श्रीगणेश चतुर्थी की पूजा इन 5 व्यंजनों के बिना अधूरी मानिए, इन पकवानों से प्रसन्न हो जाएंगे गणपति
Ganesh Chaturthi : भाद्र मास में आने वाली शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि के दिन भगवान गणेश का जन्म हुआ था। इसलिए इस दिन भगवान गणेश के जन्म का उत्सव गणेश चतुर्थी के तौर पर मनाया जाता है।
- Written By: सीमा कुमारी
गणेश चतुर्थी (सौ.सोशल मीडिया)
Ganesh Chaturthi 2025 : 10 दिवसीय गणेश चतुर्थी का पर्व सनातन धर्म के लोगों के लिए विशेष महत्व रखता है। यह त्योहार भगवान गणेश के जन्म का प्रतीक है और इसे 10 दिनों तक पूरे देशभर में धूमधाम एवं हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है। इस दौरान, भक्त भगवान गणेश की पूजा करते हैं, उनसे आशीर्वाद मांगते हैं और अपने जीवन से बाधाओं को दूर करने की प्रार्थना भी करते हैं।
हिन्दू शास्त्रों के अनुसार, इस दौरान भगवान की उपासना करने के साथ-साथ उन्हें उनकी प्रिय चीजों का भोग लगाने से साधक को अपनी सभी परेशानियों से छुटकारा मिल सकता है। आइए जानते हैं उन खास पांच चीजों के बारे में, जिनका भोग भगवान गणेश को लगाना अति शुभ माना जाता है।
किन व्यंजनों के बिना पूरी नहीं होती गणेश जी की पूजा :
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मालपुआ का भोग
गणेश चतुर्थी महापर्व में भगवान गणेश जी को प्रसन्न करने के लिए मालपुआ का भोग लगा सकते हैं। मालपुआ भगवान गणेश को अति प्रिय है। इसलिए गणेश चतुर्थी के दौरान बप्पा को मालपुआ का भोग जरूर लगाना चाहिए। खासतौर पर मूर्ति स्थापना के दिन भगवान गणेश को मालपुआ का भोग लगाना शुभ होता है। इससे जीवन में आ रही परेशानियां कम होने लगती हैं।
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मोदक का भोग
आपको बता दें,भगवान गणेश जी को प्रसन्न करने के लिए मालपुआ के अलावा,मोदक का भी भोग लगा सकते हैं। मोदक भगवान गणेश का सबसे प्रिय भोग है। पुराणों में उल्लेख मिलता है कि जब गणेश जी ने ब्रह्मांड की परिक्रमा की थी, तब माता पार्वती ने उन्हें मोदक का भोग दिया था। मोदक का आकार तिकोना और गोल होता है, जो मिठास और आनंद का प्रतीक है।
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श्रीखंड का भोग
कहा जाता है कि, भगवान गणेश जी को प्रसन्न करने के लिए श्रीखंड का भोग लगना भी बेहद शुभ होता है। दही और चीनी से बनाए जाने वाला केसरिया श्रीखंड भगवान गणेश को बेहद पसंद है। ऐसी मान्यता है कि जो लोग अपने हाथ से केसरिया श्रीखंड को बनाकर उसका भोग बप्पा को लगाते हैं, उनके घर में सदैव खुशहाली बनी रहती है।
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खजूर के लड्डू का भोग
भगवान गणेश की पूजा खजूर के लड्डू के बिना अधूरी मानी जाती है। ये उनकी प्रिय मिठाई है, जिसका भोग लगाने से बप्पा बेहद प्रसन्न होते हैं।
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पूरन पोली का भोग
कहा जाता है कि भगवान गणेश को पूरन पोली अति प्रिय है। इसलिए हर साल गणेश चतुर्थी के दिन बप्पा को पूरन पोली का भोग लगाया जाता है। ये एक तरह का मीठा पराठा होता है, जो खाने में बेहद स्वादिष्ट लगता है।
