PNG उपभोक्ताओं ने शुरू किया LPG सरेंडर, अब तक 6000 से अधिक लोगों ने छोड़ा कनेक्शन
Online LPG Surrender: पेट्रोलियम मंत्रालय के नए पोर्टल के जरिए अब तक 6000 PNG उपभोक्ताओं ने अपना LPG कनेक्शन सरेंडर कर दिया है, जिससे भविष्य में गैस आपूर्ति सुनिश्चित की जा सकेगी।
- Written By: प्रिया सिंह
LPG कनेक्शन सरेंडर (सोर्स-सोशल मीडिया)
Digital LPG Surrender Process India: भारत सरकार ने देश में गैस आपूर्ति को सुव्यवस्थित करने के लिए एक बहुत बड़ा और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय द्वारा हाल ही में एक नया और आधुनिक डिजिटल पोर्टल लॉन्च किया गया है। इस पहल के तहत भारत में डिजिटल LPG सरेंडर प्रक्रिया को काफी सरल, पारदर्शी और तेज बना दिया गया है। मिडिल ईस्ट संकट के कारण बढ़ती गैस किल्लत को देखते हुए सरकार ने यह बड़ा फैसला लिया है।
बढ़ती किल्लत और सरकार का फैसला
मिडिल ईस्ट में चल रहे भारी तनाव का असर अब सीधे तौर पर भारत की रसोई और बजट तक पहुंचने लगा है। देश के कई महत्वपूर्ण हिस्सों से LPG गैस की भारी कमी की खबरें लगातार प्रशासन के सामने आ रही हैं। इसी गंभीर स्थिति को देखते हुए सरकार ने सभी उपभोक्ताओं को सुरक्षित PNG अपनाने की विशेष सलाह दी है।
पोर्टल पर उमड़ी उपभोक्ताओं की भीड़
मंत्रालय ने 27 मार्च 2026 को MyPNG-D नामक एक विशेष डिजिटल पोर्टल की आधिकारिक रूप से शुरुआत की है। पोर्टल लॉन्चिंग के पहले ही दिन कुल 1,797 जागरूक उपभोक्ताओं ने अपना LPG कनेक्शन ऑनलाइन माध्यम से सरेंडर कर दिया। ताजा सरकारी आंकड़ों के अनुसार 28 मार्च तक लगभग 6000 लोग यह पूरी प्रक्रिया सफलतापूर्वक संपन्न कर चुके हैं।
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तीन महीने की कड़ी समय सीमा तय
सरकार ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि जिनके पास वर्तमान में LPG और PNG दोनों कनेक्शन मौजूद हैं, उन्हें एक छोड़ना होगा। PNG उपभोक्ताओं को अपना पुराना LPG कनेक्शन सरेंडर करने के लिए सरकार ने केवल तीन महीने का समय निर्धारित किया है। निर्धारित समय में ऐसा न करने पर उनके LPG सिलेंडर की आपूर्ति विभाग द्वारा पूरी तरह बंद कर दी जाएगी।
घर बैठे सरेंडर करने की आधुनिक सुविधा
पेट्रोलियम सचिव नीरज मित्तल ने बताया कि अब उपभोक्ताओं को गैस डीलरों के चक्कर लगाने की कोई भी जरूरत नहीं है। वे अपने पंजीकृत मोबाइल नंबर या विशिष्ट LPG आईडी का उपयोग करके घर बैठे ही पोर्टल पर आवेदन कर सकते हैं। यह पूरी प्रक्रिया डिजिटल है और बहुत ही कम समय में बिना किसी परेशानी के पूरी हो जाती है।
ऑनलाइन आवेदन करने का सरल तरीका
इस प्रक्रिया के लिए उपभोक्ताओं को सबसे पहले mypngd.in आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर स्वयं को लॉग इन करना होगा। वहां अपना पंजीकृत मोबाइल नंबर दर्ज करने के बाद प्राप्त ओटीपी के जरिए वेरिफिकेशन की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। इसके बाद डैशबोर्ड पर सरेंडर रिक्वेस्ट विकल्प चुनकर अपनी सभी जरूरी जानकारी भरकर सबमिट करनी होगी।
अधिकारियों द्वारा दी गई विस्तृत जानकारी
संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने बताया कि अब तक कुल 2.20 लाख PNG उपभोक्ता अपना LPG कनेक्शन सरेंडर कर चुके हैं। जिन इलाकों में PNG नेटवर्क उपलब्ध है, वहां लोग काफी तेजी से इस नई सुरक्षित व्यवस्था को अपना रहे हैं। यह कदम भविष्य में देश की ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक अत्यंत महत्वपूर्ण पड़ाव है।
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भविष्य की राह और बड़े फायदे
PNG कनेक्शन अपनाने से न केवल गैस की किल्लत से राहत मिलेगी बल्कि यह उपयोग में अधिक सुरक्षित भी है। सरकार का मुख्य उद्देश्य पाइपलाइन नेटवर्क का विस्तार करना और पारंपरिक भारी सिलेंडरों पर निर्भरता को कम करना है। इससे उपभोक्ताओं को बिना किसी रुकावट के चौबीसों घंटे लगातार प्राकृतिक गैस की आपूर्ति मिलती रहेगी।
