा नागरिक मारे गए हैं, जिनमें महिलाएं, बच्चे और युवा शामिल हैं। किवु सरकार ने आरोप लगाया कि रवांडा की स्पेशल फोर्सेज और विदेशी सैनिक युद्धविराम और समझौते का उल्लंघन कर रहे हैं।

M23 ने उविरा शहर पर कब्जा करने का दावा किया है, जो बुरुंडी के पास स्थित है। बुरुंडी के विदेश मंत्री ने अमेरिका से रवांडा पर दबाव डालने की अपील की है ताकि समझौते को लागू किया जा सके। उन्होंने चेतावनी दी कि उविरा पर कब्ज़ा बुरुंडी की आर्थिक राजधानी बुजुम्बुरा के लिए खतरा है। इस संघर्ष के कारण हजारों लोग बुरुंडी भाग गए हैं।

अफ्रीकी संघ ने जताई चिंता

अफ्रीकी संघ के अध्यक्ष ने सभी पक्षों से संयम बरतने और शांति की दिशा में काम करने की अपील की है। यह संघर्ष पूर्वी कांगो में खनिजों से भरपूर इलाकों में हो रहा है, जहां 100 से अधिक सशस्त्र समूह सक्रिय हैं। संयुक्त राष्ट्र के अनुसार, इस संघर्ष के कारण 70 लाख से ज्यादा लोग विस्थापित हो चुके हैं और 2 दिसंबर से अब तक 2 लाख लोग कांगो के भीतर विस्थापित हो चुके हैं।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com