Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्य प्रदेश
  • विदेश
  • चुनाव
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो
  • शनि, 18 जुलाई 2026
  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • ई-पेपर
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

बिना चीर-फाड़ बदला दिल का वाल्व, नागपुर में 75 वर्षीय बुजुर्ग को मिला नया जीवन, जानें क्या है यह आधुनिक तकनीक

Aortic Stenosis Treatment: नागपुर के एक हॉस्पिटल में एओर्टिक स्टेनोसिस से पीड़ित दो हाई-रिस्क बुजुर्गों का बिना ओपन-हार्ट सर्जरी TAVR तकनीक से सफल इलाज किया गया। मेड-इन-इंडिया तकनीक ने दी नई जिंदगी।

  • Written By: आकाश मसने
Updated On: Jul 18, 2026 | 06:24 PM

एओर्टिक स्टेनोसिस से जूझ रहे बुजुर्ग का सफल TAVR इलाज किया गया (फोटो नवभारत)

Follow Us
Follow Us:

TAVR Surgery Valve Replacement: भारत में बढ़ती उम्र के साथ दिल की बीमारियों का खतरा तेजी से बढ़ रहा है। इन्हीं में से एक गंभीर बीमारी है एओर्टिक स्टेनोसिस (दिल के एओर्टिक वाल्व का सिकुड़ना)। यह एक गंभीर हृदय रोग है, जिसका अक्सर तब पता चलता है जब यह मरीज की जीवनशैली और रोजमर्रा के कामों पर बड़ा असर डालने लगता है। सांस फूलना, सीने में दर्द, चक्कर आना, थकान, बेहोशी और शारीरिक गतिविधियों में कमी को कई बार उम्र बढ़ने का सामान्य लक्षण मान लिया जाता है, जिससे इलाज में देरी हो जाती है।

क्या है एओर्टिक स्टेनोसिस और क्यों है यह खतरनाक?

एओर्टिक स्टेनोसिस में दिल का एओर्टिक वाल्व संकरा हो जाता है, जिससे हृदय से शरीर के बाकी हिस्सों तक रक्त का प्रवाह बाधित होता है। समय पर इलाज नहीं मिलने पर यह हार्ट फेलियर, बार-बार अस्पताल में भर्ती होने और जानलेवा स्थिति तक पहुंच सकता है। पारंपरिक रूप से खराब वाल्व को बदलने के लिए ओपन-हार्ट सर्जरी की जाती थी, लेकिन कई बुजुर्ग मरीज दूसरी गंभीर बीमारियों के कारण इस सर्जरी के लिए उपयुक्त नहीं होते। ऐसे मरीजों के लिए ट्रांसकैथेटर एओर्टिक वाल्व रिप्लेसमेंट (TAVR) एक सुरक्षित और कम जोखिम वाला विकल्प बनकर उभरा है।

TAVR तकनीक: बिना चीर-फाड़ बदला खराब वाल्व

TAVR प्रक्रिया में खून की नली के रास्ते कैथेटर डालकर खराब वाल्व को बदला जाता है। इससे बड़ी सर्जरी से बचाव होता है और मरीज तेजी से स्वस्थ होकर सामान्य जीवन की ओर लौट सकता है। नागपुर के सिनर्जी हॉस्पिटल में मेड-इन-इंडिया तकनीक की मदद से गंभीर एओर्टिक स्टेनोसिस से जूझ रहे दो हाई-रिस्क बुजुर्ग मरीजों का सफल TAVR इलाज किया गया। दोनों मरीजों को कई अन्य बीमारियों के कारण ओपन-हार्ट सर्जरी के लिए जोखिम भरा माना गया था।

सम्बंधित ख़बरें

भागवत साहब क्या यही है आपका हिंदू राष्ट्र? संघ के गढ़ में उद्धव ठाकरे की ललकार, पूछे तीखे सवाल

नागपुर में विभागों के बीच तालमेल के लिए बनेगा विशेष पोर्टल; सड़कों की अंधाधुंध खुदाई पर आयुक्त के सख्त निर्देश

नागपुर के फेमस अशोका रेस्टोरेंट में परोसा गया कॉकरोच वाला सूप; बवाल के बाद एफडीए ने दी दबिश

सड़क खुदाई से जनता त्रस्त, एक्शन में मनपा आयुक्त; नागपुर में विकास कार्यों के समन्वय के लिए बुलाई आपात बैठक

पहले मरीज की उम्र 75 वर्ष थी। उन्हें गंभीर एओर्टिक स्टेनोसिस के साथ हृदय की पंपिंग क्षमता में कमी, क्रोनिक किडनी डिजीज और फेफड़ों की बीमारी भी थी। इन चुनौतियों के बावजूद विशेषज्ञों की टीम ने सफलतापूर्वक TAVR प्रक्रिया पूरी की और हृदय में रक्त प्रवाह को बेहतर बनाया।

बुजुर्ग महिला को भी मिला सुरक्षित इलाज

दूसरी मरीज बुजुर्ग महिला थीं, जिन्हें गंभीर एओर्टिक स्टेनोसिस के कारण सांस लेने में काफी परेशानी हो रही थी और उनकी रोजमर्रा की गतिविधियां प्रभावित हो रही थीं। कई स्वास्थ्य समस्याओं के कारण ओपन-हार्ट सर्जरी मुश्किल थी, लेकिन मिनिमली इनवेसिव वाल्व रिप्लेसमेंट सफल रहा। इलाज के बाद दोनों मरीजों के स्वास्थ्य में उल्लेखनीय सुधार हुआ और उन्हें दो से तीन दिन के भीतर अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

डॉक्टरों के अनुसार, यह आधुनिक तकनीक की बड़ी उपलब्धि है, खासकर उन मरीजों के लिए जो पारंपरिक सर्जरी का जोखिम नहीं उठा सकते। इन दोनों प्रक्रियाओं में स्वदेशी कैथ लैब इमेजिंग सिस्टम और भारत में निर्मित ट्रांसकैथेटर हार्ट वाल्व का इस्तेमाल किया गया। यह दिखाता है कि भारत अब विश्वस्तरीय चिकित्सा तकनीक विकसित करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

लक्षणों को नजरअंदाज न करें बुजुर्ग

सिनर्जी हॉस्पिटल के इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. अशर खान ने कहा कि कई बुजुर्ग सांस फूलने, थकान और कम शारीरिक क्षमता को उम्र का असर मान लेते हैं, जबकि ये गंभीर एओर्टिक स्टेनोसिस के संकेत हो सकते हैं। उन्होंने समय पर जांच और इलाज को बेहद जरूरी बताया।

यह भी पढ़ें:- महाराष्ट्र में बिना सर्जरी वजन घटाने का क्रेज, जानें क्या है गैस्ट्रिक बैलून थेरेपी और इसके जबरदस्त फायदे

डॉक्टरों ने सलाह दी है कि लगातार सांस फूलना, सीने में दर्द, चक्कर आना, बेहोशी या शारीरिक क्षमता में कमी जैसे संकेतों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। समय पर जांच और सही उपचार से दिल को होने वाले गंभीर नुकसान को रोका जा सकता है। दो हाई-रिस्क मरीजों का सफल इलाज यह साबित करता है कि विशेषज्ञ चिकित्सा, आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और मेड-इन-इंडिया तकनीक का मेल भारत में गंभीर हृदय रोगों के इलाज की नई संभावनाएं खोल रहा है।

Tavr surgery aortic stenosis treatment heart valve replacement without open heart surgery nagpur

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Jul 18, 2026 | 06:24 PM

Topics:  

  • Health Center
  • Health News
  • Nagpur News

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.