कुंभ 2027 रिंग रोड पर ब्रेक, गोवर्धन ग्रामसभा का विरोध, बिना नोटिस भू-संपादन का आरोप
Ring Road Project Nashik: सिंहस्थ कुंभ 2027 के लिए प्रस्तावित रिंग रोड को गोवर्धन ग्रामसभा ने झटका दिया है। पेसा कानून के तहत ग्रामीणों ने भू-संपादन का एकमत से विरोध कर एनओसी देने से इनकार किया।
- Written By: अंकिता पटेल
प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
Kumbh Infrastructure Project: नासिक वर्ष 2027 में होने वाले सिंहस्थ कुंभ मेले के लिए प्रस्तावित रिंग रोड के निर्माण में बड़ी बाधा खड़ी हो गई है। गोवर्धन ग्राम पंचायत की विशेष ग्रामसभा में ग्रामीणों और प्रभावित किसानों ने इस परियोजना के लिए किए जाने वाले भू-संपादन (जमीन अधिग्रहण) का एकमत से विरोध किया है।
सरपंच गोविंद डंबाले की अध्यक्षता में आयोजित पेसा ग्रामसभा में ग्रामीणों ने स्पष्ट कर दिया कि वे किसी भी कीमत पर अपनी पुश्तैनी और उपजाऊ जमीन सरकार को नहीं देंगे।
एनओसी देने से ग्रामसभा का इनकार गोवर्धन गांव ‘पेसा’ कानून के दायरे में आता है, जिसके कारण किसी भी सरकारी परियोजना के लिए ग्रामसभा की अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) अनिवार्य है। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन ने भू-संपादन के संबंध में प्रभावित किसानों को कोई पूर्व सूचना या नोटिस नहीं दिया।
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पुनर्वास या मुआवजे की राशि को लेकर भी कोई ठोस जानकारी साझा नहीं की गई, जिससे किसानों में अविश्वास का माहौल है। सरपंच गोविंद डंबाले ने ग्रामीणों की भावना को देखते हुए घोषणा की कि ग्रामसभा इस प्रोजेक्ट के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी नहीं करेगी।
सिंचित खेती पर संकट का हवाला
किसानों ने ग्रामसभा में गंभीर आरोप लगाया कि नासिक शहर से गुजरने वाले मूल मार्ग को केवल खर्च बचाने के लिए बदलकर गोवर्धन और आसपास के गांवों की तरफ मोड़ा जा रहा है।
इससे क्षेत्र की उपजाऊ और सिंचित खेती पूरी तरह नष्ट हो जाएगी और कई छोटे किसान भूमिहीन हो जाएंगे। ग्रामीणों ने प्रशासन से सवाल किया कि क्या विकास की कीमत किसानों की आजीविका छीनकर चुकाई जाएगी?
कानूनी प्रक्रिया के उल्लंघन का आरोप
आंदोलनकारी किसानों ने भू-संपादन की प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए हैं। नए भू-संपादन कानून के तहत आवश्यक ‘सामाजिक प्रभाव अध्ययन’ इस मामले में नहीं किया गया है।
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सार्वजनिक सुनवाई की प्रक्रिया पूरी किए बिना ही जमीन लेने की तैयारी की जा रही है, जो नियमों के खिलाफ है। गोवर्धन के इस कड़े रुख के बाद अब कुंभ मेले से पहले रिंग रोड का काम समय पर पूरा होने को लेकर बड़ी अनिश्चितता पैदा हो गई है।
किसान एकजुटता की हुंकार
ग्रामसभा में मुरलीधर पाटिल, अविनाश गोठी, संदीप पाटिल सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि जबरन जमीन लेने की कोशिश की गई, तो वे बड़ा जन-आआंदोलन खड़ा करेंगे। फिलहाल ग्रामसभा के इस फैसले ने प्रशासनिक हलकों में हलचल मचा दी है।
