मोदी-किंग अब्दुल्ला के मुलाक़ात की फोटो (सो. सोशल मीडिया)
India Jordan Relations: पश्चिम एशिया संकट पर उच्चस्तरीय वार्ता पश्चिम एशिया में जारी भीषण सैन्य संघर्ष और अस्थिरता के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शांति बहाली के लिए अपनी कूटनीतिक कोशिशें तेज कर दी हैं। इसी कड़ी में प्रधानमंत्री मोदी और जॉर्डन के किंग अब्दुल्ला द्वितीय ने गुरुवार को फोन पर विस्तार से बातचीत की। विशेष बात यह है कि इस महीने में दोनों नेताओं के बीच यह दूसरी फोन वार्ता थी, जो इस क्षेत्र के बदलते हालात पर उनकी गहरी चिंता को दर्शाती है।
बातचीत के दौरान दोनों नेताओं ने पश्चिम एशिया के मौजूदा हालात पर गंभीर चिंता व्यक्त की। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि इलाके में शांति, सुरक्षा और स्थिरता को जल्द से जल्द बहाल करने के लिए ‘डायलॉग और डिप्लोमेसी’ ही एकमात्र रास्ता है। पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर इस वार्ता की जानकारी देते हुए किंग अब्दुल्ला को अपना “भाई” बताया और उन्हें ईद की अग्रिम मुबारकबाद भी दी।
Conveyed advance Eid wishes to my brother, His Majesty King Abdullah II, the King of Jordan, over phone. We expressed concern at the evolving situation in West Asia and highlighted the need for dialogue and diplomacy for the early restoration of peace, security and stability in… — Narendra Modi (@narendramodi) March 19, 2026
प्रधानमंत्री मोदी ने संकटग्रस्त क्षेत्र में फंसे भारतीय नागरिकों की सुरक्षित वापसी में जॉर्डन द्वारा किए जा रहे प्रयासों की दिल से सराहना की। इसके साथ ही, दोनों नेताओं ने ऊर्जा ठिकानों पर हो रहे हमलों की कड़े शब्दों में निंदा की। उनका मानना है कि इस तरह के हमलों से तनाव और अधिक बढ़ सकता है, जिसे हर हाल में टाला जाना चाहिए। भारत और जॉर्डन दोनों ही इस बात के पक्षधर हैं कि क्षेत्र में ऊर्जा और अन्य उत्पादों का आवागमन बिना किसी बाधा के निर्बाध रूप से जारी रहना चाहिए।
यह कूटनीतिक बातचीत उस समय हो रही है जब पश्चिम एशिया में संघर्ष चरम पर है। इसकी शुरुआत 28 फरवरी को ईरान पर अमेरिका और इजरायल के उन हमलों के बाद हुई थी, जिसमें ईरान के सर्वोच्च नेता और शीर्ष सैन्य अधिकारी मारे गए थे। इसके जवाब में ईरान ने अमेरिकी-इजरायली ठिकानों और उनके सहयोगी देशों की सेनाओं पर ड्रोन और मिसाइल हमले किए हैं।
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भारत इस संकट को हल करने के लिए वैश्विक स्तर पर निरंतर प्रयास कर रहा है। पिछले कुछ दिनों में पीएम मोदी ने मलेशिया, ओमान, फ्रांस, कुवैत, यूएई, इजरायल, ईरान, सऊदी अरब, बहरीन और कतर जैसे 10 से अधिक देशों के नेताओं से संपर्क साधा है। केवल बुधवार और गुरुवार के बीच ही उन्होंने कुल 5 देशों के दिग्गजों से बात की है, जहां सभी ने संकट के समाधान के लिए कूटनीति जारी रखने पर सहमति जताई है।