Indore Nagpur Bilaspur Vande Bharat: नागपुर मध्य रेल और दक्षिण पूर्व मध्य रेल नागपुर मंडलों के तहत उस समय चर्चा का नया दौर शुरू हो गया जब ट्रेन 20825/26 बिलासपुर-नागपुर-बिलासपुर वंदे भारत और ट्रेन 20911/12 इंदौर-नागपुर-इंदौर वंदे भारत को मर्ज करके सीधे इंदौर-नागपुर-बिलासपुर वंदे भारत बनाने का प्रस्ताव आधिकारिक वाट्सएप ग्रुप पर प्रसारित हो गया।
कथित रूप से यह प्रस्ताव एसईसीआर, बिलासपुर के महाप्रबंधक कार्यालय की ओर से रेलवे बोर्ड को भेजा गया है। हालांकि दोनों जोन के नागपुर मंडल के वरिष्ठ रेल अधिकारियों द्वारा ऐसे किसी प्रस्ताव की पुष्टि नहीं की गई।
उल्लेखनीय है कि इंदौर-नागपुर-इंदौर वंदे भारत को पहले इंदौर-भोपाल-इंदौर के बीच ही परिचालित किया जा रहा था। इस दौरान उक्त वंदे भारत को कई महीनों तक 20 प्रतिशत से अधिक यात्री नहीं मिल रहे थे। ऐसे में 'नवभारत' द्वारा उक्त वंदे भारत को नागपुर तक विस्तारित करने का सुझाव दिया गया था। साथ ही टाइमिंग को लेकर सभी संभावनाएं भी बताई गई।
रेलवे बोर्ड द्वारा इसे स्वीकार करते हुए दिया गया। इसके बाद उक्त ट्रेन की ऑक्यूपेंसी 100 प्रतिशत से भी अधिक दर्ज की गई। ऐसे में रेलवे को इस वंदे भारत में कोच संख्या दोगुनी करनी पड़ी। अब इस वंदे भारत को बिलासपुर तक विस्तार देने की चर्चा जारी है।
इंदौर और बिलासपुर के बीच नागपुर होते हुए वंदे भारत की सीधी कनेक्टिविटी मिल जाएगी।
नागपुर स्टेशन पर एक प्लेटफॉर्म की ऑक्यूपेंसी की जरूरत नहीं होगी।
इस विस्तार के लिए वंदे भारत की एक्स्ट्रा रैक की जरूरत नहीं पड़ेगी।
मर्ज होने के बाद दोनों वंदे भारत के कुल स्टापेज में भी कोई बदलाव नहीं होगा।
हालांकि यह मर्ज इतना आसान भी नहीं है क्योंकि नागपुर से दोपहर 12:35 बजे इंदौर के लिए रवाना करने की संभावना में कई पेंच हैं। इस दौरान मध्य रेल नागपुर मंडल के तहत नागपुर से इटारसी के बीच दक्षिण एक्सप्रेस, नागपुर-जयपुर एक्सप्रेस, पुरी-जोधपुर एक्सप्रेस और दिल्ली जीटी एक्सप्रेस का परिचालन चल
रहा होता है। यदि दोनों नागपुर की इंदौर और बिलासपुर वंदे भारत को मर्ज करके प्रस्तावित समय से इंदौर रवाना किया जाए तो उक्त ट्रेनों का परिचालन प्रभावित हो सकता है। वहीं इंदौर बंदे भारत नागपुर से चलकर बैतूल, इटारसी, होशंगाबाद और भोपाल में रुकती है। प्रस्तावित समय के अनुसार, इन स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म खाली होना भी जरूरी है।
इस प्रस्ताव के लिए दलील दी गई है कि ट्रेन 20825 बिलासपुर-नागपुर वंदे भारत 12:15 बजे नागपुर पहुंचती है। यदि इसे नागपुर से 12:30 बजे इंदौर के लिए रवाना किया जा जाए तो 16।10 बजे जुझारपुर, 18:19 बजे सिहोर क्रास करते हुए रात 21:05 बजे इंदौर पहुंचेगी। इस ट्रेन का बिलासपुर से नागपुर के बीच कोई समय बदलाव नहीं होगा।
इसी प्रकार ट्रेन 20911 इंदौर-नागपुर वंदे भारत 14:35 बजे नागपुर पहुंचती है। यदि इसे 14:40 बजे नागपुर से बिलासपुर रवाना किया जाए तो यह 16:13 बजे गोंदिया, 17:53 बजे दुर्ग, 18।37 बजे रायपुर और 20"25 बजे बिलासपुर पहुंचेगी। इस दौरान वर्तमान समय की तुलना में सभी स्टेशनों पर 23 से 60 मिनट का अंतर आएगा।
ज्ञात हो कि ट्रेन 20825 दोपहर 12:15 बजे नागपुर पहुंचती है और ट्रेन 20826 बनकर 14:05 बजे बिलासपुर के लिए रवाना होती है। ट्रेन 20911 दोपहर 14:35 बजे नागपुर पहुंचती है और ट्रेन 20912 बनकर 15:20 बजे इंदौर रवाना होती है। एसईसीआर जोन द्वारा इस समय का उपयोग करते हुए दोनों वंदे भारत को मर्ज करने का प्रस्ताव दिया गया है।
ट्रेन 22816 एर्नाकुलम-बिलासपुर एक्सप्रेस और 22620 तिरुनेलवेली-बिलासपुर एक्सप्रेस आगे के लिए भंडारा रोड स्टेशन पर 10 मिनट रुकेंगी लेकिन बिलासपुर नियत समय पर पहुंचेंगी।
ट्रेन नंबर 18029 एलटीटी-शालीमार एक्सप्रेस को प्रस्तावित बंदे भारत के लिए गंगाझरी स्टेशन पर 10 मिनट रोकना पड़ेगा। हालांकि इसके बाद भी दक्षिण पूर्व रेलवे में प्रवेश की टाइम कवर किया जा सकेगा।
ट्रेन 58204 रायपुर-कोरबा मेमू को मंधार स्टेशन पर 10 मिनट रोकना होगा जिससे यह ट्रेन कोरबा स्टेशन 15 मिनट देरी से पहुंचेगी।