- Hindi News »
- World »
- Us Iran Peace Talks Lebanon Crisis Impact Islamabad Challenges Explained
Explainer: लेबनान की आग में जल जाएगी इस्लामाबाद वार्ता? US-ईरान डील के बीच खड़ी हैं ये सबसे बड़ी चुनौतियां
US Iran Peace Talks: पाक की राजधानी इस्लामाबाद US और ईरान के बीच महत्वपूर्ण शांति वार्ता की मेजबानी कर रही है। उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और ईरानी प्रतिनिधि जंग को स्थायी रूप से रोकने के लिए चर्चा करेंगे।
- Written By: अमन उपाध्याय

सांकेतिक फोटो (सो. एआई)
US Iran Peace Talks Islamabad Challenges: पाकिस्तान की राजधानी इस समय दुनिया के लिए कूटनीति का केंद्र बनी हुई है। सड़कों की मरम्मत से लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजामों तक इस्लामाबाद उस ऐतिहासिक पल के लिए तैयार है जिसका इंतजार पूरी दुनिया को है। शनिवार से शुरू होने वाली इस वार्ता में अमेरिका और ईरान के शीर्ष अधिकारी आमने-सामने होंगे, जिसका उद्देश्य पिछले छह हफ्तों से जारी विनाशकारी युद्ध को समाप्त करना है।
दोनों देशों के बीच क्या है तनाव?
करीब छह सप्ताह पहले अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए समन्वित हमलों में सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मृत्यु हुई थी जिसके बाद मध्य पूर्व में भारी अस्थिरता पैदा हो गई। इस युद्ध के कारण दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्ग Strait of Hormuz के बंद हो जाने से वैश्विक ऊर्जा कीमतों में रिकॉर्ड बढ़ोतरी हुई है।
वर्तमान में, दोनों देश पाकिस्तान की मध्यस्थता में हुए दो सप्ताह के संघर्षविराम पर सहमत हुए हैं लेकिन लेबनान पर इजरायल की बमबारी ने इस शांति प्रक्रिया पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सम्बंधित ख़बरें
सीजफायर के बीच बड़ा कांड…इमरजेंसी कोड भेजकर लापता हुआ अमेरिकी ड्रोन, ईरान पर हैक करने का शक
ताइवान में कुछ बड़ा करने वाले है चीन! जिनपिंग ने की विपक्षी नेता से सीक्रेट मीटिंग, बोले- आजादी चाहने वालों को
पत्नी के चक्कर में गई मंत्री जी की कुर्सी, 15 दिन पहले ही ली थी शपथ, Nepal में PM बालेन के फैसले से मचा हड़कंप
नेतन्याहू ने फटकारा तो ट्वीट डिलीट कर भागे ख्वाजा आसिफ! इजरायल को बताया था कैंसर, मध्यस्थता पर उठे सवाल
कौन-कौन होगा शामिल?
व्हाइट हाउस ने पुष्टि की है कि अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व उपराष्ट्रपति जेडी वेंस करेंगे। उनके साथ राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के दूत स्टीव विटकॉफ और उनके दामाद जेरेड कुशनर भी मौजूद रहेंगे। वहीं ईरान की ओर से संसद अध्यक्ष मोहम्मद बागेर गालिबाफ और विदेश मंत्री अब्बास अरागची के शामिल होने की उम्मीद है।
US ईरान शांति वार्ता, इन्फोग्राफिक
क्या है वार्ता के मुख्य मुद्दे?
यह बैठक इस्लामाबाद के सुरक्षित ‘रेड जोन’ में स्थित सेरेना होटल में आयोजित की जाएगी। दिलचस्प बात यह है कि अमेरिकी और ईरानी टीमें अलग-अलग कमरों में बैठेंगी और पाकिस्तानी अधिकारी संदेशवाहक के रूप में उनके बीच संवाद करेंगे।
ईरान ने शांति के लिए एक 10-सूत्रीय प्रस्ताव रखा है, जिसमें होर्मुज की खाड़ी पर ईरानी निगरानी और मध्य पूर्व से अमेरिकी सेना की वापसी जैसे मुद्दे शामिल हैं। दूसरी ओर, अमेरिका की मुख्य मांग यह है कि ईरान अपने समृद्ध यूरेनियम का भंडार पूरी तरह सौंप दे।
पाकिस्तान ही क्यों बना मध्यस्थ?
