PWD Minister शिवेंद्रसिंहराजे भोसले की समीक्षा बैठक: विकास कार्यों में गुणवत्ता सर्वोच्च प्राथमिकता

PWD Minister Maharashtra: लोक निर्माण मंत्री ने छत्रपति संभाजीनगर में सड़कों और पुलों के निर्माण की प्रगति जांची। उन्होंने अधिकारियों को अस्पताल निर्माण और वृक्षारोपण पर विशेष निर्देश दिए।
PWD Minister Shivendrasinharaje Bhosale's Review Meeting: Quality in Development Works is the Highest Priority
शिवेंद्रसिंहराजे भोसले की समीक्षा बैठक (सार्स: सोशल मीडिया)
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PWD Minister Review Meeting: राज्य के लोक निर्माण (PWD) मंत्री शिवेंद्रसिंहराजे भोसले ने गुरुवार को छत्रपति संभाजीनगर में विभाग की एक उच्च स्तरीय क्षेत्रीय समीक्षा बैठक आयोजित की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य संभाग के अंतर्गत चल रहे विभिन्न विकास कार्यों की जमीनी हकीकत जानना और लंबित परियोजनाओं को गति प्रदान करना था। बैठक में वर्ष 2022 से अब तक पूर्ण किए गए कार्यों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया गया।

मंत्री ने विशेष रूप से ग्रामीण अधोसंरचना विकास निधि और हाइब्रिड एन्युटी मॉडल के तहत बनाई जा रही सड़कों और पुलों की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि कोई भी स्वीकृत परियोजना केवल कागजों पर न रहे, बल्कि उसका लाभ आम जनता को समय पर मिलना चाहिए।

गुणवत्तापूर्ण निर्माण और अस्पताल परियोजनाओं पर विशेष जोर

मंत्री भोसले ने समीक्षा के दौरान बुनियादी ढांचे के निर्माण में गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार के समझौते को अस्वीकार्य बताया। उन्होंने विशेष रूप से स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े निर्माण कार्यों पर ध्यान केंद्रित करते हुए बीड स्थित जिला अस्पताल और 200 बिस्तरों वाले महिला अस्पताल के भवन निर्माण की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली। मंत्री ने कहा कि शासकीय भवनों, विशेषकर अस्पतालों का निर्माण भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखकर किया जाना चाहिए और इसमें सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन होना चाहिए।

सड़क मरम्मत और भविष्य की बजट योजनाओं पर चर्चा

बैठक का एक अन्य महत्वपूर्ण हिस्सा पैठण और शिरूर क्षेत्रों में चल रही विकास योजनाओं और सड़कों की मरम्मत से जुड़ा था। मानसून के मद्देनजर मंत्री ने क्षेत्र की प्रमुख सड़कों पर बने गड्ढों को तुरंत भरने और जीर्ण-शीर्ण पुलों की मरम्मत करने के सख्त निर्देश दिए। साथ ही, वर्ष 2026 के बजट में स्वीकृत नए विकास कार्यों की प्रशासनिक प्रगति का भी आकलन किया गया। मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि पुराने कार्यों की मरम्मत के साथ-साथ नए प्रस्तावों को आधुनिक इंजीनियरिंग तकनीकों के साथ तैयार किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि बुनियादी ढांचे के विकास में देरी करने वाले ठेकेदारों और अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।

पर्यावरण संरक्षण और 'हरित परिसर' के निर्माण का निर्देश

विकास कार्यों के साथ-साथ मंत्री शिवेंद्रसिंहराजे भोसले ने पर्यावरण संतुलन बनाए रखने पर भी विशेष बल दिया। उन्होंने विभाग द्वारा चलाए गए वृक्षारोपण अभियान की स्थिति का जायजा लिया और निर्देश दिए कि केवल पौधे लगाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी उत्तरजीविता (Survival) सुनिश्चित करना विभाग की जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी विश्राम गृहों (Rest Houses) और शासकीय कार्यालय परिसरों को 'हरित परिसर' के रूप में विकसित करने और वहां लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करने को कहा।

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