यवतमाल में कीटजन्य रोग नियंत्रण अभियान तेज, डेंगू-मलेरिया को लेकर स्वास्थ्य विभाग सतर्क
Yavatmal Health Department: यवतमाल जिले में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया से बचाव के लिए कीटजन्य रोग नियंत्रण माह के तहत स्वास्थ्य विभाग द्वारा व्यापक जागरूकता और रोकथाम अभियान चलाया जा रहा है।
- Written By: आंचल लोखंडे
Mosquito Control Drive (सोर्सः फाइल फोटो-सोशल मीडिया)
Yavatmal Dengue Campaign: बरसात के मौसम में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसे कीटजन्य रोगों के फैलने की आशंका को देखते हुए जिला स्वास्थ्य विभाग ने व्यापक स्तर पर रोकथाम अभियान शुरू किया है। डेंगू के प्रकोप को रोकने के लिए मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करने के साथ-साथ साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. टी. ए. शेख ने नागरिकों से इस अभियान में सक्रिय सहयोग करने की अपील की है।
जिला परिषद के जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सुभाष ढोले के मार्गदर्शन में जुलाई माह को ‘कीटजन्य रोग नियंत्रण माह’ के रूप में मनाया जा रहा है। इस दौरान ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में जनजागरण, स्वच्छता अभियान, स्वास्थ्य शिक्षा तथा मच्छर नियंत्रण गतिविधियों को गति दी गई है।
कीटजन्य रोग नियंत्रण माह
डेंगू फैलाने वाला एडीज मच्छर मुख्य रूप से घरों और आसपास जमा साफ पानी में पनपता है। इसलिए नागरिकों से टंकियों, कूलरों, फूलदानों, पुराने टायरों, नारियल के खोल तथा अन्य जलभराव वाली वस्तुओं की नियमित सफाई करने की अपील की गई है। सप्ताह में कम से कम एक बार पानी के बर्तनों को खाली कर सुखाने पर जोर दिया जा रहा है।
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शहरी क्षेत्रों में नगर पंचायत और नगरपालिकाओं के सहयोग से मच्छर लार्वा सर्वेक्षण, प्रजनन स्थलों की पहचान, लार्वा नष्ट करने की कार्रवाई और विशेष स्वच्छता अभियान चलाए जा रहे हैं। स्कूलों में विद्यार्थियों को डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया की जानकारी देकर उनके माध्यम से अभिभावकों तक संदेश पहुंचाया जा रहा है।
स्कूलों से लेकर गांवों तक जागरूकता अभियान
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार आशा कार्यकर्ताओं, स्वास्थ्य निरीक्षकों और कर्मचारियों को विशेष प्रशिक्षण देकर पूरी व्यवस्था को सतर्क रखा गया है। पिछले तीन वर्षों में जहां डेंगू के मरीज अधिक पाए गए हैं, उन गांवों और शहरी क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जा रही है। विभाग ने अपील की है कि बुखार, शरीर दर्द, सिरदर्द, आंखों के पीछे दर्द, त्वचा पर दाने या रक्तस्राव जैसे लक्षण दिखाई देने पर स्वयं उपचार न करके तुरंत नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य केंद्र में जांच कराएं।
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घर से शुरू करें डेंगू के खिलाफ लड़ाई
जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. टी. ए. शेख ने कहा कि डेंगू और अन्य कीटजन्य रोगों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए हर नागरिक को अपने घर और आसपास साफ-सफाई रखनी चाहिए। मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करना और स्वास्थ्य विभाग का सहयोग करना ही रोकथाम का सबसे प्रभावी उपाय है।
