Jyotirlinga darshan arrangements (सोर्सः सोशल मीडिया)
Nashik Religious Event 2026: महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर नासिक जिले के सभी शिवालय शिवभक्तों की भारी भीड़ से सराबोर हैं। बारह ज्योतिर्लिंगों में से एक, श्री त्र्यंबकेश्वर मंदिर में रविवार तड़के चार बजे से ही दर्शन का सिलसिला शुरू हो गया। श्रद्धालुओं की लंबी कतारों के कारण पूरी त्र्यंबकनगरी ‘बम-बम भोले’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से गुंजायमान हो उठी है।
शनिवार को ही त्र्यंबकेश्वर में एक लाख से अधिक श्रद्धालु पहुंच चुके थे और रविवार को यह संख्या और बढ़ने की संभावना है। भीड़ को देखते हुए देवस्थान ट्रस्ट ने महाशिवरात्रि के दौरान वीआईपी दर्शन पूरी तरह बंद रखने का निर्णय लिया है। मंदिर सोमवार रात 9 बजे तक लगातार खुला रहेगा, जिससे श्रद्धालुओं को लगातार चार दिनों तक दर्शन की सुविधा मिल सकेगी।
प्रशासन के अनुसार, भक्तों को पूर्व द्वार की दर्शन दीर्घा से प्रवेश दिया जा रहा है। 14 से 16 फरवरी तक स्थानीय निवासियों के लिए सुबह 10:30 बजे तक आधार कार्ड दिखाकर पश्चिम द्वार से प्रवेश की विशेष व्यवस्था की गई है। दर्शन के बाद निकास दक्षिण द्वार से किया जा रहा है।
रविवार दोपहर 3 बजे श्री त्र्यंबकराज की पालकी शोभायात्रा निकाली जाएगी। तीर्थराज कुशावर्त पर विधि-विधान से पूजा के बाद रात में मंदिर में महापूजा आयोजित होगी। पालकी समारोह के दौरान मंदिर प्रांगण में ‘शिव तांडव ग्रुप’ द्वारा अघोर नृत्य की विशेष प्रस्तुति भी दी जाएगी।
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नासिक के प्रसिद्ध कपालेश्वर मंदिर में भी तड़के से ही भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं के लिए दर्शन का समय सुबह 4:00 बजे से रात 12:00 बजे तक निर्धारित किया है। शाम 4:00 बजे कपालेश्वर महादेव की पालकी निकाली जाएगी।
महाशिवरात्रि के अवसर पर सभी शिव मंदिरों को आकर्षक फूलों और विद्युत रोशनी से सजाया गया है। सुरक्षा की दृष्टि से चप्पे-चप्पे पर भारी पुलिस बल और सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की गई है, ताकि श्रद्धालु सुगमता और सुरक्षित रूप से दर्शन कर सकें।