अमेरिका: हादसे के बाद भारतीय बेटी आरती सिंह कोमा में, पिता की मदद को आगे आया कम्युनिटी ग्रुप

San Jose Girl Accident: अमेरिका के सैन जोस में एक सड़क हादसे के बाद भारतीय लड़की आरती सिंह कोमा में हैं। बे एरिया में अकेले पिता सुमिरन सिंह मेडिकल और कानूनी चुनौतियों से जूझ रहे हैं।
San Jose Girl Accident
अमेरिका में रोड एक्सीडेंट में घायल आरती सिंह (सोर्स- सोशल मीडिया)
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Aarti Singh Road Accident: अमेरिका के सैन जोस शहर से एक दुखद खबर सामने आई है, जहां एक भयानक सड़क हादसे के बाद भारतीय मूल की युवा लड़की आरती सिंह कोमा में चली गई हैं। 9 नवंबर को हुए इस हादसे के बाद से उनके पिता सुमिरन सिंह घर से दूर अकेले ही सभी मेडिकल और कानूनी चुनौतियों का सामना कर रहे हैं।

इस मुश्किल घड़ी में, उत्तरी कैलिफ़ोर्निया के भारतीय कम्युनिटी ग्रुप्स ने आगे बढ़कर पिता-पुत्री को जरूरी समर्थन देना शुरू कर दिया है। यह घटना अमेरिका में प्रवासी युवाओं की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करती है।

सड़क हादसे के बाद जिंदगी और मौत की जंग लड़ रही आरती

आरती सिंह कोमा में हैं और सांता क्लारा वैली मेडिकल सेंटर में गहन चिकित्सा से गुजर रही हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 9 नवंबर को एक प्रोफेशनल नेटवर्किंग इवेंट से लौटते समय सड़क पार करते हुए एक गाड़ी ने उन्हें टक्कर मार दी थी। इस टक्कर के बाद से वह लगातार बेहोश हैं। डॉक्टरों को उनकी सांस लेने और खाने में मदद के लिए उनकी गर्दन और पेट की बड़ी सर्जरी करनी पड़ी है। उनके पिता, सुमिरन सिंह, उम्मीद के साथ हर पल आरती के बिस्तर के पास बैठे रहते हैं। उन्होंने भावुक होकर कहा, "मेरी बेटी अभी भी आंखें नहीं खोल रही है। मैं रोज उससे बात करता हूं, इस उम्मीद में कि वह मुझे सुन सके।" उन्होंने यह भी बताया कि अमेरिका में उनका कोई सपोर्ट सिस्टम नहीं है और वह यहां पूरी तरह अकेले पड़ गए हैं।

ड्राइवर पर जानकारी का अभाव और कानूनी उलझनें

सैन जोस पुलिस विभाग ने पुष्टि की है कि यह दुर्घटना "हिट-एंड-रन" नहीं थी, लेकिन ड्राइवर की पहचान जारी नहीं की गई है। आरती के पिता को केवल इतना बताया गया है कि ड्राइवर 50 साल का एक व्यक्ति था और दुर्घटना के समय उसके पास बीमा नहीं था। पुलिस की ओर से मामले या संभावित आरोपों पर कोई अपडेट न मिलने के कारण परिवार जानकारी की कमी से जूझ रहा है। बे एरिया में बिना किसी रिश्तेदार या सपोर्ट नेटवर्क के अकेले रह रहे सुमिरन सिंह के लिए भाषा की बढ़ाएं, अनजान कानूनी प्रक्रियाएं और मेडिकल व्यवस्था को समझना बेहद मुश्किल हो गया है। उनके पास आरती के दस्तावेजों या निजी सामान तक पहुंच नहीं है, जिससे रोजमर्रा के निर्णय लेना भी कठिन हो गया है।

मदद के लिए आगे आया भारतीय समुदाय

उत्तरी कैलिफ़ोर्निया में एक्टिव एक कम्युनिटी ग्रुप, ओवरसीज ऑर्गनाइजेशन फॉर बेटर बिहार (Overseas Organization for Better Bihar) को जब इस दुर्घटना के बारे में पता चला, तो उन्होंने तुरंत मदद के लिए कदम बढ़ाया।

ग्रुप के प्रतिनिधि ने कहा, "सिंह यहां अकेले हैं, उनके पास कोई पारिवारिक सपोर्ट नहीं है। हमारी कम्युनिटी यह सुनिश्चित करने के लिए हर संभव कोशिश कर रही है कि उन्हें अकेले संघर्ष न करना पड़े।"

यह संगठन सुमिरन सिंह को अस्पताल की मीटिंग, जरूरी सरकारी दफ्तरों और एजेंसियों में मदद कर रहा है। साथ ही, उनके रहने, ट्रांसपोर्ट और खाने जैसी बुनियादी ज़रूरतों को पूरा करने के लिए एक फंडरेजिंग कैंपेन भी चला रहा है।

समुदाय के नेता अजय भुटोरिया भी डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी के ऑफिस से बात कर रहे हैं। पूरे कैलिफ़ोर्निया से आरती के लिए एकजुटता और प्रार्थनाओं के संदेश आ रहे हैं, जिससे उनके पिता को इस कठिन समय में थोड़ी हिम्मत मिल सके। यह घटना अमेरिका में पैदल चलने वालों की सुरक्षा पर भी चिंता बढ़ाती है।

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