Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • विदेश
  • चुनाव
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो
  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • होम
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

रामटेक के गढ़मंदिर में खुदाई के दौरान मिला पाषाण कलश, भोंसले कालीन सैन्य और यात्री सुविधाओं का जीवंत प्रमाण

Gadmandir Excavation: रामटेक के गढ़मंदिर में खुदाई के दौरान एक प्राचीन पत्थर का कलश मिला है। यह खोज भोंसले काल के दौरान सैन्य और यात्री सुविधाओं के बारे में महत्वपूर्ण प्रमाण प्रदान करती है।

  • Written By: गोरक्ष पोफली
Updated On: Apr 13, 2026 | 02:59 PM

प्रचीन कलश की जांच करते हुए पुरातत्व विभाग की टीम (फोटो नवभारत)

Follow Us
Close
Follow Us:

Ramtek Gadmandir Excavation: विदर्भ की ऐतिहासिक और आध्यात्मिक नगरी रामटेक एक बार फिर अपनी प्राचीन विरासत को लेकर चर्चा के केंद्र में है। प्रसिद्ध गढ़मंदिर स्थित रामटेक किले के वराह दरवाजा क्षेत्र में चल रहे सौंदर्यीकरण और सीढ़ियों की खुदाई के दौरान शुक्रवार को एक दुर्लभ प्राचीन पत्थर का कलश (पाषाण पात्र) प्राप्त हुआ है। इस खोज ने न केवल स्थानीय नागरिकों बल्कि इतिहासकारों और पुरातत्वविदों में भी भारी उत्सुकता जगा दी है।रामटेक किले में मिली इस प्राचीन वस्तु ने एक बार फिर यह सिद्ध कर दिया है कि इस पहाड़ी के गर्भ में अभी भी कई ऐतिहासिक रहस्य दबे हुए हैं, जो समय-समय पर सामने आकर हमें अपने गौरवशाली अतीत की याद दिलाते रहेंगे।

खुदाई के दौरान अचानक मिला कलश

शुक्रवार को जब श्रमिक वराह दरवाजे के पास सीढ़ियों के लिए जमीन की खुदाई कर रहे थे, तभी फावड़ा एक कठोर पत्थर से टकराया। सावधानीपूर्वक मिट्टी हटाने पर एक विशाल और सुडौल पत्थर का कलश दिखाई दिया। इसकी बनावट और प्राचीनता को देखते हुए काम को तुरंत रोक दिया गया और मंदिर प्रशासन द्वारा इसकी सूचना नागपुर स्थित भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) और राज्य पुरातत्व विभाग को दी गई। देखते ही देखते यह खबर पूरे क्षेत्र में फैल गई और प्राचीन कलश को देखने के लिए लोगों का तांता लग गया।

पुरातत्व विभाग की जांच और महत्वपूर्ण निष्कर्ष

शनिवार, 11 अप्रैल को नागपुर से पुरातत्व विभाग की एक उच्च स्तरीय त्रिसदस्यीय टीम जांच के लिए रामटेक पहुंची। जांच दल का नेतृत्व कर रहे अधिकारी मारुति बोरटुकने ने कलश की बनावट, पत्थर की गुणवत्ता और उसके स्थान का सूक्ष्मता से निरीक्षण किया।
अधिकारियों ने निष्कर्ष निकाला कि यह कलश मध्यकाल, विशेषकर भोंसले शासनकाल के दौरान उपयोग में लाया जाने वाला एक महत्वपूर्ण ‘जलपात्र’ है। विशेषज्ञों के अनुसार किले के प्रवेश द्वारों और महत्वपूर्ण मार्गों पर ऐसे पाषाण कलश रखे जाते थे ताकि दुर्ग की रक्षा करने वाले सैनिकों और दूर-दराज से आने वाले यात्रियों की प्यास बुझाई जा सके। भोंसले कालीन वास्तुकला में इस तरह के पत्थर के पात्रों का विशेष महत्व था। इसी तरह के पात्र अन्य किलों में भी पाए गए हैं, जो तत्कालीन समय की सुव्यवस्थित जल प्रबंधन प्रणाली को दर्शाते हैं।

सम्बंधित ख़बरें

महाराष्ट्र के राज्यपाल ने आशा भोसले को दी श्रद्धांजलि, तेंदुलकर-AR रहमान सहित इन दिग्गजों ने भी किया नमन

सावधान! पैसेंजर ट्रेन में अखबार पढ़ना पड़ सकता है भारी; नागपुर में पकड़ा गया शातिर ‘खगड़िया पेपर गैंग’

हाई कोर्ट में एयरपोर्ट अथॉरिटी की हार, 28 दिन की देरी माफ हुई, लेकिन ‘मेरिट’ पर याचिका हुई फेल

डिजिटल अरेस्ट कर रिटायर्ड कर्मचारी से 1.40 करोड़ की ठगी, हाई कोर्ट ने आरोपी को क्यों दी जमानत?

यह भी पढ़ें: सावधान! पैसेंजर ट्रेन में अखबार पढ़ना पड़ सकता है भारी; नागपुर में पकड़ा गया शातिर ‘खगड़िया पेपर गैंग’

संरक्षण की योजना

हालांकि, प्रारंभिक जांच में इस कलश के भीतर कोई कीमती धातु या अन्य अवशेष नहीं मिले हैं, लेकिन पुरातत्व विभाग ने इसे एक अमूल्य ऐतिहासिक धरोहर माना है। मारुति बोरटुकने ने स्पष्ट किया कि यह पत्थर का पात्र तत्कालीन समाज और सैन्य व्यवस्था के रहन-सहन को समझने में मदद करता है। विभाग ने मंदिर प्रशासन को निर्देश दिए हैं कि इस कलश को सुरक्षित स्थान पर रखा जाए ताकि भविष्य में इसे पर्यटकों के प्रदर्शन के लिए संरक्षित किया जा सके।

Ramtek gadmandir excavation ancient stone urn bhonsle era discovery

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Apr 13, 2026 | 02:59 PM

Topics:  

  • Maharashtra News
  • Nagpur News

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.