रूस यूक्रेन शांति वार्ता, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
Zelenskyy Trump Security Guarantee: रूस-यूक्रेन युद्ध को खत्म करने की कोशिशों के तहत आबू धाबी में हुई अहम बैठक के बाद मिले-जुले संकेत सामने आए हैं। इस बैठक के नतीजों से यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की काफी संतुष्ट नजर आ रहे हैं।
उनका कहना है कि युद्ध के बाद यूक्रेन की सुरक्षा को लेकर अमेरिका की गारंटी वाला दस्तावेज पूरी तरह तैयार हो चुका है और अब सिर्फ उस पर हस्ताक्षर होना बाकी है। जेलेंस्की को भरोसा है कि डोनाल्ड ट्रंप का प्रशासन भविष्य में रूस के किसी भी संभावित हमले के खिलाफ यूक्रेन को पक्की सुरक्षा प्रदान करेगा।
जेलेंस्की की खुशी के विपरीत, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के कार्यालय (क्रेमलिन) ने सावधानी बरतने की सलाह दी है। क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने स्पष्ट किया कि हालांकि बातचीत सकारात्मक रही लेकिन इसे कोई बड़ी सफलता नहीं माना जा सकता। रूस का कहना है कि मुख्य विवाद अब भी उन इलाकों पर है जिन पर रूसी सेना ने कब्जा किया हुआ है।
पुतिन पूर्वी यूक्रेन और डोनबास जैसे जीते हुए इलाकों को छोड़ने के लिए तैयार नहीं दिख रहे हैं, जबकि जेलेंस्की वहां से रूसी सेना की पूर्ण वापसी चाहते हैं।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, जो इस समझौते के मुख्य सूत्रधार बने हुए हैं, उन्होंने शांति के लिए एक डेडलाइन तय कर दी है और रूस को और अधिक प्रतिबंधों की धमकी दी है। हालांकि, शांति वार्ता की मेज पर चल रही चर्चाओं के बीच युद्ध के मैदान में तनाव कम नहीं हुआ है। रूस ने हाल ही में यूक्रेन के 40 ड्रोन मार गिराने का दावा किया वहीं यूक्रेन ने रूस के 138 में से 110 ड्रोन नष्ट कर दिए। अगले दौर की बातचीत 1 फरवरी को फिर से UAE में होने की संभावना है जिसमें मुख्य रूप से सीजफायर पर चर्चा की जाएगी।
बता दें कि यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने शनिवार को जानकारी दी कि संयुक्त अरब अमीरात के आबूधाबी में रूस और अमेरिका के साथ हुई दो दिवसीय त्रिपक्षीय बातचीत सकारात्मक और सार्थक रही।
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उन्होंने बताया कि यह पहला मौका था जब ट्रंप प्रशासन के अधिकारी लगभग चार वर्षों से जारी युद्ध को खत्म करने के उद्देश्य से दोनों देशों के प्रतिनिधियों के साथ एक ही मंच पर बैठकर वार्ता में शामिल हुए।