Sajid Rashidi On Asad Encounter: गाजियाबाद में असद के एनकाउंटर पर मौलाना साजिद रशीदी ने सरकार पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने सरकार पर पक्षपात और धर्म देखकर कार्रवाई करने का आरोप लगाया है।
मौलाना साजिद रशीदी (फोटो सोर्स- सोशल मीडिया)
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Ghaziabad Asad Encounter Controversy: उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में बकरीद के दिन हुई सूर्या चौहान की हत्या का मुख्य आरोपी असद एनकाउंटर में मारा गया। इसके पहले पुलिस असद को लगातार गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही थी। पुलिस के बिछाए जाल में गिरफ्तारी के दौरान मुठभेड़ में असद घायल हो गया था। बाद अस्पताल में उसकी मौत हो गई थी। असद के एनकाउंटर मामले में मौलाना साजिद रशीदी ने गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
दी लोकतंत्र की दुहाई
गाजियाबाद एनकाउंटर पर ऑल इंडिया इमाम एसोसिएशन के अध्यक्ष मौलाना साजिद रशीदी ने सवाल उठाते हुए कहा कि जिस दिन से यह एनकाउंटर हुआ है, हम यही कह रहे हैं कि यह एक पक्षपातपूर्ण एनकाउंटर था। उन्होंने बताया कि एक लोकतांत्रिक देश में एक लोकतांत्रिक व्यवस्था होती है। उस व्यवस्था की यह मांग है कि किसी भी आरोपी व्यक्ति को पहले पकड़ा जाए, उससे पूछताछ की जाए और फिर उसे उचित कानूनी प्रक्रिया से गुजारा जाए।
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Delhi: On the Ghaziabad encounter, All India Imam Association, President, Maulana Sajid Rashidi says, “Since the day the encounter took place, we have been saying that it was a biased encounter. The question is that in a democratic country, there is a democratic system, and that… pic.twitter.com/bKk05Seqgy— IANS (@ians_india) June 2, 2026
आगे उन्होंने बताया कि एक FIR दर्ज की जाती है, एक केस फाइल किया जाता है और फिर मामला अदालत में ले जाया जाता है। यह अदालत ही तय करती है कि क्या सजा दी जानी चाहिए और अगर दी जानी है, तो वह क्या होगी।
हिंदू-मुस्लिम का लगाया आरोप
मौलाना ने प्रदेश सरकार पर पक्षपाती करने का आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि धर्म देखकर उसका एनकाउंटर कर दिया गया। उसके घर पर नोटिस भी लगा दिया गया। अब पता चला कि उसके घर का कुछ हिस्सा अवैध निर्माण है। ऐसे कई सवाल हो सकते हैं। सरकार को इस पर भी गौर करना चाहिए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बयान पर साजिद रशीदी ने कहा कि जो कहा गया है, उसका इरादा शायद अच्छा हो, लेकिन जैसा कि कहावत है, दवा अक्सर कड़वी होती है। यही संदेश इस तरह भी दिया जा सकता था कि हिंदू और मुसलमान दोनों ही अपने बच्चों में अच्छे संस्कार डालें, ताकि वे गलत कामों में शामिल न हों या कोई गलत कदम न उठाएं।
बातचीत के दौरान मौलाना रशीदी ने कहा कि मुखिया को कोई भी पक्षपाती बात नहीं करनी चाहिए। राजनीतिक पक्षपाती जो बयान आते हैं, उस पर सवाल उठना तो लाजमी है। गाय को लेकर भी मौलाना साजिद रशीदी ने कहा कि जहां तक आपके विश्वास की बात है, अगर आप गाय को अपनी मां मानते हैं, तो आप ऐसा करने के लिए स्वतंत्र हैं। हालांकि, हमारी आस्था में इसे मां नहीं माना जाता है।
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