पुणे जहरीली शराब कांड के बाद एक्शन में एफडीए, महाराष्ट्र में 970 रासायनिक आपूर्तिकर्ताओं की होगी जांच
Tukaram Mundhe: पुणे जहरीली शराब कांड में 15 लोगों की मौत के बाद महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने राज्यभर में 970 औद्योगिक रसायन और विलायक आपूर्तिकर्ताओं की जांच शुरू कर दी है।
- Written By: आंचल लोखंडे
Pune Hooch Tragedy ('सोर्सः फाइल फोटो- सोशल मीडिया)
Pune Hooch Tragedy: पुणे में जहरीली शराब त्रासदी में कम से कम 15 लोगों की मौत के बाद महाराष्ट्र खाद्य व औषधि प्रशासन ने राज्यभर में औद्योगिक रसायन और विलायक आपूर्तिकर्ताओं के खिलाफ व्यापक अभियान शुरू कर दिया है। मामले की जांच में नकली शराब निर्माण में कथित रूप से इस्तेमाल किए गए मेथनॉल का स्रोत भिंवडी की एक कंपनी तक पहुंचने के बाद एफडीए ने सभी 970 औद्योगिक रसायन और विलायक आपूर्तिकर्ताओं के सत्यापन के लिए विशेष निरीक्षण अभियान चलाने का निर्णय लिया है।
एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढे ने बताया कि अगले एक सप्ताह तक समर्पित निरीक्षण टीमें राज्यभर में रासायनिक आपूर्तिकर्ताओं की जांच करेंगी। इसी क्रम में प्राप्त विशेष खुफिया जानकारी के आधार पर भिवंडी स्थित रेक्स इंटरनेशनल कंपनी पर छापा मारकर 5,929 किलोग्राम मेथनॉल जब्त किया गया था।
राज्यभर में खाद्य मिलावट और अवैध रासायनिक नेटवर्क पर कसा शिकंजा
आयुक्त मुंढे का मानना है कि यह कार्रवाई जहरीली शराब के नेटवर्क तक पहुंचने और अवैध आपूर्ति श्रृंखला को तोड़ने में महत्वपूर्ण साबित होगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सुरक्षा मानकों और रासायनिक पदार्थों के प्रबंधन संबंधी नियमों का उल्लंघन करने वाली किसी भी कंपनी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह अभियान एफडीए की ‘सुरक्षित भोजन, सुरक्षित दवा, सुरक्षित महाराष्ट्र’ पहल का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य खाद्य पदार्थों में मिलावट और अवैध रासायनिक आपूर्ति नेटवर्क पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है।
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कई जिलों में अभियान किया गया तेज
मुंबई, नवी मुंबई, पुणे, कोल्हापुर, सांगली, सतारा, नासिक, भंडारा, जालना, वर्धा, नांदेड़, यवतमाल, हिंगोली, धुले, बुलढाणा, अमरावती, अकोला और वाशिम सहित कई जिलों में निरीक्षण अभियान तेज कर दिया गया है। इस दौरान मावा, खोया, पनीर, खाद्य तेल, मसाले, डेयरी उत्पाद, जूस, कुल्फी, आइसक्रीम, फ्रोजन फूड और सॉफ्ट ड्रिंक्स जैसे उत्पादों में भी अनियमितताएं सामने आई हैं।
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बख्शे नहीं जाएंगे दोषी
एफडीए आयुक्त मुंढे ने कहा कि महज दो दिनों के भीतर राज्यभर में की गई कार्रवाई के दौरान लगभग एक करोड़ रुपए मूल्य के 84,000 किलोग्राम से अधिक संदिग्ध और असुरक्षित खाद्य उत्पाद जब्त किए गए हैं। जनस्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा और दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
