खेल के मैदान में व मंच पर मंत्री शिवेंद्रसिंहराजे भोसले (सोर्स: एआई फोटो) 
सातारा

उदयनराजे और मैं अंपायर, हम ही तय करेंगे कौन आउट और कौन नॉट आउट, सातारा में शिवेंद्रसिंहराजे की सियासी बल्लेबाज

Satara Politics News: मंत्री शिवेंद्रसिंहराजे भोसले ने मैदान पर की चौकों-छक्कों की बारिश, साथ ही नगरसेवकों को दी एकजुटता की नसीहत। जानिए क्या है उनका अंपायर वाला बयान।

गोरक्ष पोफली

Shivendrasingh Raje Bhosle Statement: सातारा में राजनीति और क्रिकेट का एक अनूठा संगम देखने को मिला। अवसर था छत्रपति शाहू स्टेडियम में आयोजित मंत्री शिवेंद्रसिंहराजे भोसले क्रिकेट कप का। इस टूर्नामेंट की शुरुआत के साथ ही मैदान पर एक ओर खेल का रोमांच छाया रहा, तो दूसरी ओर मंत्री शिवेंद्रसिंहराजे भोसले की आक्रामक बल्लेबाजी और उनके राजनीतिक चुटकुलों ने महफिल लूट ली।

मैदान पर दिखाई आक्रामकता

सातारा की राजनीति में अपनी बेबाक और आक्रामक शैली के लिए पहचाने जाने वाले शिवेंद्रसिंहराजे भोसले ने जब क्रिकेट के मैदान पर कदम रखा, तो उनका अंदाज बिल्कुल वैसा ही था जैसा राजनीतिक मंच पर होता है। उन्होंने बल्ला थामते ही मैदान के चारों ओर जोरदार बल्लेबाजी की। चौकों और छक्कों की बरसात करते हुए उन्होंने न केवल खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया, बल्कि यह भी साबित कर दिया कि वे खेल के मैदान में भी किसी से कम नहीं हैं।

राजनीतिक तंज और अंपायर वाला बयान

मैदान पर चौके-छक्के जड़ने के साथ ही शिवेंद्रसिंहराजे ने अपने चिर-परिचित अंदाज में उपस्थित नगरसेवकों पर राजनीतिक निशाना भी साधा। उन्होंने एक बयान देते हुए कहा, सांसद उदयनराजे और मैं खुद अंपायर की भूमिका में रहेंगे। मैदान पर कौन कच्चा लिंबू (खेल में जिसे कमतर आंका जाता है) है, कौन आउट है और कौन नॉट आउट, यह हम दोनों तय करेंगे। उनके इस बयान पर स्टेडियम में उपस्थित कार्यकर्ताओं और क्रिकेट प्रेमियों में हंसी का फव्वारा छूट पड़ा।

दरअसल, हाल ही में सतारा नगर पालिका में नगर विकास आघाडी और सातारा विकास आघाडी के नगरसेवकों के बीच हुई नोकझोंक के बाद उनका यह बयान काफी मायने रखता है। उन्होंने नगरसेवकों को स्पष्ट संदेश देते हुए कहा कि अब वे अलग-अलग आघाड़ियों के नहीं, बल्कि भाजपा के नगरसेवक हैं, इसलिए उन्हें एकजुट होकर काम करना चाहिए।

मैदान से एकता का संदेश

मंत्री शिवेंद्रसिंहराजे भोसले ने सुझाव दिया कि नगरसेवकों के बीच जल्द ही एक क्रिकेट मैच का आयोजन किया जाए, जिसमें खिलाड़ियों को आपस में मिश्रित किया जाए। उन्होंने कहा, पुरानी पार्टीयों का झगड़ा भूलकर अब आप सभी भाजपा के नगरसेवक हैं। मैं और उदयनराजे भोसले अंपायर बनकर बैठेंगे। आप मैदान के बाहर कोई राजनीति न करें, बस खेल भावना से खेलें।

इस आयोजन के जरिए शिवेंद्रसिंहराजे ने न केवल युवाओं को खेल के लिए प्रोत्साहित किया, बल्कि अपने समर्थकों और स्थानीय नेताओं को एकजुटता का कड़ा संदेश भी दिया। क्रिकेट और राजनीति के इस मेल ने सतारा की फिजाओं में काफी चर्चा बटोरी है।

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