
टीम इंडिया के पूर्व दिग्गज खिलाड़ी कपिल देव और सुनील गावस्कर (फोटो- सोशल मीडिया)
Indian Cricket History: भारतीय क्रिकेट के इतिहास में 20 जनवरी 1980 की तारीख को कभी भुलाया नहीं जा सकता। यह वही दिन था जब चेन्नई के चेपॉक स्टेडियम में भारत ने अपने चिर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान को 10 विकेट से हराकर एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की। इस जीत के साथ ही भारत ने छह मैचों की टेस्ट श्रृंखला में 2-0 की अजेय बढ़त बना ली और 27 साल के लंबे इंतजार को खत्म करते हुए पहली बार पाकिस्तान के खिलाफ टेस्ट सीरीज अपने नाम की।
इस यादगार मुकाबले के नायक बने सुनील गावस्कर, जिन्हें क्रिकेट जगत ‘लिटिल मास्टर’ के नाम से जानता है। गावस्कर ने अपनी धैर्यपूर्ण और तकनीकी रूप से परिपक्व बल्लेबाजी से पाकिस्तानी गेंदबाजों को पूरी तरह थका दिया। पहली पारी में उन्होंने 166 रनों की विशाल पारी खेली, जो उस दौर में भारतीय क्रिकेट की सबसे लंबी टेस्ट पारियों में से एक थी। इस पारी के दौरान गावस्कर ने लगभग 10 घंटे तक क्रीज पर डटे रहकर न सिर्फ रन बनाए, बल्कि मैच की दिशा भी तय कर दी। उनकी एकाग्रता और संयम ने पाकिस्तान की वापसी की हर उम्मीद को खत्म कर दिया।
सुनील गावस्कर के साथ-साथ इस टेस्ट में कपिल देव का प्रदर्शन भी उतना ही अहम रहा। युवा कपिल देव ने अपने ऑलराउंड खेल से पाकिस्तान की कमर तोड़ दी। गेंद से उन्होंने पूरे मैच में 136 रन देकर 11 विकेट झटके, जिसमें दूसरी पारी में 56 रन देकर 7 विकेट लेना शामिल था। उनकी तेज और आक्रामक गेंदबाजी के आगे पाकिस्तानी बल्लेबाज टिक नहीं सके। इतना ही नहीं, कपिल ने बल्लेबाजी में भी अहम योगदान दिया और पहली पारी में 84 रनों की तेजतर्रार पारी खेलकर भारत को मजबूत बढ़त दिलाई।
भारत की इस बढ़त ने मैच को पूरी तरह एकतरफा बना दिया। पाकिस्तान की टीम दबाव से उबर नहीं सकी और दूसरी पारी में भी भारतीय गेंदबाजों के सामने घुटने टेक दिए। इसके बाद भारत को जीत के लिए महज 76 रनों का लक्ष्य मिला, जिसे टीम इंडिया ने बिना कोई विकेट गंवाए आसानी से हासिल कर लिया। सुनील गावस्कर 29 और चेतन चौहान 46 रन बनाकर नाबाद लौटे।
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यह जीत सिर्फ एक मैच की सफलता नहीं थी, बल्कि भारतीय क्रिकेट के आत्मविश्वास को नई ऊंचाई देने वाला क्षण थी। 1952 के बाद पहली बार पाकिस्तान के खिलाफ टेस्ट सीरीज जीतकर भारत ने यह साबित कर दिया कि वह अब सिर्फ चुनौती देने वाली टीम नहीं, बल्कि बड़े मुकाबलों में जीत दर्ज करने वाली मजबूत ताकत बन चुका है।






