Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • विदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी न्यूज़
  • फैक्ट चेक
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो

  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • होम
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

अमेरिका बना रहा है नए सैन्य अड्डे, निशाने पर चाबहार और ग्वादर पोर्ट, ईरान के दावे से मचा हड़कंप

Middle East Tension: अमेरिका, ईरान और चीन के बीच तनाव अब बंदरगाहों तक पहुंच गया है। ईरान के शीर्ष नेता के सलाहकार अली अकबर वेलयाती ने अमेरिका पर आरोप लगाया है कि वह चाबहार और ग्वादर पोर्ट के आसपास....

  • Written By: अमन उपाध्याय
Updated On: Nov 11, 2025 | 08:25 PM

ईरान ने कहा कि अमेरिका बना रहा है नए सैन्य अड्डे, फोटो (सो. सोशल मीडिया)

Follow Us
Close
Follow Us:

US Chabahar Port: ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई के सलाहकार अली अकबर वेलयाती ने दावा किया है कि अमेरिका चाबहार बंदरगाह (ईरान) और ग्वादर बंदरगाह (पाकिस्तान) के पास नए सैन्य अड्डे स्थापित करने की कोशिश कर रहा है। वेलयाती के मुताबिक, यह कदम अमेरिका की उस रणनीति का हिस्सा है जिसके तहत वह चीन पर नियंत्रण रखना चाहता है और एशिया के व्यापारिक एवं ऊर्जा मार्गों पर अपना प्रभुत्व बनाए रखना चाहता है।

उन्होंने कहा कि अमेरिका लगातार पाकिस्तान और भारत पर दबाव बना रहा है। वेलयाती ने खुलासा किया कि हाल के महीनों में पाकिस्तान के कई सैन्य अधिकारी अमेरिका की यात्राएं कर रहे हैं और वहां वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात कर रहे हैं। उनका मानना है कि यह गतिविधियां अमेरिकी रणनीतिक हितों से जुड़ी हैं।

अमेरिकी प्रतिबंधों से विशेष छूट

चाबहार बंदरगाह ईरान के सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत में स्थित है और 2018 में इसे अफगानिस्तान से जुड़े व्यापार और पुनर्निर्माण परियोजनाओं के लिए अमेरिकी प्रतिबंधों से विशेष छूट मिली थी। भारत इस बंदरगाह के शहीद बेहेश्ती टर्मिनल का संचालन करता है और अब तक 120 मिलियन डॉलर से अधिक निवेश कर चुका है।

सम्बंधित ख़बरें

परमाणु हथियारों की रेस पर लगाम! न्यू START संधि खत्म होने के बाद रूस का बड़ा ऐलान, अमेरिका के सामने रखी ये शर्त

गाजा में शांति के लिए इंडोनेशिया का बड़ा कदम, ट्रंप के प्लान के तहत भेजेगा 8,000 सैनिक; देश में विरोध शुरू

यूक्रेन ने जंग में उतारा ‘साइलेंट हथियार’, बिना आवाज और रोशनी के ड्रोन को कर देगा राख; Putin की टेंशन बढ़ी

बांग्लादेश चुनाव में जीत के बाद BNP का बड़ा दांव, भारत से की शेख हसीना के प्रत्यर्पण की मांग

भारत के लिए चाबहार बंदरगाह सिर्फ व्यापारिक नहीं, बल्कि सामरिक दृष्टि से भी बेहद महत्वपूर्ण है। इससे भारत को अफगानिस्तान और मध्य एशिया तक सीधी पहुंच मिलती है, और पाकिस्तान की मदद की जरूरत नहीं पड़ती। चाबहार को पाकिस्तान के ग्वादर पोर्ट का रणनीतिक प्रतिद्वंद्वी माना जाता है, जिसे चीन ऑपरेट करता है। इसलिए यह भारत के लिए एक तरह से चीन की ‘बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव’ का जवाब भी माना जाता है।

प्रोजेक्ट पर चर्चा शुरू

भारत ने 2003 में इस प्रोजेक्ट पर चर्चा शुरू की थी और 2018 में ईरान के साथ समझौता कर पोर्ट के विकास कार्यों को गति दी। इस प्रोजेक्ट के तहत भारत ने अब तक 3 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का निवेश किया है। 2016 में भारत, ईरान और अफगानिस्तान ने एक त्रिपक्षीय समझौते पर हस्ताक्षर किए, जिसके तहत भारत ने पोर्ट विकास के लिए 1250 करोड़ रुपये का कर्ज देने का ऐलान किया था।

यह भी पढ़ें:- फिलीपींस ने ड्रैगन की ओर मोड़ा ब्रह्मोस, चीनी एयरक्राफ्ट कैरियर पर चलेगा भारतीय ब्रह्मास्त्र?

साल 2024 में भारत और ईरान ने पोर्ट मैनेजमेंट के लिए 10 साल का नया समझौता किया है। भारत इस बंदरगाह को इंटरनेशनल नॉर्थ-साउथ ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर (INSTC) का हिस्सा बना रहा है जो रूस और यूरोप को मध्य पूर्व के रास्ते जोड़ने वाली रणनीतिक व्यापारिक परियोजना है।

Us military base near chabahar gwadar iran advisor alleges

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Nov 11, 2025 | 08:25 PM

Topics:  

  • America
  • Iran
  • World News

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.