Pakistan के सरकारी अस्पताल की घोर लापरवाही: एक ही सिरिंज से 331 बच्चों को हुआ HIV संक्रमण
Hospital HIV Outbreak: Pakistan के टौंसा स्थित सरकारी अस्पताल में भारी लापरवाही सामने आई है। यहां एक ही सिरिंज के इस्तेमाल से 331 मासूम बच्चों को HIV संक्रमण हो गया है, जिसकी अब जांच चल रही है।
- Written By: प्रिया सिंह
पाकिस्तान HIV संक्रमण (सोर्स- सोशल मीडिया)
Unsafe Injections And HIV: पाकिस्तान के टौंसा शहर में स्थित एक सरकारी अस्पताल में बहुत ही चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां इलाज के दौरान बरती गई भारी लापरवाही ने सैकड़ों मासूम बच्चों की जान को खतरे में डाल दिया है। इस घटना के सामने आने के बाद असुरक्षित इंजेक्शन और HIV का सीधा संबंध पूरी दुनिया के सामने आ गया है। इस खतरनाक बीमारी के फैलने के बाद पूरे इलाके में डर का माहौल है और मामले की जांच की जा रही है।
गुप्त जांच में खुलासा
बीबीसी की एक विशेष गुप्त जांच में Pakistan के इस अस्पताल के अंदर की बहुत बड़ी लापरवाही का सीधा खुलासा हुआ है। रिपोर्ट के अनुसार 32 घंटे से ज्यादा समय तक रिकॉर्ड किए गए फुटेज में साफ तौर पर हाइजीन के मानकों को टूटते देखा गया है। मेडिकल कर्मियों को कई मरीजों पर सिर्फ एक ही सिरिंज का बार-बार इस्तेमाल करते हुए साफ तौर पर देखा गया है।
सामने आए चौंकाने वाले आंकड़े
नवंबर 2024 और अक्टूबर 2025 के बीच टौंसा में कम से कम 331 बच्चों का HIV टेस्ट पॉजिटिव आया है। जब इस बीमारी के फैलने के कारणों की जांच की गई तो पता चला कि यह बीमारी माताओं से बच्चों में नहीं फैली है। टेस्ट किए गए 97 परिवारों में से सिर्फ चार माताओं की रिपोर्ट में ही HIV पॉजिटिव होने की बात सामने आई है।
सम्बंधित ख़बरें
ईरान में सालाना महंगाई दर 87 फीसदी के पार, सर्वाइवल इकोनॉमी मोड में पहुंचा पूरा देश
पाकिस्तान का पाखंड बेनकाब, POK के चुनाव को भारत ने बताया दिखावा; MEA ने कहा- अब तक 90 लोगों की हुई मौत
पाकिस्तान में तख्तापलट की आहट! मुनीर और नकवी के पावर प्ले से मची भयंकर हलचल
Drone Attack: रूस के कार्गो शिप नदेज्दा पर भीषण ड्रोन हमला, तीन क्रू मेंबर घायल, जहाज में लगी भीषण आग
मोहम्मद और अस्मा की कहानी
इस भयानक लापरवाही का शिकार होने वाले बच्चों में आठ साल का मोहम्मद अमीन और उसकी बहन अस्मा भी शामिल हैं। मोहम्मद की मां की रिपोर्ट नेगेटिव आई थी लेकिन इलाज के बाद इस मासूम बच्चे की HIV से दर्दनाक मौत हो गई। बाद में उसकी बहन अस्मा का भी टेस्ट पॉजिटिव आया जिससे यह साफ हो गया कि अस्पताल का रूटीन इलाज ही असली वजह था।
डॉक्टर ने दी पहली चेतावनी
साल 2024 के आखिर में एक स्थानीय डॉक्टर गुल कैसरानी ने सबसे पहले बच्चों में HIV के बढ़ते मामलों पर ध्यान दिया था। उन्होंने बताया कि उनके क्लीनिक में आने वाले लगभग 65 से 70 प्रभावित बच्चों का पहले टीएचक्यू टौंसा अस्पताल में ही इलाज हुआ था। इन सभी मामलों में खराब सुइयों और एक ही सिरिंज के इस्तेमाल को ही संक्रमण का सबसे बड़ा कारण माना गया है।
यह भी पढ़ें: पाकिस्तान के सिंध में HIV का महा-विस्फोट, 3 महीने में 894 नए केस; सैकड़ों मासूम बच्चे भी शिकार
खतरनाक दवाइयों का इस्तेमाल
Pakistan के इस सरकारी अस्पताल में न सिर्फ एक ही सिरिंज का इस्तेमाल हुआ बल्कि दवाइयों के उपयोग में भी भारी चूक की गई है। स्वास्थ्य कर्मियों को एक ही मल्टी-डोज वायल से दवा निकालकर अलग-अलग बच्चों को देते हुए कैमरे में साफ तौर पर देखा गया है। इन सभी असुरक्षित मेडिकल तरीकों के कारण ही पाकिस्तान के इस क्षेत्र में इतना बड़ा और जानलेवा संक्रमण बहुत तेजी से फैल गया।
