
Representative Image
नाशिक रोड : उड्डाण पुल (Flying Bridge) पर निर्माण हुए गड्ढों (Potholes) के कारण इन दिनों सैकड़ों (Hundreds) वाहन धारक ट्रैफिक जाम का सामना कर रहे है। दरमियान एक गड्ढे के कारण ट्रक का टायर फुटने से नाशिक-पुणे महामार्ग (Nashik-Pune Highway) पर दो घंटों तक वाहनधारकों को कतारों में रूकना पड़ा। काफी मशागत के बाद वाहन कुछ गती से आगे बढ़ते रहे। नाशिक-पुणे महामार्ग इस सप्ताह में दूसरी बार जाम हुआ। यातायात पुलिस (Traffic Police) का कोई नियोजन नहीं है। वह, सड़क के किनारें बैठकर केवल तमाशबीन बन रहे है।
नाशिक-पुणे महामार्ग पर सबसे अधिक भारी वाहनों की कतार होती है, लेकिन महामार्ग पर गड्ढों की चादर बिछी हुई है। इस मार्ग के स्वा. वि. दा. सावरकर उड्डाण पुल पर छत्रपति शिवाजी महाराज चौक से आए हुए ट्रक का टायर एक गड्ढे के कारण फुट गया। परिणाम स्वरूप यह ट्रक महामार्ग पर नादुरुस्त स्थिति में खड़ा रहा। इस बाधा के कारण सिन्नर फाटे की दिशा में जाने वाली यातायात ठप हुई। कुछ समय में छत्रपति शिवाजी महाराज चौक तक वाहनों की कतार लगी। यातायात पुराने रेल पुल से शुरू हुई। इससे सिन्नर फाटा पर यातायात जाम हुआ।आधे घंटे के बाद वाहन गुरुद्वारा तक पहुंचे। सिन्नर की ओर से सीधे पलसे गांव तक यातायात का जाम लगा। काफी समय बितने के बाद नादुरुस्त ट्रक दुरुस्त होकर आगे बढ़ा, लेकिन उस गड्ढे में फिर से एक ट्रक नादुरूस्त होने से यातयात फिर से जाम हुई।
शहर की सड़कों पर अवैध रूप से खड़े वाहनों को पुलिस जानबूझकर नजर अंदाज करती है। इसके कारण भी कई बार वाहनों का जाम लगता है। महावितरण के विद्युत भवन कार्यालय के सामने दिनभर रस्ते चार पहिया वाहन खड़े होते है। इसके चलते शाम के समय सबसे अधिक जाम लगता है। यही स्थिति बिटको चौक से शिवाजी प्रतिमा और बिटको चौक से देवलाली गांव गांधी प्रतिमा के पास होती है।






