7 महीने में पुणे में बढ़ी अपराधों की संख्या, कोयते से हमले की 336 और फायरिंग की हुई 10 घटना
Pune News: पुणे जिसे देश का साइबर हब माना जाता है। इसी शहर से कुछ चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि पिछले 7 महीने में पुणे में अपराधों की संख्या में भारी इजाफा हुआ है।
- Written By: अपूर्वा नायक
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Pune News In Hindi: पुणे में जहां एक ओर गणेशोत्सव का माहौल है और जय गणेश जयघोष से शहर गूंज रहा है, वहीं दूसरी मोर शहर कोयते की धार पर कांप रहा है। बछले कुछ महीने से हो रही कोयते से मले, तोड़फोड़ और खून-खराबे की टनाओं ने पुणे वासियों के बीच दहशत का माहौल पैदा कर दिया है।
दो गुटों के पेच झगड़े, गैंगवार और मामूली विवादों में ने वाले हमले ने सुरक्षित पुणे की छवि बुरी तरह नुकसान पहुंचाया है। लिस इन घटनाओं को रोकने में, काम दिख रही है और अब नाम पुणेकर प्यारे बप्पा गणेश) से ही शहर में नपराध रोकने की गुहार लगा रहे – चौंकाने वाली बात यह है कि पिछले सात महीने में कोयते से हमले की 336 और फायरिंग की 10 घटनाएं हुई हैं।
शहर की शांति हो रही भंग
शहर की शांति भंग हो रही है। चाहे वह गैंगवार हो या हर इलाके में पैदा हो रहे नए भाई। नाबालिगों के गिरोह ने तो कहर ही मचा दिया है। पुलिस ने इन बच्चों को सुधारने के लिए परिवर्तन जैसे कार्यक्रम शुरू किए हैं, लेकिन ये नाबालिग लगातार अपराध कर रहे हैं। मामूली विवाद, सड़कों पर वर्चस्व और गैंगवार को लेकर इन गिरोहों के बीच हमलों का सिलसिला जारी है। निदर्दोष नागरिक इस दहशत के साए में जीने को मजबूर है। रात-बेरात कोयते लेकर घूमने वाले इन युवाओं ने पुणे पुलिस और पुणे के लोगों की नाक में दम कर रखा है।
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घटनाओं को रोकने में पुलिस दिख रही नाकाम
नशा करके किसी इलाके में घुस जाना और वहां उत्पात मचाकर दहशत फैलाना इनका रोज का काम हो गया है। हाल ही में कोंढवा में कुछ युवाओं ने इसी तरह हंगामा किया था, जिसका वीडियो भी वायरल हुआ था। उस वीडियो से पता चलता है कि ये किस तरह से दहशत फैलाते हैं। ऐसी स्थिति में नागरिक सिर्फ अपनी आंखों के सामने गाड़ियों की तोड़फोड़ होते देख सकते हैं, लेकिन बाहर आने की हिम्मत नहीं कर पाते। इन घटनाओं के कारण कोयते से हमले और खून-खराबे का खेल बढ़ रहा है, और इस साल इन घटनाओं में भारी बढ़ोतरी दिख रही है।