पाकिस्तान के अमेरिका और ईरान दोनों के साथ कामकाजी संबंध हैं। ईरान के साथ 900 किलोमीटर लंबी सीमा और दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी शिया आबादी होने के कारण तेहरान के लिए पाकिस्तान की प्रासंगिकता अधिक है। साथ ही, पाकिस्तान में कोई अमेरिकी सैन्य अड्डा नहीं है, जो ईरान की नजर में इसे एक विश्वसनीय मध्यस्थ बनाता है।
यह भी पढ़ें:- Explainer: LPG संकट से पेट्रोल-डीजल तक… US-ईरान सीजफायर से भारत को क्या होगा फायदा? जानें सबकुछ
शांति की राह में क्या है चुनौतियां?
विशेषज्ञों का मानना है कि दोनों पक्षों के बीच गहरा अविश्वास सबसे बड़ी बाधा है। लेबनान में जारी इजरायली हमले इस वार्ता को विफल कर सकते हैं। जहां ईरान का कहना है कि संघर्षविराम में लेबनान भी शामिल होना चाहिए, वहीं अमेरिका का रुख इसके विपरीत है। हालांकि, दोनों पक्षों में युद्ध की थकान के लक्षण दिख रहे हैं जिससे एक सीमित समझौते की उम्मीद बनी हुई है।
Us iran peace talks lebanon crisis impact islamabad challenges explained
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
Explainer: लेबनान की आग में जल जाएगी इस्लामाबाद वार्ता? US-ईरान डील के बीच खड़ी हैं ये सबसे बड़ी चुनौतियां
Apr 10, 2026 | 03:45 PMजेल में बंद अब्बास अंसारी को बड़ी राहत, सुप्रीम कोर्ट ने सुरक्षित रखी विधायकी; हाईकोर्ट के आदेश को दी चुनौती
Apr 10, 2026 | 03:43 PMअहिल्यानगर में अतिक्रमण पर सख्ती, दोबारा कब्जा करने पर केस दर्ज करने की प्रशासन की चेतावनी
Apr 10, 2026 | 03:41 PMIPL 2026 के दौरान लखनऊ सुपर जायंट्स को लगा बड़ा झटका, Wanindu Hasaranga हुए टूर्नामेंट से बाहर
Apr 10, 2026 | 03:41 PMSamsung के नए 5G फोन की पहली सेल शुरू, बिना डाउन पेमेंट घर लाएं
Apr 10, 2026 | 03:39 PMपिंपरी-चिंचवड़ मनपा में 52 करोड़ का घोटाला आरोप; फर्जी बिल, जाली हस्ताक्षरों से ‘तिजोरी पर डाका’!
Apr 10, 2026 | 03:39 PMआरसीबी के जुनून में डूबा परिवार, बेटे का नाम ‘विराट’ रख किया अनोखा नामकरण समारोह
Apr 10, 2026 | 03:38 PMवीडियो गैलरी

बेंगलुरु की सड़क पर जोंबी जैसा खड़ा दिखा युवक! क्या भारत में आ गया अमेरिका वाला खतरनाक ड्रग? वीडियो वायरल
Apr 09, 2026 | 09:53 PM
इटावा रेलवे स्टेशन पर शर्मनाक! भगवाधारी बुजुर्ग को चोटी पकड़कर घसीटा, बेरहमी से पिटाई का वीडियो वायरल
Apr 09, 2026 | 09:32 PM
ममता बनर्जी को हराने के लिए 1000 करोड़ की साजिश! बंगाल राजनीति का सबसे बड़ा वीडियो लीक, ED जांच की मांग
Apr 09, 2026 | 09:26 PM
ममता का मास्टरप्लान या भाजपा की अंदरूनी कलह? पहले चरण की वोटिंग से पहले बदल गया पूरा नैरेटिव!
Apr 09, 2026 | 07:08 AM
कानपुर के ‘किडनी कांड’ को लेकर अखिलेश यादव ने योगी सरकार पर साधा निशाना, कही बड़ी बात
Apr 08, 2026 | 10:49 PM
SDM के सामने जल निगम अधिकारियों पर क्यों भड़के भाजपा विधायक रत्नाकर मिश्रा
Apr 08, 2026 | 10:37 PM














