Ashok Kharat Income Tax Probe (फोटो क्रेडिट-X)
Nashik Fake Baba: नासिक में स्वयंभू ‘फर्जी बाबा’ अशोक खरात के खिलाफ चल रही कानूनी कार्रवाई अब एक नए चरण में पहुंच गई है। मामला अब केवल आपराधिक आरोपों तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि उनके वित्तीय साम्राज्य पर भी जांच की आंच पहुंचने वाली है। विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार, अशोक खरात के संदिग्ध वित्तीय लेन-देन और संपत्ति के रिकॉर्ड की जांच के लिए आयकर विभाग जल्द ही इस मामले में औपचारिक रूप से प्रवेश कर सकता है।
आयकर विभाग का मुख्य फोकस खरात की आय के वास्तविक स्रोतों और पिछले कुछ वर्षों में उनके बैंक खातों में हुए भारी-भरकम ट्रांजैक्शन्स पर होगा। अधिकारियों द्वारा उनके सभी निवेशों, रियल एस्टेट संपत्तियों और पैसों के आने-जाने के पूरे ट्रेल को खंगाला जाएगा। विशेष रूप से यह जांचा जाएगा कि खरात के पास जो पैसा आया, वह किन स्रोतों से था और क्या उन पर देय कर का भुगतान किया गया था या नहीं।
आयकर विभाग की जांच का दायरा केवल अशोक खरात तक ही सीमित नहीं रहने वाला है। जांच एजेंसियां उन लोगों और संस्थाओं की भी सूची तैयार कर रही हैं, जिन्होंने कथित तौर पर बाबा को भारी मात्रा में फंडिंग दी या उनके साथ किसी भी प्रकार की व्यावसायिक साझेदारी की थी। विभाग डोनर रिकॉर्ड्स और वित्तीय खुलासों की गहराई से पड़ताल करेगा ताकि यह स्पष्ट हो सके कि यह पैसा वैध माध्यमों से आया था या इसमें किसी प्रकार की मनी लॉन्ड्रिंग शामिल है।
अधिकारियों का विशेष ध्यान उन बेनामी संपत्तियों पर भी रहेगा, जिन्हें खरात ने हाल के वर्षों में खरीदा है। यदि इन संपत्तियों की खरीद में इस्तेमाल किया गया पैसा अवैध पाया जाता है, तो विभाग द्वारा संपत्तियों को कुर्क करने जैसी कड़ी कार्रवाई की जा सकती है।
ये भी पढ़ें- यवतमाल में रूह कंपा देने वाली वारदात! बोरे में बंद मिला 6 साल की शिवानी का शव
इसी बीच, इस आपराधिक मामले में तब एक बड़ा मोड़ आया जब तीन और महिलाओं ने अशोक खरात के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने की इच्छा जताई। बताया जा रहा है कि इन महिलाओं को पहले धार्मिक विश्वास के जाल में फंसाया गया और फिर उनके साथ धोखाधड़ी की गई। पुलिस और एसआईटी (SIT) इन महिलाओं के बयानों के आधार पर मामले की गंभीरता को और अधिक मजबूती से कोर्ट के समक्ष पेश करने की तैयारी कर रही है।
इन शिकायतों के बाद जांच एजेंसियों पर कार्रवाई तेज करने का दबाव बढ़ गया है। पीड़ित महिलाओं के बयानों से खरात के कार्य करने के तौर-तरीकों (Modus Operandi) का खुलासा हो रहा है, जिससे पुलिस को बाबा के खिलाफ और भी सख्त धाराएं लगाने में मदद मिलेगी।
विशेष जांच टीम (SIT) वर्तमान में बेहद गोपनीय तरीके से साक्ष्य जुटाने में लगी हुई है। सूत्रों के अनुसार, खरात के ठिकानों और डिजिटल उपकरणों से 100 से अधिक ऐसे वीडियो बरामद हुए हैं, जो सीधे तौर पर महिलाओं के शारीरिक और मानसिक शोषण की ओर इशारा करते हैं। ये वीडियो इस मामले में सबसे ठोस सबूत माने जा रहे हैं, जिनसे खरात की मुश्किलें और अधिक बढ़ना तय है।
एसआईटी को उम्मीद है कि जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, और भी चौंकाने वाले तथ्य और डिजिटल साक्ष्य हाथ लगेंगे। फिलहाल, नासिक प्रशासन और आयकर विभाग के बीच समन्वय बढ़ाया जा रहा है ताकि बाबा के इस कथित आपराधिक नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त किया जा सके।