सांगली-सातारा विधान परिषद चुनाव से पहले भाजपा की रणनीति, नगरसेवकों को भेजा गया गुप्त स्थान पर
Sangli Satara MLC Poll में क्रॉस वोटिंग की आशंका के बीच भाजपा ने अपने नगरसेवकों को अज्ञात स्थान पर भेज दिया है। दोनों गठबंधन अपने-अपने मतदाताओं को एकजुट रखने की रणनीति पर काम कर रहे हैं।
- Written By: अपूर्वा नायक
सांगली सातारा विधान परिषद चुनाव में क्रॉस वोटिंग की आशंका (सौ. सोशल मीडिया)
Sangli Satara MLC Poll News: सांगली-सातारा विधान परिषद चुनाव में क्रॉस वोटिंग और संभावित क्रॉस वोटिंग को रोकने के लिए भाजपा ने सख्त रणनीति अपनाई है। चुनाव के मतदान से पहले सांगली महानगरपालिका के सभी भाजपा नगरसेवकों को अज्ञात स्थान पर ‘ट्रिप’ पर भेज दिया गया है।
यह चुनाव 18 जून को होना है और इसको देखते हुए भाजपा ने अपने पार्षदों को निजी एसी ट्रैवल बसों के जरिए गुप्त स्थान पर रवाना किया है। बताया जा रहा है कि इन नगरसेवकों के साथ उनके परिवार के सदस्य भी यात्रा पर गए हैं। सांगली-सातारा विधान परिषद सीट पर भाजपा ने धैर्यशील कदम को उम्मीदवार बनाया है, जबकि महाविकास आघाड़ी की ओर से शरद गुट के अभयसिंह जगताप चुनाव लड़ रहे हैं।
क्रॉस वोटिंग की संभावना को लेकर दोनों पक्ष सतर्क
संख्याबल के लिहाज से महायुति को बढ़त मानी जा रही है, लेकिन गुप्त मतदान प्रणाली के कारण क्रॉस वोटिंग की संभावना को लेकर दोनों पक्ष सतर्क हैं। भाजपा ने अपने नगरसेवकों को संभावित राजनीतिक दबाव या क्रॉस वोटिंग से बचाने के लिए अज्ञात स्थान पर भेजा है।
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12 मतदान केंद्र, 895 मतदाता
इस चुनाव के लिए कुल 12 मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें से 7 सातारा जिले में और 5 सांगली जिले में हैं। कुल 895 मतदाता हैं, जिनमें 472 सातारा और 423 सांगली जिले से हैं। गुप्त मतदान प्रणाली के कारण इस चुनाव में अंतिम परिणाम को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है, और इसी वजह से दोनों गठबंधनों ने अपनी रणनीति को बेहद सतर्क और गोपनीय रखा है।
