Nagpur Zilla Parishad Fuel Saving Initiative: नागपुर युद्धजन्य हालातों के चलते प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ईंधन व ऊर्जा संसाधनों की बचत करने की अपील पर जिला परिषद के सीईओ व पूरे स्टाफ में अनोखी पहल शुरू कर उदाहरण पेश किया गया है।
स्वयं जिला परिषद सीईओ विनायक महामुनि अपने सहयोगी स्टाफ के साथ अपने निवास स्थल से जिप कार्यालय तक पैदल पहुंचे, उनके साथ उपमुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. कैलास घोडके, स्वीय सहायक उज्वल सजनवार, नरेंद्र मेश्राम, कीर्ति कपले और माधुरी पडोले ने भी पैदल मार्च किया। सभी ने पैदल कार्यालय पहुंचकर 'बदलाव की शुरुआत स्वयं से यह संदेश समाज तक पहुंचाने का प्रयास किया। महामुनि की इस पहल की महकमे में सराहना हो रही है।
सीईओ महामुनि महामुनि ने कहा कि वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों में विभिन्न देशों के बीच संघर्ष और उसके संभावित परिणामों को देखते हुए संसाधनों के मितव्ययी उपयोग तथा पर्यावरण-अनुकूल जीवनशैली अपनाने की आवश्यकता और अधिक महत्वपूर्ण हो गई है। इसी पृष्ठभूमि में प्रधानमंत्री द्वारा की गई अपील को प्रभावी रूप से लागू करने की शुरुआत प्रत्येक व्यक्ति को स्वयं से करनी चाहिए। उन्होंने जिला परिषद परिवार के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों से, यदि संभव हो तो कार्यालय आने के लिए पैदल चलने, साइकिल का उपयोग करने अथवा सार्वजनिक परिवहन अपनाने की अपील की। इस पहल से ईंधन बचत, पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य संवर्धन और सामाजिक जिम्मेदारी जैसे विभिन्न स्तरों पर सकारात्मक परिणाम सामने आएंगे।
एक ओर जहां सीईओ ने पैदल मार्च किया वहीं दूसरी ओर एडिशनल सीईओ कमलकिशोर फुटाणे, डिप्टी सीईओ कपिल कलोडे, जिला जल एवं स्वच्छता अभियान के प्रकल्पसंचालक कुणाल उंदीरवाडे साइकिल से कार्यालय पहुंचे। सीईओडिप्टी अंशुजा गराटे और मुख्य वित्त एवं लेखा अधिकारी कुमुदिनी श्रीखंडे ने सावजनिक परिवहन का उपयोग किया।
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इसके साथ ही अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों ने सार्वजनिक परिवहन, मेट्रो, सिटी बस, रिक्शा तथा वाहन शेयरिंग का उपयोग कर ईंधन बचत अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाई। कई कर्मचारियों ने नियमित रूप से सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करने का संकल्प भी लिया।